वोट करेगा चोट: चुनाव आयोग का लक्ष्य 100 फीसदी वोटिंग, 2022 में टूट सकता है 2012 का रिकॉर्ड
इस बार लंबे समय से चली आ रही मांग पर विचार करते हुए ईसीआई द्वारा मीडिया कर्मियों को भी पोस्टल बैलेट की सुविधा दी है। इससे पहले आयोग ने 80 साल और इससे अधिक उम्र वर्ग के वोटरों, दिव्यांग व्यक्तियों (40 फीसदी से अधिक) और कोविड-19 पॉजिटिव मरीजों को पोस्टल बैलेट द्वारा अपना मतदान करने की आज्ञा दी थी।
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पंजाब में चुनाव आयोग इस बार मतदान में 2012 का रिकॉर्ड तोड़ने की तैयारी कर रहा है। हालांकि आयोग 100 प्रतिशत मतदान का लक्ष्य लेकर चल रहा है। संभावना यह है कि राज्य में इस बार 2012 में 78.57 प्रतिशत मतदान का रिकॉर्ड तोड़कर 80 प्रतिशत होगा। मत प्रतिशत बढ़ाने के लिए चुनाव आयोग द्वारा कई कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं। वर्ष 2017 में 77.40 प्रतिशत वोट पड़े थे।
यह पहली बार ही होगा कि लंबे समय से चली आ रही मांग पर विचार करते हुए ईसीआई द्वारा मीडिया कर्मियों को भी पोस्टल बैलेट की सुविधा दी है। इससे पहले आयोग ने 80 साल और इससे अधिक उम्र वर्ग के वोटरों, दिव्यांग व्यक्तियों (40 फीसदी से अधिक) और कोविड-19 पॉजिटिव मरीजों को पोस्टल बैलेट द्वारा अपना मतदान करने की आज्ञा दी थी। यह सुविधा पंजाब विधानसभा के मौजूदा आम चुनाव में मतदान वाले दिन ड्यूटी पर तैनात होने के कारण अपने-अपने पोलिंग स्टेशन पर उपस्थित न होने वाले वोटरों की श्रेणियों के अतिरिक्त है।
इसके अलावा भारतीय चुनाव आयोग की अधिसूचना के अनुसार यदि मतदान वाले दिन अन्य जरूरी सेवाओं वाले वोटर जैसे खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले, भारतीय खाद्य निगम, ऑल इंडिया रेडियो, दूरदर्शन, पोस्ट और टेलीग्राफ, रेलवे, बीएसएनएल, बिजली, स्वास्थ्य, अग्निशमन और नागरिक उड्डयन विभाग से संबंधित कोई कर्मचारी, अधिकारी ड्यूटी पर तैनात रहता है तो वह भी इस सुविधा का लाभ ले सकता है।
30 वोटर वैन कर रहीं जागरूक
मतदान के लिए जागरूक करने के लिए एलईडी और ऑडियो सिस्टम से लैस 30 मोबाइल वैन आयोग की ओर से चलाई जा रही हैं। जो वोटरों को जागरूक करने, वोटर रजिस्ट्रेशन और वोटों वाले दिन वोट डालने का संदेश देने के लिए राज्य भर में चल रही हैं।
5.33 लाख वोटर 80 वर्ष से अधिक
राज्य के कुल 2.09 करोड़ वोटरों में से 5.33 लाख से अधिक लोग 80 वर्ष से अधिक वाले हैं। 1.34 लाख से अधिक लोग दिव्यांग व्यक्तियों की श्रेणी में आते हैं। पासपोर्ट रखने वाले एनआरआई वोटरों को उत्साहित करने के लिए वोटिंग प्राथमिकता आदि समेत विशेष प्रबंध किए जा रहे हैं।
चुनाव में 340 करोड़ होंगे खर्च
पंजाब विधानसभा चुनाव करवाने के लिए 340 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसके लिए राज्य सरकार की ओर से बजट का आवंटन किया है। पंजाब में कुल वोटर 20918499 हैं। इनमें 11015475 पुरुष और 990235400 महिलाएं हैं।
पंजाब चुनाव आयोग की ओर से 100 प्रतिशत मतदान का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए कई कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं। 20 फरवरी को होने वाले मतदान में इसके सकारात्मक परिणाम आएंगे। - डॉ. एस. करुणा राजू, मुख्य चुनाव अधिकारी, पंजाब।