{"_id":"5894cf9a4f1c1b5d21e80692","slug":"protest-at-the-front-of-adviser-office-in-chandigarh","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"नाराज कर्मचारियों का एडवाइजर ऑफिस के बाहर धरना, लगे मुर्दाबाद के नारे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नाराज कर्मचारियों का एडवाइजर ऑफिस के बाहर धरना, लगे मुर्दाबाद के नारे
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sat, 04 Feb 2017 12:14 AM IST
विज्ञापन
Chandigarh Protest
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंटर डिपार्टमेंटल ट्रांसफर से नाराज कर्मचारियों ने शुक्रवार को जमकर बवाल काटा। कर्मचारी संगठनों की अगुवाई में कर्मचारियों ने एडवाइजर परिमल राय और चीफ इंजीनियर मुकेश आनंद के ऑफिस के बाहर बैठकर धरना दिया।
इतना ही नहीं कर्मचारियों ने यूटी सेक्रेटेरिएट के गेट को बंद कर दिया। जिस कारण काफी देर तक किसी गाड़ी का आना-जाना गेट से नहीं हो सका। यूटी सबऑर्डिनेट सर्विसेज फेडरेशन के बैनर तले कर्मचारियों ने सेक्रेटेरिएट की जनमार्ग पर बनी पार्किंग में दिनभर धरना दिया। कर्मचारी नेताओं ने अधिकारियों पर परेशान करने के आरोप लगाए। साथ ही इस ट्रांसफर पॉलिसी को तुरंत खारिज करने की मांग की।
इसम मौके पर फेडरेशन के अध्यक्ष रणजीत सिंह हंस ने अधिकारियों को चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने यह आदेश वापस नहीं लिया तो सीटीयू की बसों का चक्का जाम कर देंगे। साथ ही कर्मचारी हर स्तर पर विरोध करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
इतना ही नहीं कर्मचारियों ने यूटी सेक्रेटेरिएट के गेट को बंद कर दिया। जिस कारण काफी देर तक किसी गाड़ी का आना-जाना गेट से नहीं हो सका। यूटी सबऑर्डिनेट सर्विसेज फेडरेशन के बैनर तले कर्मचारियों ने सेक्रेटेरिएट की जनमार्ग पर बनी पार्किंग में दिनभर धरना दिया। कर्मचारी नेताओं ने अधिकारियों पर परेशान करने के आरोप लगाए। साथ ही इस ट्रांसफर पॉलिसी को तुरंत खारिज करने की मांग की।
विज्ञापन
इसम मौके पर फेडरेशन के अध्यक्ष रणजीत सिंह हंस ने अधिकारियों को चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने यह आदेश वापस नहीं लिया तो सीटीयू की बसों का चक्का जाम कर देंगे। साथ ही कर्मचारी हर स्तर पर विरोध करेंगे।
विज्ञापन
यूटी सेक्रेटेरिएट के गेट को किया बंद, आवाजाही रही ठप
Chandigarh Protest
- फोटो : अमर उजाला
करीब 3 घंटे तक चीफ इंजीनियर ऑफिस के बाहर धरने पर जमे रहे कर्मचारी सीई मुकेश आनंद के आश्वासन के बाद ही हटे। बताया जा रहा है कि मुकेश आनंद ने सोमवार तक कर्मचारियों के हक में फैसला लिए जाने का आश्वासन दिया है। शुक्रवार दोपहर तक अधिकतर विभागों ने अपने ट्रांसफर हुए कर्मचारियों को रिलीव भी कर दिया।
यूटी प्रशासन ने इंटर डिपार्टमेंटल ट्रांसफर पॉलिसी केतहत यह दूसरी सबसे बड़ी ट्रांसफर सूची जारी की है। जिसके तहत विभिन्न विभागों के 289 कर्मचारियों को इधर-उधर किया गया है। इससे पहले वर्ष 2016 में 300 कर्मचारियों को ट्रांसफर किया गया था।
दशकों से एक ही विभाग में एक ही कुर्सी पर जमे बाबुओं को ट्रांसफर कर सिस्टम को ट्रांसपेरेंट बनाने केलिए यह पॉलिसी बनाई गई है। पहली ट्रांसफर सूची के बाद भी कर्मचारियों ने हंगामा किया था। कुछ कर्मचारी कैट में भी चले गए थे। अभी तक मामला कैट में विचाराधीन है।
यूटी प्रशासन ने इंटर डिपार्टमेंटल ट्रांसफर पॉलिसी केतहत यह दूसरी सबसे बड़ी ट्रांसफर सूची जारी की है। जिसके तहत विभिन्न विभागों के 289 कर्मचारियों को इधर-उधर किया गया है। इससे पहले वर्ष 2016 में 300 कर्मचारियों को ट्रांसफर किया गया था।
दशकों से एक ही विभाग में एक ही कुर्सी पर जमे बाबुओं को ट्रांसफर कर सिस्टम को ट्रांसपेरेंट बनाने केलिए यह पॉलिसी बनाई गई है। पहली ट्रांसफर सूची के बाद भी कर्मचारियों ने हंगामा किया था। कुछ कर्मचारी कैट में भी चले गए थे। अभी तक मामला कैट में विचाराधीन है।