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मोदी के 'बेटी बचाओ' को एवरेस्ट ले जाएगा चौकीदार का ये बेटा

Wed, 30 Sep 2015 03:24 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, टोहाना
ब्यूरो/अमर उजाला, टोहाना Updated Wed, 30 Sep 2015 03:24 PM IST
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narendra modi beti bchao beti pdhao project will reach at mount everest

ननरेंद्र मोदी का बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ प्रोजेक्ट अब माउंट एवरेस्ट तक पहुंचेगा। ये कारनामा करेगा एक चौकीदार का होनहार बेटा। हरियाणा में फतेहाबाद के खंड टोहाना के पर्वतारोही रामलाल ने ऐसा करने का ऐलान किया है और तैयारी भी शुरू कर दी है।

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बता दें कि रामलाल इससे पहले एक बार माउंट एवरेस्ट की चढ़ाई नेपाल की ओर से कर चुके हैं। अब की बार वो चीन के रास्ते से माउंट एवरेस्ट फतह करेंगे।

रामलाल शर्मा ने कहा कि उसने इस अभियान के लिए अभी से तैयारी करनी शुरू कर दी है। इस अभियान के लिए लगभग 25 लाख रुपये का खर्च आयेगा। रामलाल ने कहा कि पूर्व सरकार के समय में वो पूर्व सीएम से भी मिले थे।
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रामलाल ने कहा कि उन्होंने मदद का आश्वासन भी दिया मगर उनके साथ अनदेखी की गई। रामलाल ने कहा कि इस बार उसकी प्रदेश के सीएम से जो बात हुई है। उसमें आश्वासन मिला है कि सरकार द्वारा जरूर मदद की जाएगी।
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पेट भरने को सब्जी की रेहड़ी लगाता है रामलाल

narendra modi beti bchao beti pdhao project will reach at mount everest

हैरत की बात ये है कि माउंट एवरेस्ट पर विजय पा चुका ये पर्वतारोही जीविका अर्जन के लिए सब्जी की रेहड़ी लगाता है। मंगलवार को रेस्ट हाउस में पत्रकारों से बातचीत में पर्वतारोही रामलाल ने बताया कि वह अप्रैल 2016 में चीन की तरफ से विश्व की सबसे ऊंची चोटी पर तिरंगा फहराएंगे और बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ का लोगों चोटी पर ले जाकर लोगों को बेटियों को बचाने व पढ़ाने का संदेश देंगे।

उन्होंने बताया कि उसने 2013 में नेपाल साइड से माउंट एवरेस्ट पर तिरंगा फहराया था और अब वह माउंट एवरेस्ट पर चाइना साइड से 2016 में तिरंगा फहराने की तैयारी कर रहे हैं। इस चोटी की ऊंचाई 8848 मीटर है। अगर रामलाल ऐसा करने में कामयाब रहते हैं तो ऐसा करने वाले वो पहले भारतीय होंगे।

गौरतलब है कि रामलाल के पिता टोहाना में आज भी एक निजी अस्पताल में चौकीदार है। रामलाल शर्मा इससे पहले यूरोप की सबसे ऊंची चोटी माउंट एलब्रुश पर भी भारतीय तिरंगा फहरा चुके हैं।

हाईकोर्ट के माध्यम से जारी है हक की लड़ाई
पूर्व सरकार की खेल नीति से कुछ भी न मिलने के बाद रामलाल ने हाईकोर्ट में याचिका लगाई थी। रामलाल ने बताया कि वर्तमान सरकार उसकी मदद करने के पक्ष में है।

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