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Election: यहां बाजी बिगाड़ सकते हैं बागी...मुश्किल है जीत की डगर, BJP का बड़ा दावा; इस पार्टी को भितरघात का डर
Thu, 16 May 2024 11:12 AM IST
शाहरुख खान
मोहित धुपड़, अमर उजाला, करनाल
मोहित धुपड़, अमर उजाला, करनाल
Published by: शाहरुख खान
Updated Thu, 16 May 2024 11:12 AM IST
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Lok Sabha Election 2024
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अमर उजाला
विस्तार
हरियाणा का सियासी पारा चढ़ा हुआ है। प्रत्याशी अपनी जीत के लिए जी-तोड़ मेहनत कर रहे हैं लेकिन कुछ सीटें ऐसी हैं, जहां प्रत्याशियों को डर है कि बागी उनकी बाजी न बिगाड़ दें। दरअसल, टिकट वितरण और अन्य मसलों पर विभिन्न दलों के नेता नाराज चल रहे हैं।हालांकि नेताओं ने अपनी नाराजगी छोड़ प्रत्याशियों को पूरा समर्थन देने की बात कह दी है, लेकिन प्रत्याशियों को भितरघात का भय सता रहा है। इसका सबसे ज्यादा असर कांग्रेस और जननायक जनता पार्टी (जजपा) में देखने को मिल रहा है।
10 विधायकों वाली जजपा में पांच विधायक नारनौंद से रामकुमार गौतम, बरवाला से जोगीराम सिहाग, गुहला से ईश्वर सिंह, सिरसा से देवेंद्र बबली व नरवाना से विधायक रामनिवास सुरजाखेड़ा नाराज चल रहे हैं। ये सभी विधायक विभिन्न कारणों से नाराज हैं और अपने-अपने क्षेत्रों में लोकसभा प्रत्याशियों के प्रचार से दूर हैं।
उधर, भाजपा दावा कर रही है कि जजपा के छह विधायक उनके साथ हैं। इन नाराज विधायकों में से भाजपा-जजपा की गठबंधन सरकार में पंचायत मंत्री रहे देवेंद्र बबली तो जजपा पर अपना दावा ठोंकने की तैयारी में दिख रहे हैं। इसके लिए उन्होंने अपने घर में एक बूथ बनाकर सुझाव पेटी लगाई है, जिसमें वे इस संदर्भ में समर्थकों का सुझाव एकत्रित कर रहे हैं।
इसके चलते जजपा में बड़ा खेला होने की भी आशंका है, क्योंकि जजपा के इन बागी विधायकों की पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के साथ गुप्त बैठक भी हो चुकी है। ऐसे में जजपा उम्मीदवारों को इन बागियों से भितरघात का भय सता रहा है।
कांग्रेस की बात करें तो हिसार सीट पर कांग्रेस ने पूर्व सांसद जयप्रकाश (जेपी) को मैदान में उतारा है। इस सीट पर हाल ही में भाजपा को बेटे संग अलविदा कहकर कांग्रेस में आए पूर्व मंत्री बीरेंद्र सिंह अपने पूर्व सांसद बेटे बृजेंद्र सिंह को टिकट दिलवाना चाहते थे, मगर वे कामयाब नहीं हुए।
हालांकि बीरेंद्र सिंह ने जयप्रकाश को समर्थन देने की बात कही है। इसके अलावा भी हिसार में कई जगह जेपी को अपनों का विरोध झेलना पड़ रहा है। मंगलवार को भी भिवानी के बवानीखेड़ा विधानसभा क्षेत्र में जनसभा के दौरान जयप्रकाश को कांग्रेसियों की ही हूटिंग का सामना करना पड़ा। इस पर उन्होंने मंच से ही कांग्रेसी कार्यकर्ताओं को डांटा भी।
भिवानी-महेंद्रगढ़ सीट पर कांग्रेस के राव दान सिंह मैदान में हैं। यहां बेटी व पूर्व सांसद श्रुति चौधरी का टिकट कटने से उनकी मां पूर्व मंत्री किरण चौधरी नाराज चल रही हैं। फिलहाल किरण चौधरी ने नाराजगी भुलाकर राव दान सिंह का साथ देने का दावा किया है, लेकिन मां-बेटी का साथ राव दान सिंह के लिए जीत की राह कितनी आसान करता है, यह देखना होगा। बहराहाल, इस सीट पर भी नाराजगी से नुकसान का खतरा कांग्रेस को सता रहा है।
गुरुग्राम सीट पर कांग्रेस ने पूर्व मंत्री कैप्टन अजय यादव का टिकट काटा तो वह नाराज हो गए। यहां से पूर्व सांसद और अभिनेता राज बब्बर कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं। मान मनौव्वल के बाद राज बब्बर ने कैप्टन को मना तो लिया है मगर कैप्टन का प्रभाव राज बब्बर को जीत दिलवा पाता है या नहीं, यह वक्त बताएगा।