सिद्धू पर बरसा विपक्ष: सुखबीर बादल ने कहा- मिस गाइडेड मिसाइल, भाजपा बोली- मानसिक स्थिति ठीक नहीं
बसपा प्रदेश अध्यक्ष जसवीर सिंह गढ़ी ने कहा कि नवजोत सिद्धू कांग्रेस का फोका पटाखा हैं। सिद्धू के इस्तीफे ने यह बात सिद्ध कर दी है। कांग्रेस को नवजोत सिद्धू जैसा मिकी माउस प्रधान मिलना, खुद कांग्रेस के ही पापों का नतीजा है क्योंकि कांग्रेस ने सभी वर्गों को हाशिए पर ला खड़ा किया है और अब कुदरत कांग्रेस को हाशिए पर ला रही है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष पद से नवजोत सिंह सिद्धू के इस्तीफे पर विपक्षी दलों ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। विपक्षी दलों ने सिद्धू को मिस गाइडेड मिसाइल बताया है। साथ ही मानसिक स्थिति ठीक नहीं होने की भी बात कही है। विपक्ष ने पंजाब के लिए सिद्धू को हितकारी नहीं बताते हुए मुंबई चले जाने को कहा है।
आप प्रदेश अध्यक्ष और सांसद भगवंत मान ने कहा है कि कुर्सी और अहंकार की लड़ाई में कांग्रेसी सारी हदें लांघ गए हैं। पंजाब कभी भी इतना अपमानित नहीं हुआ। कांग्रेसियों ने रोजाना पंजाब की आन-शान को ठेस पहुंचाकर पंजाब और सूबे के लोगों को शर्मसार कर दिया है। कांग्रेसियों की कुर्सी की भूख किसी को भी शर्मिंदा कर सकती है। भगवान से प्रार्थना है कि कुर्सी के इन भूखे कांग्रेसियों से पंजाब और पंजाब के लोगों को जल्द छुटकारा दिलाएं।
भगवंत मान ने कहा कि कांग्रेस से पंजाब के भले की कोई उम्मीद नहीं बची है। कांग्रेस की परंपरा है, कांग्रेसी लोगों के लिए नहीं केवल अपनी कुर्सी के लिए लड़ते हैं। पंजाब की सत्ताधारी कांग्रेस इसकी ताजा मिसाल है। मान ने कहा कि यदि सिद्धू वास्तव में पंजाब के हितैषी होते तो जब नई कैबिनेट के लिए राणा गुरजीत सिंह, भारत भूषण आशु, गुरकीरत सिंह कोटली और राजा वडिंग जैसे महादागी मंत्रियों की सूची तैयार हो रही थी, उस समय इस्तीफा देते।
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अश्वनी शर्मा ने कहा कि सिद्धू की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है। सिद्धू ने अपने इस्तीफे में पंजाब के हित व भविष्य के साथ समझौता नहीं करने की बात लिखी है, जबकि सिद्धू अपने भविष्य और हित के साथ कोई समझौता नहीं कर सकते।
सिद्धू ने अपने खेल से कैप्टन अमरिंदर सिंह को मात तो दे दी लेकिन उनका मुख्यमंत्री बनने का सपना फिर चूर-चूर हो गया। हाईकमान द्वारा बनाए गए मुख्यमंत्री को सिद्धू अपनी कठपुतली बना कर रखना चाहते थे लेकिन उनका वो सपना भी टूट गया।
सिद्धू की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है। सिद्धू की महत्वाकांक्षा बहुत ऊंची है और वह खुद को कांग्रेस हाईकमान ही मानते हैं। उन्हें लगता है कि जो वो कह रहे हैं या कर रहे हैं सिर्फ वही ठीक है, जो कि किसी भी संगठन के अंदर कभी संभव नहीं होता। - अश्वनी शर्मा, प्रदेश अध्यक्ष, पंजाब भाजपा।
पंजाब कभी भी इतना अपमानित नहीं हुआ। कांग्रेसियों ने रोजाना सुबह-शाम पंजाब की आन-शान को ठेस पहुंचाकर पंजाब और पंजाब के लोगों को शर्मसार कर दिया है। कांग्रेसियों की कुर्सी की भूख किसी को भी शर्मिंदा कर सकती है। भगवान से प्रार्थना है कि कुर्सी के इन भूखे कांग्रेसियों से पंजाब और पंजाब के लोगों को जल्द छुटकारा दिलाएं। - भगवंत मान, प्रदेश अध्यक्ष, पंजाब आप।
मैंने पहले ही कहा था कि सिद्धू एक मिस गाइडेड मिसाइल हैं। जिसका पता नहीं कि कहां जाएगी या किसे मारेगी। पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष बनकर पहले कैप्टन को तबाह किया और अब अपनी पार्टी कांग्रेस को तबाह करने पर तुले हैं। पंजाब को यदि बचाना है तो सिद्धू साहब से विनती है कि वे मुंबई चले जाएं। - सुखबीर सिंह बादल, अध्यक्ष, शिरोमणि अकाली दल।