विधायकों को बड़ा झटका: पंजाब में अब खुद आयकर भरना होगा, सरकार को 70 लाख रुपये की होगी बचत, सीएम मान कल करेंगे घोषणा
भगवंत मान ने सरकारी खजाने पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ को कम करना शुरू कर दिया है। अभी तक पूर्ववर्ती सरकारों में विधायकों के आयकर का भुगतान सरकारी खजाने से किया जाता था। मगर अब उन्हें स्वयं करना पड़ेगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पंजाब सरकार राज्य के 117 विधायकों को एक और बड़ा झटका देने जा रही है। सूबे के विधायकों को अब अपना आयकर खुद भरना होगा। मुख्यमंत्री भगवंत मान इस अहम फैसले पर सोमवार को अंतिम मुहर लगाएंगे। सरकार के इस फैसले से सरकारी खजाने के हर साल लगभग 70 लाख रुपये की बचत होगी।
आम आदमी पार्टी जब विपक्ष में थी तो सरकारी खजाने से विधायकों के आयकर भरे जाने पर जमकर विरोध किया था। चुनाव से पहले पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और अन्य दूसरे नेताओं ने घोषणा की थी कि पंजाब में जब आम आदमी पार्टी की सरकार बनेगी तो वह सरकारी खजाने से किए जाने वाले ऐसे खर्चों पर लगाम लगाएगी।
सरकार बनते ही मुख्यमंत्री भगवंत मान ने सरकारी खजाने पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ को कम करने के फैसले लेना शुरू कर दिया है। अभी तक की पूर्ववर्ती सरकारों के कार्यकाल में विधायकों के आयकर का भुगतान सरकारी खजाने से किया जाता था। पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने भी विधायकों से खुद आयकर भरने की अपील थी लेकिन किसी भी विधायक ने इसको गंभीरता से नहीं लिया और सरकार के खाते से विधायकों का आयकर भरा जाता रहा।
केवल दो विधायक कुलजीत सिंह नागरा और सुखपाल सिंह खैरा ने ही आयकर खुद भरा। अब सूबे की नई सरकार इस पर कड़ा फैसला लेने जा रही है। मुख्यमंत्री भगवंत मान सरकार के इस फैसले की आज घोषणा करेंगे कि अब आयकर खुद विधायक भरेंगे। इससे सरकार के खजाने पर लगभग 70 लाख रुपये साल की बचत होगी। बता दें कि अमरिंदर सिंह के कार्यकाल के दौरान 2.75 करोड़ रुपये विधायकों के आयकर भरने में खर्च हुए थे।
एक विधायक एक पेंशन का हो चुका फैसला
इस फैसले से पहले पंजाब सरकार ने एक विधायक एक पेंशन का फैसला लिया था। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस फैसले के दौरान कहा था कि सरकार के इस फैसले से सरकारी खजाने पर अतिरिक्त बोझ कम होगा। विधायकों की पेंशन से बचने वाले पैसों को जन सरोकारों के कार्यों में खर्च किया जाएगा।
अन्य भत्तों में भी कटौती की तैयारी
पंजाब की सरकार विधायकों को लेकर अब तक दो बड़े फैसले कर चुकी है। अब सरकार विधायकों को मिलने वाले भत्तों में भी कटौती की तैयारी कर रही है। सरकार के प्रवक्ता के अनुसार जल्द ही विधायकों को लाखों रुपये के मिलने वाले भत्तों की कटौती पर भी फैसला सरकार लेगी।
कैबिनेट में कई फैसलों पर लगेगी मुहर
पंजाब सरकार की सोमवार को दूसरी कैबिनेट बैठक का आयोजन होगा। इस बैठक में सरकार के द्वारा कई मुद्दों पर अहम फैसले लिए जाएंगे। सरकार के सूत्रों के अनुसार पंजाब के गेहूं किसानों को प्रति एकड़ 500 रुपये बोनस दिए जाने के फैसले पर अंतिम मुहर लगा सकती है।