हरियाणा में गवाही से पहले पूर्व सरपंच की पीट-पीट कर निर्मम हत्या, 17 लोगों के खिलाफ केस दर्ज
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हरियाणा के बेरी में छोछी गांव के पूर्व सरपंच आजाद सिंह की कुछ लोगों ने बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या कर दी। मृतक के सिर पर चोट के गहरे निशान पाए गए हैं। शव सोमवार की अल सुबह गांव छोछी के बाहर सरकारी स्कूल के पास झाड़ियों में पड़ा हुआ मिला। घटना की सूचना जैसे ही पुलिस को मिली, तो पुलिस ने मौके पर पहुंच कर पहले, तो घटनास्थल का मौका मुआयना किया और बाद में मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए झज्जर के सामान्य अस्पताल भिजवाया। मौके पर पुलिस ने एफएसएल की टीम को भी बुलवाया। जिसने मौके से हत्या से संबंधित प्रमाण भी जुटाए हैं।
पुलिस जांच में अभी तक हत्या की सही वजह तो स्पष्ट नहीं हो पाई है लेकिन प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मृतक आजाद अपने बेटे राकेश के केस में मुख्य गवाह था। जिसकी गवाही 17 नवंबर को होनी थी। इसी गवाही को रोकने के लिए आरोपियों ने हत्या की वारदात को अंजाम दिया है। मृतक आजाद सिंह पुत्र रणधीर सिंह गांव छोछी में लगातार पांच बार गांव का सरपंच रह चुका है।
पुलिस को दिए गए बयान में मृतक आजाद के बेटे राकेश ने गांव के ही 17 लोगों पर उसके पिता की हत्या किए जाने का शक जाहिर करते हुए मामला दर्ज कराया है। राकेश का कहना है कि उसका पिता आजाद सिंह रविवार की शाम को खेत में अपनी धान की फसल देखने के लिए गया था। लेकिन जब वह सोमवार को सुबह तक वापस नहीं लौटा, तो उसे वह खेत में देखने के लिए निकल पड़ा। लेकिन जब वह गांव के सरकारी स्कूल के पास पहुंचा, तो उसके पिता का शव झाड़ियों में पड़ा हुआ मिला। राकेश की सूचना पर ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की छानबीन की।
गांव में पुलिस बल तैनात
दोपहर बाद मृतक आजाद सिंह का शव परिजनों को सौंपा गया, तो मामले की गंभीरता को भांपकर मृतक पूर्व सरपंच के अंतिम संस्कार के दौरान पुलिस की टीम लगाई गई। स्वयं डीएसपी अजमेर सिंह भी बेरी व गांव छोछी पहुंचकर मामले पर अपनी नजर बनाए रहे। बेरी थाना कार्यवाहक प्रभारी एसआई जोरा सिंह का कहना है कि फिलहाल इस मामले में 17 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी मामले की सच्चाई सामने आ जाएगी।
2011 में राकेश पर हुआ था हमला
मृतक आजाद के बेटे राकेश पर 2011 में गांव के ही युवकों ने हमला बोल दिया था। जिसमें गांव के युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया और धारा 307 के तहत केस चल रहा था। इसी हमले का आजाद सिंह चश्मदीद था और 17 नवंबर को गवाही होनी थी। लेकिन इससे पहले कि अदालत में पूर्व सरपंच आजाद सिंह की गवाही हो पाती, उसकी हत्या कर दी गई।
17 लोगों के खिलाफ हुआ मामला दर्ज
मृतक पूर्व सरपंच आजाद सिंह के बेटे राकेश की शिकायत पर बेरी थाने में 17 लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। कितने लोग इस मामले में शामिल हैं, इसका खुलासा जांच होने के बाद किए जाने की बात पुलिस द्वारा कही जा रही है। जिन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, उनमें संजय, प्रमोद, विनोद, आशीष, सोनू, आजाद, प्रदीप, सोनू, विकास, विशाल, अशोक, दिलबाग, परमजीत, टिटू, दीपक, अमन, बलराज प्रमुख रूप से शामिल हैं।
गांव छोछी के पूर्व सरपंच की हत्या के मामले में मृतक के बेटे की शिकायत पर गांव के ही 17 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया और मामले में हर पहलू पर जांच की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए भी प्रयास शुरू कर दिए गए हैं। जोरा सिंह, सब इंस्पेक्टर, बेरी थाना कार्यवाहक प्रभारी।