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पंजाब विधानसभा चुनाव जीतने को कांग्रेस ने चला खास दांव

Mon, 02 May 2016 02:09 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Mon, 02 May 2016 02:09 PM IST
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प्रशांत किशोर - फोटो : फाइल फोटो
पंजाब में मिशन 2017 को लेकर कांग्रेस के पॉलिटिक स्ट्रेटेजिस्ट प्रशांत किशोर ने बेहद खास रणनीति बनाई है। इसके तहत प्रशांत किशोर का संगठन भी निचले स्तर पर पार्टी के समानांतर खड़ा होगा। प्रशांत की आई-पैक हर विधानसभा हलके में अपनी टीमें बनाएगी, जोकि स्थानीय कांग्रेस इकाइयों के साथ तालमेल कर कैंपेन चलाएंगी।
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कांग्रेस ने पंजाब विधानसभा चुनाव की जिम्मेदारी प्रशांत किशोर को सौंपी है, जिन्होंने राज्य स्तर पर एक कैंपेन के बाद अब ग्राउंड लेवल पर काम करने की तैयारी शुरू कर दी है। आई-पैक के कोर मेंबरों ने जिलों में डेरा डाल लिया है। अगले एक हफ्ते के अंदर विधानसभा हलका स्तर पर आई-पैक का नेटवर्क खड़ा करने की योजना है। एक कोर मेंबर जिले में रह कर वहां केसभी विधानसभा हलकों में टीमों की कमान संभालेगा।
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विधानसभा हलकों में दस-दस लोगों की टीम बनाई जाएगी, जिसके लिए दस एरिया रिसोर्स मैनेजर नियुक्त किए जाएंगे, जिनके लिए स्थानीय होना सबसे पहली शर्त है। उन लोगों को चुना जाएगा जो अपनी इच्छा से आई-पैक केलिए काम करना चाहते हैं। अंदरखाते ये एरिया रिसोर्स मैनेजर होंगे, लेकिन लोगों केबीच इनका एक पंजाबी नाम होगा, जोकि इन्हें ट्रेनिंग केदौरान दिया जाएगा।
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चंडीगढ़ में आई-पैक की टीम जो भी राज्यस्तरीय कैंपेन तैयार करेगी, उसमें लोकल एलिमेंट भी होगा। विधानसभा हलका स्तर की टीमें उस कैंपेन को आगे लेकर जाएंगी। ये सभी टीमें विधानसभा चुनाव होने तक हलके में ही रहेंगी। इनका मुख्य फोकस ब्रांडिंग पर ही होगा। ये पंजाब दा कैप्टन को घर-घर लेकर जाएंगी। सारी कैंपेन कांग्रेस की स्थानीय इकाइयों केसाथ तालमेल से चलाई जाएंगी।


आई-पैक ने विधानसभा हलका स्तर पर गठित होने वाली टीमों के सदस्यों को विशेष ट्रेनिंग देने की योजना बनाई है। टीमें बनने के बाद इन्हें ट्रेनिंग दी जाएगी, जिसमें ब्रांडिंग केसाथ-साथ यह बताया जाएगा कि किसी भी कैंपेन को कैसे प्रभावशाली ढंग से चलाया जाना है। कैसे अपना संदेश लोगों तक पहुंचाना है। गौरतलब है कि बिहार विधानसभा चुनाव में भी प्रशांत की कैंपेन के लिए निचले स्तर पर स्थानीय लोगों को ही नियुक्त किया गया था। चुनाव जीतने केबाद उन्हें वहीं छोड़ दिया गया। अब प्रशांत पंजाब में भी स्थानीय टीम बनाएंगे।
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