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लॉकडाउनः चंडीगढ़ में भी शराब पर लग सकता है 'कोरोना सेस', अब रोजाना खुलेंगी किताबों की दुकानें
Wed, 06 May 2020 11:37 AM IST
पंचकुला ब्यूरो
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Wed, 06 May 2020 11:37 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
कोविड-19 महामारी से प्रभावित क्षेत्रों व संस्थानों की मदद करने के लिए दिल्ली की तर्ज पर चंडीगढ़ में भी शराब पर कोरोना सेस लगाने का विचार किया जा रहा है। कोरोना की वजह से प्रशासन के आय के स्रोत काफी कम हो गए हैं और खर्चे कई गुना बढ़ गए हैं। प्रभावित क्षेत्रों की मदद की जा सके, इसके लिए आने वाले दिनों में कोरोना सेस लगाया जाएगा। यह सेस शराब पर या पेट्रोल-डीजल पर लगाया जाए, इसको लेकर मंगलवार को प्रशासक वीपी सिंह बदनौर के साथ प्रशासनिक अधिकारियों की चर्चा हुई है।
बता दें कि दिल्ली सरकार ने कोरोना से लड़ाई में फंड इकट्ठा करने के लिए सोमवार को ही शराब पर 70 फीसदी स्पेशल कोरोना फीस लगा दी है। इसके बावजूद दिल्ली के शराब के ठेकों पर लगने वाली भीड़ में कमी नहीं आई है। चंडीगढ़ में भी ठेकों पर भारी भीड़ देखी जा रही है, ऐसे में उम्मीद लगाई जा रही है कि आय बढ़ाने के लिए प्रशासन शराब पर ही कोरोना सेस लगाने जा रहा है। जब इस बारे एडवाइजर मनोज परिदा से बात की गई तो उन्होंने कहा कि इस बारे कोई आखिरी फैसला नहीं लिया गया है।
उधर, चंडीगढ़ में पेट्रोल और डीजल पंजाब-हरियाणा के मुकाबले सस्ता है। इंटरनेशनल मार्केट में क्रूड ऑयल के दाम औंधे मुंह गिरे हैं, बावजूद इसके पेट्रोल-डीजल के दाम कम कर लोगों को राहत नहीं दी गई है। पहले ही पेट्रोल-डीजल पर काफी मुनाफा कमाया जा रहा है। अगर पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाए जाते हैं तो लोगों का काफी विरोध झेलना पड़ेगा। चंडीगढ़ पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के अमनप्रीत सिंह ने बताया कि चंडीगढ़ में पेट्रोलियम कंपनी का अपना कोई डिपो नहीं है इसलिए 2 प्रतिशत पंजाब और हरियाणा को टैक्स देना पड़ता है। इसके अलावा पेट्रोल पर 16.4 प्रतिशत वैट और डीजल पर 12.4 प्रतिशत वैट लगाया जा रहा है।
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बता दें कि दिल्ली सरकार ने कोरोना से लड़ाई में फंड इकट्ठा करने के लिए सोमवार को ही शराब पर 70 फीसदी स्पेशल कोरोना फीस लगा दी है। इसके बावजूद दिल्ली के शराब के ठेकों पर लगने वाली भीड़ में कमी नहीं आई है। चंडीगढ़ में भी ठेकों पर भारी भीड़ देखी जा रही है, ऐसे में उम्मीद लगाई जा रही है कि आय बढ़ाने के लिए प्रशासन शराब पर ही कोरोना सेस लगाने जा रहा है। जब इस बारे एडवाइजर मनोज परिदा से बात की गई तो उन्होंने कहा कि इस बारे कोई आखिरी फैसला नहीं लिया गया है।
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उधर, चंडीगढ़ में पेट्रोल और डीजल पंजाब-हरियाणा के मुकाबले सस्ता है। इंटरनेशनल मार्केट में क्रूड ऑयल के दाम औंधे मुंह गिरे हैं, बावजूद इसके पेट्रोल-डीजल के दाम कम कर लोगों को राहत नहीं दी गई है। पहले ही पेट्रोल-डीजल पर काफी मुनाफा कमाया जा रहा है। अगर पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाए जाते हैं तो लोगों का काफी विरोध झेलना पड़ेगा। चंडीगढ़ पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के अमनप्रीत सिंह ने बताया कि चंडीगढ़ में पेट्रोलियम कंपनी का अपना कोई डिपो नहीं है इसलिए 2 प्रतिशत पंजाब और हरियाणा को टैक्स देना पड़ता है। इसके अलावा पेट्रोल पर 16.4 प्रतिशत वैट और डीजल पर 12.4 प्रतिशत वैट लगाया जा रहा है।
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अब रोजाना खुलेंगी किताबों की दुकानें
शहर में कर्फ्यू के खत्म होने के बाद किताबों की दुकान पर काफी भीड़ देखी जा रही है। इससे प्रशासन के अधिकारी भी काफी चिंता में दिखे। इस भीड़ को कम करने के लिए सभी बुक डिपों को ऑड-ईवन से छूट दे दी गई है। बुधवार से शहर के सभी बुक डिपो खुले रहेंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अन्य दुकानें ऑड-ईवन फार्मूले के साथ ही खोली जाएंगी।
एडवाइजर मनोज परिदा ने भी शहरवासियों से अपील की है कि वह किताबों की वजह से ज्यादा भीड़ न लगाएं। कहा कि चंडीगढ़ के पास किताबों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है, कहीं कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि किताबें खरीदते वक्त सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें और किताब को बच्चों को देने से पहले उसे सैनिटाइज कर लें।
चंडीगढ़ को अतिरिक्त टेस्टिंग देने के लिए राजी हुआ आईसीएमआर
प्रशासक वीपी सिंह बदनौर के साथ हुई बैठक में स्वास्थ्य सचिव अरुण कुमार गुप्ता ने कहा कि इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) चंडीगढ़ पीजीआई को अतिरिक्त टेस्टिंग किट्स देने के लिए राजी हो गया है। उन्होंने कहा कि शहर के सभी प्रशिक्षण केंद्रों को टेस्टिंग की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासक ने कहा कि सभी कंटेनमेंट जोन खासकर बापूधाम और सेक्टर-30बी में ज्यादा टेस्टिंग की जरूरत है।
एडवाइजर मनोज परिदा ने कहा कि शहर के बॉर्डर पर एंट्री-एग्जिट के लिए काफी भीड़ देखी जा रही है, जो चिंता की बात है। उन्होंने कहा कि पंचकूला, मोहाली से आने-जाने वाले लोगों की समस्या को देखते हुए प्रशासन जल्द ही पंजाब और हरियाणा से इस संबंध में बातचीत करेगा, ताकि कोई समाधान निकाला जा सके।
एडवाइजर मनोज परिदा ने भी शहरवासियों से अपील की है कि वह किताबों की वजह से ज्यादा भीड़ न लगाएं। कहा कि चंडीगढ़ के पास किताबों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है, कहीं कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि किताबें खरीदते वक्त सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें और किताब को बच्चों को देने से पहले उसे सैनिटाइज कर लें।
चंडीगढ़ को अतिरिक्त टेस्टिंग देने के लिए राजी हुआ आईसीएमआर
प्रशासक वीपी सिंह बदनौर के साथ हुई बैठक में स्वास्थ्य सचिव अरुण कुमार गुप्ता ने कहा कि इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) चंडीगढ़ पीजीआई को अतिरिक्त टेस्टिंग किट्स देने के लिए राजी हो गया है। उन्होंने कहा कि शहर के सभी प्रशिक्षण केंद्रों को टेस्टिंग की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासक ने कहा कि सभी कंटेनमेंट जोन खासकर बापूधाम और सेक्टर-30बी में ज्यादा टेस्टिंग की जरूरत है।
एडवाइजर मनोज परिदा ने कहा कि शहर के बॉर्डर पर एंट्री-एग्जिट के लिए काफी भीड़ देखी जा रही है, जो चिंता की बात है। उन्होंने कहा कि पंचकूला, मोहाली से आने-जाने वाले लोगों की समस्या को देखते हुए प्रशासन जल्द ही पंजाब और हरियाणा से इस संबंध में बातचीत करेगा, ताकि कोई समाधान निकाला जा सके।