हरियाणाः पेड़ गिरने से पानीपत-रोहतक बिजली लाइन टूटी, ट्रेनें छह घंटे प्रभावित, यात्री परेशान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गोहाना के गांव मुंडलाना व सिरसाढ़ के बीच में रेलवे की बिजली की लाइन पर सफेदे के पेड़ गिरने से तार टूट गए। जिस कारण गुरुवार को छह घंटे तक ट्रेनों का आवागमन पूरी तरह से बाधित रहा। बाद में डीजल इंजन मंगवाकर 6 ट्रेनों को यहां से निकाला गया। करीब तीन माह पहले रोहतक से पानीपत रेलवे ट्रैक का विद्युतीकरण किया गया था। जिसके बाद यहां पर बिजली से चलने वाले इंजन दौड़ने लगे थे।
गुरुवार की सुबह करीब पांच बजे गांव मुंडलाना व सिरसाढ़ के बीच में कुछ सफेदे के पेड़ टूटकर रेलवे की बिजली लाइन पर गिर गए। जिस कारण 7 खंभे व तार टूट गए, सुबह के समय जब एकता ट्रेन गोहाना रेलवे स्टेशन पर चली तो गांव मुंडलाना के पास जाकर तार टूटे होने के कारण ट्रेन रुक गई। जिसकी सूचना स्टेशन पर दी गई इसके बाद बीकानेर से हरिद्वार जाने वाली ट्रेन पहुंची तो उसे वहीं पर ही रोक लिया गया।
उधर पानीपत से रोहतक के लिए जो ट्रेन जाती है उसे गांव मुंडलाना से पहले रुकवा दिया गया। वहीं उसके बाद साढ़े 12 बजे आने वाली रोहतक से पानीपत, 1 बजकर 8 मिनट पर आने वाली जींद से रोहतक, 3 बजकर 50 मिनट पर पानीपत से रोहतक जाने वाली ट्रेनों का आवागमन बाधित रहा। जिसके बाद रेलवे के अधिकारियों ने रोहतक से डीजल के इंजन को मंगवाया और ट्रेनों को आगे पहुंचाने का काम किया।
कई इंजनों की मद्द से गाड़ियों को निकाला गया। वहीं अधिकारियों ने पानीपत रेलवे विभाग को सूचना दी। जहां से बिजली की लाइन को ठीक करने के लिए कर्मचारी आए व काम शुरू कर दिया। रात को आने वाली ट्रेनें भी आधे घंटे लेट रहेंगी।
यात्रियों को हुई परेशानी
तार दोनों ही गांव के बीच जंगल में टूटे हुए थे, जहां पर सुनसान इलाका था। यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ा। लेकिन कुछ यात्री पानी को लेकर परेशान दिखे, कुछ यात्री करीब डेढ़ किलोमीटर तक पैदल चलकर गोहाना-पानीपत हाइवे पर पहुंचे और बसों में बैठकर गए। वहीं जिन यात्रियों को लंबा जाना था उन्हें इंतजार करना पड़ा।
गांव मुंडलाना व सिरसाढ़ के बीच रेलवे की बिजली की लाइन पर सफेदे के पेड़ टूट कर गिर गए थे, जिसके कारण 7 खंभे व तार टूट गए। तार टूटने के बाद ट्रेनों का आवागमन बाधित हो गया। ट्रेन करीब 6 घंटे तक जहां थीं वहीं पर खड़ी रही। रात को भी ट्रेनों के लेट पहुंचने का एसएमएस उन्हें मिला है जो आधे घंटे तक लेट रहेंगी। उसके बाद रोहतक से डीजल के इंजन मंगवाकर ट्रेनों को गुजारा गया। लाइन को ठीक करने का काम चल रहा है। -जितेंद्र कुमार स्टेशन मास्टर