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पंचायती जमीन को बचाने के लिए लोक इंसाफ पार्टी चलाएगी 'साडी पंचायत, साडी जमीन 'अभियान

Thu, 19 Dec 2019 10:13 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लुधियाना (पंजाब)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लुधियाना (पंजाब) Published by: ajay kumar Updated Thu, 19 Dec 2019 10:13 PM IST
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Lok insaaf party will start a campaign against sale of panchayat land in Punjab
प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए विधायक सिमरजीत सिंह बैंस

पंचायती जमीनों को लेकर लोक इंसाफ पार्टी (लिप) एक अभियान शुरू करने जा रही है। गुरुवार को लुधियाना में प्रेस कांफ्रेंस के दौरान विधायक सिमरजीत सिंह बैंस ने बताया कि इस अभियान का नाम साडी पंचायत, साडी जमीन रखा गया है। चार जनवरी से इसका आगाज खन्ना के गांव घुमदी से होगा। 

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पहले दिन वाहनों का काफिला लेकर वह 32 गांवों में जाएंगे। वहां पर पंचायत की जमीन पर पांच झंडे गाड़कर जमीन नहीं बेचने का आह्वान किया जाएगा। बैंस के अनुसार इस अभियान को पंजाब के 12 हजार 278 गांवों में लेकर जाएंगे। इसमें पंचायतों से अपील की जाएगी कि वह पंचायती जमीन बेचने के लिए कोई प्रस्ताव पारित न करें। वहीं इस मुद्दे को लेकर हाईकोर्ट में अवमानना की याचिका भी दायर की जाएगी।
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विधायक बैंस ने बताया कि पंचायत जमीनों को कौड़ियों के भाव बेचने के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर थी। इसकी जांच के लिए जस्टिस कुलदीप की अगुवाई में एक कमेटी का गठन हुआ था। इस कमेटी ने हाईकोर्ट में पेश रिपोर्ट में खुलासा किया था कि किस तरह कुछ नेताओं और अफसरशाही ने मिलकर पंचायती जमीनों को निजी लोगों के नाम पर किया है। 
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2012 में हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को आदेश जारी किए थे कि वह पंचायती जमीनों को इंतकाल निजी लोगों से दोबारा पंचायत के नाम पर करवाएं। पंजाब सरकार ने भी कागजी कार्रवाई करते सभी डीसी को लेटर जारी कर कार्रवाई करने के लिए निर्देश दिए लेकिन कुछ नहीं हुआ।


अब पंजाब सरकार ने पंचायती जमीनों को बेचने के लिए लैंड बैंक एक्ट बना डाला है। इसमें नोडल एजेंसी पंजाब स्मॉल इंडस्ट्री एंड एक्सपोर्ट कारपोरेशन को बनाया गया है। पंचायत की जमीन को बेचने का सरकार के पास कोई अधिकार नहीं है। इस समय राज्य में 1.35 लाख एकड़ जमीन पंचायतों के पास है। लगभग 33 हजार अनुसूचित परिवार इस जमीन पर खेती कर अपना परिवार पाल रहे है। सरकार को हर साल 340 करोड़ रुपये की आय होती है।  

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