फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Punjab CM Captain Amarinder Singh wore Badge in support of Kisan Andolan

वर्चुअल किसान मेला: कैप्टन अमरिंदर सिंह ने किसानों के समर्थन में लगाया बैज, कृषि कानून रद्द करने की मांग

Fri, 17 Sep 2021 02:27 PM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Fri, 17 Sep 2021 02:27 PM IST
सार

इससे पहले मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने किसान यूनियनों के प्रतिनिधियों से केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदेश में रोष प्रदर्शन न करने की अपील की थी। उनके इस बयान पर राजनीति गरमा गई थी। विपक्ष के साथ-साथ हरियाणा सरकार ने भी उनके इस बयान का विरोध किया था।

विज्ञापन
Punjab CM Captain Amarinder Singh wore Badge in support of Kisan Andolan
मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने किसान आंदोलन के समर्थन में बैज पहना। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शुक्रवार को पंजाब कृषि विश्वविद्यालय लुधियाना द्वारा आयोजित तीसरे राज्य स्तरीय वर्चुअल किसान मेले का उद्घाटन किया। वर्चुअल किसान मेले के शुभारंभ के दौरान कैप्टन ने तीन कृषि कानूनों के खिलाफ जारी किसान आंदोलन के समर्थन में #NoFarmers_NoFood बैज पहना। उन्होंने यह बैज लगाकर ही मेले का उद्घाटन किया।

विज्ञापन


इससे पहले मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने किसान यूनियनों के प्रतिनिधियों से केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदेश में रोष प्रदर्शन न करने की अपील की थी। उनके इस बयान पर राजनीति गरमा गई थी। विपक्ष के साथ-साथ हरियाणा सरकार ने भी उनके इस बयान का विरोध किया था।

विज्ञापन

यह भी पढ़ें - पंजाब कांग्रेस में सब कुछ ठीक नहीं: सोनिया गांधी को लिखे पत्र ने फिर बढ़ाया सियासी पारा, हरीश रावत आ सकते हैं चंडीगढ़
विज्ञापन
विज्ञापन

 

इस दौरान मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने केंद्र सरकार से एक बार फिर से तीनों कानूनों को रद्द करने की मांग की है। कैप्टन अमरिंदर सिंह का कहना है कि अगर संविधान में 127 बार संशोधन हो सकते है, तो किसानों के लिए 128वां संशोधन केंद्र सरकार क्यों नहीं कर सकती है। बीते एक साल से कृषि कानूनों के खिलाफ संघर्ष कर रहे कई किसानों को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा है।  इन बातों को ध्यान में रखते केंद्र सरकार को किसानों से बातचीत कर इन खेती कानूनों को रद्द करना चाहिए। कृषि कानूनों को रद्द करने पर जोर देते सीएम ने कहा कि अब समय आ चुका है कि केंद्र सरकार किसानों और देश के हित को देखते इन तीनों कानूनों को रद्द करें।



कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि पंजाब एक छोटा सा प्रदेश है। पंजाब के पास पूरे देश की महज 1.53 फीसदी खेती के लिए जमीन है। इतनी कम जमीन होने के बावजूद पंजाब देश के अन्न भंडार में सबसे बड़ा योगदान देता है। कोरोना महामारी के बावजूद पंजाब के किसानों ने मेहनत कर रिकार्ड अन्न का उत्पादन किया है। इसके बावजूद जो किसान और पंजाब की किसानी के साथ हो रहा है, उसे देखकर उन्हें दुख होता है। केंद्र सरकार ने बीते साल नंवबर के दौरान उन्हें किसानों को दिल्ली जाने से रोकने के लिए कहा था, लेकिन उन्होंने ऐसा करने से साफ मना कर दिया था। क्योंकि अपने हक के लिए प्रदर्शन करना हर किसी का हक है। वह किसी को कैसे रोक सकते हैं। इस समय वह पंजाब के किसानों के साथ खड़े हैं। उनकी सरकार इस संघर्ष में शहीद होने वाले किसानों के परिवार को आर्थिक सहायता के साथ रोजगार भी मुहैया करवा रही है। केंद्र की भाजपा सरकार को किसानों की आवाज को सुनना चाहिए।

इस दौरान कैप्टन अमरिंदर सिंह में गिरते भूजल स्तर पर चिंता व्यक्त करते कहा कि इसके लिए पीएयू वैज्ञानिकों को और मेहनत के साथ काम करना होगा। उन्होंने किसानों को पीएयू की तरफ से तैयार की जा रही नई तकनीकों को अपना कर खेती में सुधार लाने के लिए कहा, ताकि पंजाब में कृषि को और बढ़ावा दिया जाए सके।  

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed