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अच्छी खबर: ऊर्जा संरक्षण में पंजाब को मिला देश में पहला स्थान, 14 दिसंबर को दिल्ली में मिलेगा पुरस्कार
Fri, 10 Dec 2021 06:19 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Fri, 10 Dec 2021 06:19 PM IST
सार
राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण पुरस्कार 2021 पंजाब ऊर्जा विकास एजेंसी को मिलेगा। यह पुरस्कार 14 दिसंबर को नई दिल्ली में राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण दिवस के मौके पर दिया जाएगा।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
चुनाव से पहले पंजाब के लिए शुक्रवार को अच्छी खबर आई है। ऊर्जा संरक्षण में पंजाब को देश में पहला स्थान मिला है। राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण पुरस्कार 2021 के लिए पेडा का चयन हुआ है। यह पुरस्कार पंजाब को 14 दिसंबर को राष्ट्रीय ऊर्जा संरक्षण दिवस पर दिल्ली में आयोजित होने वाले समारोह में दिया जाएगा।
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पंजाब ऊर्जा विकास एजेंसी (पेडा) को अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए देश भर में प्रथम पुरस्कार मिलने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए पंजाब के ऊर्जा विकास मंत्री डॉ. राज कुमार वेरका ने कहा कि इसके साथ ही उनकी जिम्मेदारियां और भी बढ़ गई हैं। अब ना केवल अपने इस स्थान को बरकरार रखने के लिए हर संभव प्रयास करने होंगे, बल्कि सौर ऊर्जा और बायोमास जैसे क्षेत्रों में हर संभावना को अमल में लाएंगे, जिससे राज्य में ऊर्जा की कमी से निपटा जा सके।
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वेरका ने बताया कि बिजली की बढ़ रही मांग और पानी, कोयला आदि जैसे प्राकृतिक संसाधनों की कमी से निपटने के लिए पेडा द्वारा नवीकरणीय ऊर्जा को अधिक से अधिक प्रयोग में लाए जाने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बिजली की लगातार बढ़ रही मांग और पराली की समस्या से निपटने के लिए पंजाब सरकार ने सौर ऊर्जा पर अधिक से अधिक ध्यान केंद्रित करने की दिशा में कदम उठाए हैं। उन्होंने बताया कि अब तक राज्य में नवीकरणीय ऊर्जा के 1700.77 मेगावाट की क्षमता वाले प्रोजेक्ट लगाए जा चुके हैं और 184.12 मेगावाट की क्षमता के अन्य प्रोजेक्ट भी लगाए जा रहे हैं।
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जमीन पर (ग्राउंड माऊंटेड) पर 815.5 मेगावाट, छत (रूफ सोलर) पर 136.1 मेगावाट और नहरों पर (केनाल टॉप) 20 मेगावाट क्षमता के सौर ऊर्जा प्रोजेक्ट अब तक कार्यशील हैं। इन प्रोजक्टों की संख्या क्रमवार 71, 14 और 4 है। वेरका के अनुसार केवल सौर ऊर्जा के 729.17 मेगावाट के प्रोजक्ट स्थापित हो चुके हैं और 58.75 मेगावाट के प्रोजेक्ट प्रगति अधीन हैं। नवीकरणीय ऊर्जा के प्रोजक्टों में बायोमास को-जनरेशन पावर प्रोजक्ट 458.07 मेगावाट और बायोमास पावर प्रोजेक्ट 97.5 मेगावाट शामिल हैं।