{"_id":"60d5d1c88ebc3e2daf368b1e","slug":"police-lathicharge-on-ett-teachers-in-patiala","type":"story","status":"publish","title_hn":"पटियाला में प्रदर्शन: अमरिंदर सिंह का मोती महल घेरने जा रहे ईटीटी अध्यापकों पर लाठीचार्ज, 100 गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पटियाला में प्रदर्शन: अमरिंदर सिंह का मोती महल घेरने जा रहे ईटीटी अध्यापकों पर लाठीचार्ज, 100 गिरफ्तार
Fri, 25 Jun 2021 07:32 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटियाला (पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटियाला (पंजाब)
Published by: ajay kumar
Updated Fri, 25 Jun 2021 07:32 PM IST
सार
साल 2020 में पंजाब सरकार ने 2364 ईटीटी अध्यापकों की भर्ती निकाली थी। दिंसबर महीने तक चयन प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई थी। बाद में 18 उम्मीदवारों ने इस प्रक्रिया पर सवाल खड़े किए और कोर्ट में चुनौती दी। तब से यह भर्ती प्रक्रिया लंबित है।
विज्ञापन
पुलिस ने किया लाठीचार्ज।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के मोती महल को घेरने जा रहे 2364 ईटीटी चयनित अध्यापक यूनियन के नुमाइंदों पर वाईपीएस चौक में शुक्रवार दोपहर बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया और 100 अध्यापकों को गिरफ्तार करके बसों में ले गई। खबर लिखे जाने तक ईटीटी अध्यापक शुतराणा व भूनरहेड़ी पुलिस चौकियों में बंद थे। यूनियन ने पंजाब सरकार से उन्हें जल्द नियुक्ति पत्र जारी करने की मांग की।
विज्ञापन
बस स्टैंड के नजदीक नेहरू पार्क में बड़ी संख्या में इकट्ठे होकर 2364 ईटीटी चयनित अध्यापक यूनियन के नुमाइंदों ने तय कार्यक्रम के मुताबिक सीएम के मोती महल का घेराव करने को कूच किया। दोपहर तीन बजे जब अध्यापक वाईपीएस चौक पहुंचे तो वहां भारी पुलिस फोर्स ने बैरिकेड लगाकर अध्यापकों को रोक लिया। इस दौरान दोनों पक्षों में काफी धक्कामुक्की भी हुई।
विज्ञापन
आरोप है कि इस दौरान धक्कामुक्की में महिला अध्यापकों के कपड़े भी फट गए। 2364 ईटीटी चयनित अध्यापक जब आगे बढ़ने पर अड़े रहे तो पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज कर दिया। जिससे कुछ अध्यापकों को मामूली चोट भी आई। बाद में पुलिस 100 के करीब अध्यापकों को गिरफ्तार करके बसों में अपने साथ भूनरहेड़ी और शुतराणा पुलिस चौकियों में ले गई।
विज्ञापन
यूनियन के पदाधिकारी सुखजिंदर राइयां ने कहा कि मार्च 2020 में पंजाब सरकार ने 2364 ईटीटी अध्यापकों के भर्ती निकाली थी। दिसंबर महीने तक चयन प्रक्रिया भी पूरी हो गई थी। लेकिन बाद में 18 उम्मीदवारों ने इस चयन प्रक्रिया को लेकर कोर्ट में केस कर दिया। इस केस की सुनवाई में अब तक कई तारीखें पड़ चुकी हैं लेकिन सरकार का कोई वकील पुख्ता कागजातों के साथ अब तक पेश नहीं हुआ है।
चयनित अध्यापकों ने अपनी तरफ से पैसे खर्च करके वकील रखा है। अब इस केस में अगली सुनवाई 28 जून को है। मांग है कि सरकार इस तारीख पर सरकारी वकील भेज कर इन अध्यापकों का पक्ष रखे, ताकि उनकी नियुक्तियों का रास्ता खुल सके।
आरोप लगाया है कि सरकार कोर्ट केस का बहाना बनाकर चयनित ईटीटी अध्यापकों को नियुक्त करने से भाग रही है। जिसे चुप रह कर अब और सहा नहीं जाएगा। मांग की है कि ईटीटी चयनित अध्यापकों को जल्द नियुक्ति पत्र जारी किए जाएं।