पाक ड्रोन मामलाः नौ आरोपी एनआईए अदालत में पेश, पांच न्यायिक हिरासत में, चार को NIA कस्टडी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ड्रोन के जरिए पाकिस्तान से आए हथियारों के मामले में नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) ने अपनी जांच तेज कर दी है। यह पहला मौका था, जब एनआईए केस के सभी आरोपियों को एक साथ अदालत लेकर पहुंची थी। इस दौरान अदालत ने पांच आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया जबकि चार आरोपियों को 16 अक्तूबर तक एनआईए कस्टडी दी है।
वहीं अब एनआईए आरोपियों से पूछताछ करके इस सारे मामले के राज खुलवाने की तैयारी में है। जानकारी के मुताबिक शुक्रवार को कड़ी सुरक्षा में एनआईए ने मान सिंह, बलवंत सिंह, सुखदीप सिंह, आकाशदीप सिंह, सहजप्रीत सिंह, बलबीर सिंह, हरभजन सिंह, रोमनदीप सिंह और गुरदेव सिंह को विशेष अदालत में पेश किया।
इस दौरान एनआईए ने कहा कि वह आरोपियों से पूछताछ करना चाहती है कि उनके निशाने पर और कौन लोग थे। साथ ही वह इस मिशन को कैसे पूरा करने वाले थे। इसके अलावा आरोपियों के घरों की तलाशी और अन्य काम करने हैं। एनआईए ने आरोपियों का छह दिन का रिमांड मांगा। इसके बाद अदालत ने मान सिंह, शुभदीप सिंह, बलवंत सिंह, आकाशदीप सिंह को 16 अक्तूबर तक एनआईए की कस्टडी में भेज दिया जबकि अन्य को न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
आरोपियों के वकील की दलील- मान और गुरदेव 2017 से जेल में, हथियार मंगवाने वालों में कैसे हो सकते हैं शामिल
बचाव पक्ष के वकील जसपाल सिंह मझपुर ने मान सिंह व गुरदेव सिंह को लेकर एनआईए की तरफ से दिए गए सारे तर्कों का विरोध किया। उन्होंने कहा कि मान सिंह व गुरदेव मई 2017 से सेंट्रल जेल अमृतसर में आर्म्स एवं अनलॉफुल एक्टिविटी एक्ट के तहत बंद है। ऐसे में पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए हथियार मंगवाने वाले मामले में कैसे शामिल हो सकते हैं।
वहीं, मझपुर में गुरदेव सिंह की गिरफ्तारी पर भी सवाल उठाए। गुरदीप सिंह को केस में झूठा फंसाया गया है। वह जर्मन में रहने वाले गुरमीत सिंह का भाई और खालिस्तान समर्थक मूवमेंट का सदस्य है। उसे पंजाब पुलिस के स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल ने काबू किया था।
वहीं बलवंत सिंह उर्फ निहंग, आकाशदीप सिंह, हरभजन सिंह एवं बलबीर सिंह सभी को चोहला साहिब तरनरतारन एरिया से काबू किया था। वहीं, पंजाब पुलिस ने दावा किया था खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स के माध्यम से पाकिस्तान ड्रोन के जरिए हथियार आए थे। आरोपियों से काफी मात्रा में हथियार, पांच सेटेलाइट फोन, दो मोबाइल, दो वायरलेस सेट और नकली दस लाख रुपये की करंसी भी जब्त की गई है।