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नई पहल: अब सैलानी साइकिल लेकर कर सकेंगे छतबीड़ की सैर
ब्यूरो/अमर उजाला, जीरकपुर
Updated Mon, 10 Apr 2017 09:08 AM IST
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छतबीड़ चिड़ियाखाना
- फोटो : self
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छतबीड़ चिड़ियाघर प्रबंधन सैलानियों के लिए अब एक नई पहल शुरू करने जा रहा है। जिसमें सैलानी पैदल की बजाय अब साइकिल की मदद से चिड़ियाघर की सैर कर पाएंगे। इसके लिए सैलानी को साइकिल के लिए 20 रुपये अलग से चुकाने होंगे, जिसके बाद सैलानी दो घंटे तक साइकिल से चिड़ियाघर की सैर कर पाएगा।
गौरतलब है कि प्रबंधन की ओर से गत वर्ष स्टाफ सदस्यों के लिए 15 साइकिलों की खरीद की गई थी, जिनका प्रयोग स्टाफ के लोग चिड़ियाघर का मुआयना करने के लिए करते हैं। इसके बाद प्रबंधन ने सैलानियों के लिए ऐसी ही सुविधा उपलब्ध करवाने की योजना बनाई। जिसे विभाग की मंजूरी के बाद इस सुविधा को वर्तमान वित्त वर्ष में टेंडर अलॉट करके 15 अप्रैल से चालू किया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, छतबीड़ चिड़ियाघर के अंदर पैदल घूमने वाले सैलानी को पूरा चक्कर लगाने के लिए एक से डेढ़ घंटे का समय लग जाता है।
बच्चे करते हैं साइकिल की जिद्द
जबकि अधिकतर परिवार के साथ आने वाले बच्चे अपने घरों से साइकिल उठाकर साथ ले आते हैं, जो साइकिल की मदद से चिड़ियाघर के अंदर जानवरों को देखने का लुत्फ उठाते हैं। ऐसे में, साइकिल पर घूमने वाले बच्चों को देख अन्य परिवार के बच्चे भी अपने पेरेंट्स से साइकिल पर घूमने को लेकर जिद्द पकड़ लेते हैं, जिसको लेकर पेरेंट्स ने छतबीड़ जू प्रबंधकों से साइकिल सुविधा शुरू करवाने की मांग की थी।
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गौरतलब है कि प्रबंधन की ओर से गत वर्ष स्टाफ सदस्यों के लिए 15 साइकिलों की खरीद की गई थी, जिनका प्रयोग स्टाफ के लोग चिड़ियाघर का मुआयना करने के लिए करते हैं। इसके बाद प्रबंधन ने सैलानियों के लिए ऐसी ही सुविधा उपलब्ध करवाने की योजना बनाई। जिसे विभाग की मंजूरी के बाद इस सुविधा को वर्तमान वित्त वर्ष में टेंडर अलॉट करके 15 अप्रैल से चालू किया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, छतबीड़ चिड़ियाघर के अंदर पैदल घूमने वाले सैलानी को पूरा चक्कर लगाने के लिए एक से डेढ़ घंटे का समय लग जाता है।
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बच्चे करते हैं साइकिल की जिद्द
जबकि अधिकतर परिवार के साथ आने वाले बच्चे अपने घरों से साइकिल उठाकर साथ ले आते हैं, जो साइकिल की मदद से चिड़ियाघर के अंदर जानवरों को देखने का लुत्फ उठाते हैं। ऐसे में, साइकिल पर घूमने वाले बच्चों को देख अन्य परिवार के बच्चे भी अपने पेरेंट्स से साइकिल पर घूमने को लेकर जिद्द पकड़ लेते हैं, जिसको लेकर पेरेंट्स ने छतबीड़ जू प्रबंधकों से साइकिल सुविधा शुरू करवाने की मांग की थी।
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इलेक्ट्रिक बैटरी कार्ट की सुविधा भी है उपलब्ध
इलेक्ट्रिक बैटरी कार्ट की सुविधा भी है उपलब्ध
छतबीड़ आने वाले सैलानियों के लिए अभी इलेक्ट्रिक बैटरी कार्ट सुविधा उपलब्ध है, जिसके जरिए सैलानी चिड़ियाघर की सैर करते हैं। जबकि अधिकतर सैलानी पैदल ही छतबीड़ का चक्कर पूरा करने में 1 से डेढ़ घंटा लग जाता है, जिन्होंने साइकिल सुविधा मुहैया करवाने की मांग की थी।
सैलानियों की ओर से साइकिल पर छतबीड़ की सैर करने को लंबे समय से मांग की जा रही थी, जिसके बाद एक योजना पर काम शुरू किया गया। वहीं, विभाग से मंजूरी मिलने के बाद ऐसी सुविधा को 15 अप्रैल से शुरू किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सैलानी को एंट्री फीस के अलावा साइकिल के लिए 20 रुपये अलग से चुकाने होंगे, इसकी अवधि दो घंटे होगी।
- मनीष कुमार, डायरेक्टर, छतबीड़ चिडिय़ाघर।
छतबीड़ आने वाले सैलानियों के लिए अभी इलेक्ट्रिक बैटरी कार्ट सुविधा उपलब्ध है, जिसके जरिए सैलानी चिड़ियाघर की सैर करते हैं। जबकि अधिकतर सैलानी पैदल ही छतबीड़ का चक्कर पूरा करने में 1 से डेढ़ घंटा लग जाता है, जिन्होंने साइकिल सुविधा मुहैया करवाने की मांग की थी।
सैलानियों की ओर से साइकिल पर छतबीड़ की सैर करने को लंबे समय से मांग की जा रही थी, जिसके बाद एक योजना पर काम शुरू किया गया। वहीं, विभाग से मंजूरी मिलने के बाद ऐसी सुविधा को 15 अप्रैल से शुरू किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सैलानी को एंट्री फीस के अलावा साइकिल के लिए 20 रुपये अलग से चुकाने होंगे, इसकी अवधि दो घंटे होगी।
- मनीष कुमार, डायरेक्टर, छतबीड़ चिडिय़ाघर।