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उपभोक्ता प्रीपेड मीटर लगाएं लेकिन शर्त यह है....
अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sat, 07 Dec 2013 08:40 AM IST
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ज्वाइंट इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन (जेईआरसी) के आदेश पर बिजली विभाग ने शहर में प्री पेड मीटर लगाने का विकल्प शहर के उपभोक्ताओं को दे दिया है।
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प्रशासन ने प्रीपेड मीटर लगवाने के लिए जो शर्तें निर्धारित की हैं, उनके तहत लोगों के लिए मीटर लगवाना मुश्किल हो गया है।
प्रशासन ने प्रीपेड मीटर लगाने को इच्छुक लोगों को 19 दिसंबर तक संबंधित सब डिवीजन में प्रीपेड कनेक्शन के लिए विकल्प देने को कहा है।
लोगों को लिखित आवेदन के साथ प्रीपेड मीटर खरीद कर भी देना होगा। बिजली विभाग की शर्तों को पूरा करने वाले प्रीपेड मीटर शहर में फिलहाल उपलब्ध नहीं हैं।
ऐसे में 19 दिसंबर तक प्रीपेड मीटर के साथ आवेदन करने में लोगों को दिक्कत होगी। प्रीपेड मीटर के लिए सॉफ्टवेयर अभी तक चंडीगढ़ में आसानी से उपलब्ध नहीं है क्योंकि चंडीगढ़ में प्रीपेड मीटर की मांग ही नहीं थी।
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बाजार में चीन के प्रीपेड मीटर को उपलब्ध हैं जो प्रशासन की शर्तों को पूरा नहीं करते। बिजली विभाग ने शर्त रखी है कि प्रीपेड मीटर ऐसी कंपनी का ही लगेगा जो कि कम से कम दो सालों के रीचार्ज कराने की सुविधा दे।
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लोग चाहे हर महीने रीचार्ज कराएं, लेकिन कंपनी को यह लिखित में देना होगा कि वह दो साल तक अपने उपभोक्ताओं को यह सुविधा देगी।
कंपनी को चंडीगढ़ के बिजली विभाग को एमआरआई सॉफ्टवेयर देना होगा और उपभोक्ताओं को पांच साल की वारंटी देनी होगी।
कंपनी के पास रीचार्ज की सुविधा के लिए वेंटिंग सेटअप होना भी जरूरी है। प्रीपेड मीटर में कितनी बिजली उपयोग हुई है और कितने पैसे बचे हैं। इसके अलावा कुछ और भी शर्तें हैं।
जेईआरसी ने दिए थे आदेश
ज्वाइंट इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन ने चंडीगढ़ इंडस्ट्रियल एरिया टेनेंट्स एसोसिएशन की याचिका पर सुनवाई करते हुए निर्देश दिए थे कि जो उपभोक्ता या एसोसिएशन के सदस्य प्रीपेड मीटर लगाने के लिए एक आदेश से एक महीने के अंदर आवेदन करता है तो उसे सिक्योरिटी चार्जेज या एसीडी चार्जेस नहीं देने होंगे।
जेईआरसी ने प्रशासन को हालांकि 6 महीनों में प्रीपेड मीटर की सप्लाई करने का आदेश दिया था।
इस संबंध में प्रशासन के बिजली विभाग के सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर एमपी सिंह ने कहा कि जेईआरसी के आदेशों के तहत हमने उपभोक्ताओं से 19 दिसंबर तक प्रीपेड मीटर के साथ आवेदन करने को कहा है।
प्रीपेड मीटर के लिए हमने कुछ शर्तें निर्धारित की हैं। इन शर्तों को पूरा करने वाले प्रीपेड मीटर लगाने की ही मंजूरी दी जाएगी।
यह होगा फायदा
प्रीपेड मीटर लगने से उपभोक्ताओ को सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि वे अपनी जरूरत के हिसाब से एक दिन या फिर एक महीने के लिए रिचार्ज करा सकेंगे।
इससे बिजली विभाग को भी फायदा होगा। पिछले कुछ समय से डिफाल्टों की संख्या लगातार बढ़ रही थी। लोग जितना रिचार्ज करेंगे उनका बिजली का उपयोग कर पाएंगे।
तो हो जाएगा ट्रिप
प्रीपेड मीटर वही उपभोक्ता लगा पाएंगे जिनका लोड 50 किलोवाट से कम है। जो उपभोक्ता प्रीपेड मीटर लगाते हैं वे अगर निर्धारित लोड से जरा सी भी अधिक बिजली का उपयोग करेंगे तो तुरंत ट्रिपिंग हो जाएगी। मीटर के अंदर ही ट्रिपिंग स्विच होगा