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Chandigarh News: पीजीआई की पार्किंग में दोगुनी तक वसूली
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चंडीगढ़। पीजीआई की न्यू ओपीडी में हजारों मरीज इलाज के लिए आते हैं। इन मरीजों और तीमारदारों से पार्किंग के नाम पर दोगुना वसूली हो रही है। पूरे शहर में पार्किंग का रेट दोपहिया वाहन के लिए 7 रुपये और गाड़ी के लिए 14 रुपये है। ऐसे में पीजीआई में इलाज के लिए आने वाले लोगों से उनकी मजबूरी का फायदा उठाकर उनसे लूट हो रही है। यहां लोगों की इलाज की पर्ची 10 रुपये में बनती है, लेकिन पार्किंग में उन्हें अधिक रुपये अदा करने पड़ते हैं। पीजीआई की पार्किंग में किसी से 5 रुपये, किसी से 10 रुपये तो किसी से 20 रुपये तक की वसूली हो रही है। पीजीआई अस्पताल में पार्किंग के रेट स्पष्ट रूप से प्रदर्शित नहीं किए गए हैं, जिससे कर्मचारियों को मरीजों से मनमानी वसूली का मौका मिल रहा है। कुछ मामलों में मरीजों से दोगुना पैसे लिए जा रहे हैं। रसीदों पर उतने रुपये नहीं छपे होते हैं। मरीजों ने बताया कि यदि उन्होंने 20 रुपये दिए हैं और वह पैसे वापस मांगते हैं तो कर्मचारी पैसे वापस कर देते हैं। यदि पैसे नहीं मांगते तो अपने पास रख लेते हैं।
रेट लिस्ट होनी चाहिए प्रदर्शित
सेक्टर-32 से आए चंदन ने बताया कि उन्होंने दो हेलमेट रखने और बाइक पार्किंग के कुल 40 रुपये दिए। राजकुमार ने बताया कि उन्होंने दोपहिया वाहन के 10 रुपये दिए थे, उन्होंने रुपये वापस मांगे तो 5 रुपये वापस किए गए। उन्होंने कहा कि पार्किंग में रेट लिस्ट लगी होनी चाहिए, ताकि लोगों को पता चले कि रेट क्या है।
इस बारे में जब पीजीआई के मेडिकल सुपरिटेंडेंट को मैसेज और फोन किया गया, उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
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रेट लिस्ट होनी चाहिए प्रदर्शित
सेक्टर-32 से आए चंदन ने बताया कि उन्होंने दो हेलमेट रखने और बाइक पार्किंग के कुल 40 रुपये दिए। राजकुमार ने बताया कि उन्होंने दोपहिया वाहन के 10 रुपये दिए थे, उन्होंने रुपये वापस मांगे तो 5 रुपये वापस किए गए। उन्होंने कहा कि पार्किंग में रेट लिस्ट लगी होनी चाहिए, ताकि लोगों को पता चले कि रेट क्या है।
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इस बारे में जब पीजीआई के मेडिकल सुपरिटेंडेंट को मैसेज और फोन किया गया, उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।