पंजाब विधानसभा चुनाव: कैप्टन संग सीट शेयरिंग पर बनी बात, 70-80 सीटों पर चुनाव लड़ सकती है भाजपा
बीजेपी के शीर्ष सूत्रों ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया कि हम आपसी सहमति से सीट शेयर कर रहे हैं। यह तय नहीं हुआ है कि गठबंधन का चेहरा कौन होगा।
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आगामी पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी और कैप्टन अमरिंदर सिंह की पार्टी पंजाब लोक कांग्रेस के बीच गठबंधन हो गया है। अभी तक दोनों के बीच सीट शेयरिंग का कोई फार्मूला तय नहीं हुआ था लेकिन अब सूत्रों के हवाले से खबर आ रही है कि भाजपा इस गठबंधन में सीटों का एक बड़ा हिस्सा अपने रखेगी और 70-80 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।
भाजपा कैप्टन अमरिंदर सिंह के साथ विधानसभा चुनाव लड़ने के लिए पूरी तरह तैयार है। बीजेपी के शीर्ष सूत्रों ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया कि हम आपसी सहमति से सीट शेयर कर रहे हैं। यह तय नहीं हुआ है कि गठबंधन का चेहरा कौन होगा। पंजाब के लोग बदलाव चाहते हैं और बीजेपी एक बड़े विकल्प के रूप में उभर रही है। लोग कैप्टन की भी इज्जत करते हैं क्योंकि वह एक सच्चे देशभक्त हैं। सूत्रों के अनुसार भाजपा कभी मुख्यमंत्री पद के चेहरे के आधार पर चुनाव नहीं लड़ती है। हालांकि, सीटों पर अंतिम फैसला होना बाकी है।
कांग्रेस की खामियां जानते हैं कैप्टन
कैप्टन अमरिंदर सिंह पंजाब की राजनीति के अनुभवी खिलाड़ी हैं। दो बार सत्ता में रहने के बाद कैप्टन को मालवा, माझा और दोआबा तीनों क्षेत्रों की जमीनी स्तर की राजनीति की बेहतर समझ है। वह वे कांग्रेस की खामियों को भी जानते हैं और पिछले चुनाव में पार्टी कहां कमजोर थी, इसका भी उन्हें पता है। उनको शिरोमणि अकाली दल (शिअद) की कमजोरी का भी अंदाजा है। कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शुक्रवार को केंद्रीय मंत्री और पंजाब भाजपा प्रभारी गजेंद्र सिंह शेखावत से दिल्ली में उनके आवास पर मुलाकात की थी।
बैठक के बाद शेखावत ने कहा था कि भाजपा और पंजाब लोक कांग्रेस आगामी पंजाब विधानसभा चुनाव एक साथ लड़ेंगी। वहीं कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा था कि जीत हमारी प्राथमिकता होगी। हम इस चुनाव को जीतने के लिए 101 प्रतिशत सुनिश्चित हैं।