पंजाब कैबिनेट की पहली बैठक: 25 हजार सरकारी नौकरियों का फैसला पारित, पुलिस विभाग में दस हजार पदों को मंजूरी
पंजाब कैबिनेट ने कुल 25 हजार सरकारी नौकरियां प्रदान करने का प्रस्ताव पारित किया है, जिसमें पंजाब पुलिस विभाग में 10 हजार रिक्तियां और अन्य सरकारी विभागों में 15 हजार रिक्तियां शामिल हैं।
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नवगठित पंजाब मंत्रीमंडल ने शनिवार को अपनी पहली मीटिंग में एक ऐतिहासिक फैसला लेते हुए राज्य सरकार के विभिन्न विभागों, बोर्डों-निगमों और पुलिस विभाग में नौजवानों को 25 हजार सरकारी नौकरियां देने के प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी। यह फैसला पंजाब सिविल सचिवालय स्थित मुख्यमंत्री कार्यालय के कमेटी हाल में मुख्यमंत्री भगवंत मान की अध्यक्षता में हुई मंत्रीमंडल की पहली बैठक में लिया गया।
गौरतलब है कि गत 10 मार्च को आए विधानसभा चुनाव परिणामों में शानदार जीत हासिल करने के बाद भगवंत मान ने जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा था कि जिस दिन उनके हाथ में हरी स्याही वाला पैन (मुख्यमंत्री द्वारा इस्तेमाल किया जाने वाला पैन) आएगा, वह सबसे पहला काम सूबे के बेरोजगारों के लिए बड़ा फैसला करेंगे।
मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता ने बताया कि इस ऐतिहासिक फैसले के जरिए सरकारी क्षेत्र में नौजवानों को पारदर्शी और मेरिट के आधार पर नौकरियां मुहैया करवाने से रोजगार के नए आयाम स्थापित होंगे। इन 25000 सरकारी नौकरियों में से 10,000 पद पंजाब पुलिस में भरे जाएंगे जबकि 15000 नौकरियां बाकी विभागों में दी जाएंगी। प्रवक्ता ने बताया कि इन नौकरियों का विज्ञापन और नोटिफिकेशन की प्रक्त्रिस्या एक महीने के अंदर पूरी होगी।
- Bhagwant Mann (@bhagwantmann) 19 Mar 2022
2021-22 की ग्रांटों के लिए अनुपूरक मांगें पेश करने की मंजूरी
मंत्रीमंडल ने मौजूदा विधानसभा सत्र के दौरान साल 2021-22 की ग्रांटों के लिए अनुपूरक मांगें पेश करने की मंजूरी दे दी है। इस फैसले का उद्देश्य साल 2021-22 के दौरान विभिन्न विभागों द्वारा ख़र्च किए गए अतिरिक्त खर्चे को लेकर बजट मुहैया करवाना है ताकि बकाया देनदारियों को निपटाया जा सके। इसी तरह भारतीय संविधान की धारा-203 की उप धारा (3) के उपबंधों के अनुसार पंजाब सरकार के साल 2021-22 के खर्चों पर ग्रांटें देने के लिए अनुपूरक मांगें भी विधानसभा में पेश करना जरूरी हो जाने के कारण, यह मांगें पेश करने की भी मंत्रिमंडल ने मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही, मंत्रीमंडल ने पंजाब विधानसभा में कार्य-विधि और कार्य संचालन के नियमों के 164 नियम अनुसार साल 2022-23 के लिए राज्य के एक अप्रैल, 2022 से 30 जून, 2022 तक के अनुमानित खर्चे के विवरण (लेखा अनुदान) विधानसभा में पेश करने की मंजूरी दे दी है।