मौसम: मानसून की विदाई में बचे सिर्फ 24 दिन, पंचकूला-मोहाली में 50 फीसदी से कम बारिश, चंडीगढ़ भी रहा सूखा
30 अगस्त तक चंडीगढ़ में 696 एमएम बारिश के बजाय 427 एमएम बारिश दर्ज हुई है। जानकारों का कहना है कि मानसून की विदाई से पहले यदि बारिश नहीं हुई तो इस बार का मानसून पांच साल में सबसे सूखा कहलाएगा।
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मानसून सीजन खत्म होने को है। 23 सितंबर या उससे पहले कभी भी साल 2021 के मानसून की विदाई हो सकती है। मौसम विभाग की ओर से अभी तक बारिश के जो आंकड़े पेश किए हैं, उस लिहाज से ट्राइसिटी की स्थिति सुखद नहीं है। लोगों को फिलहाल अब तक झमाझम बारिश देखने को नहीं मिली है।
ट्राइसिटी में सबसे खराब स्थिति पंचकूला की है। यहां मानसूनी बारिश में करीब 52 फीसदी की कमी दर्ज की गई है। पंचकूला में अब तक मात्र 366.2 मिलीमीटर (एमएम) बारिश हुई है, जबकि अब तक 756 एमएम बारिश हो जानी चाहिए थी। ऐसा ही कुछ हाल पड़ोसी शहर मोहाली का भी है।
मोहाली में अब तक करीब 50 फीसदी कम बारिश हुई है। मानसून सीजन में अब तक 229.6 एमएम बारिश हो चुकी है, जबकि इस समय तक करीब 459.8 होनी चाहिए थी। चंडीगढ़ की भी स्थिति ठीक नहीं है। जुलाई के बाद अगस्त में भी पांच साल में सबसे कम बारिश रिकार्ड हुई है। चंडीगढ़ में भी मानसूनी बारिश में करीब 40 फीसदी की गिरावट है। 30 अगस्त तक चंडीगढ़ में 696 एमएम बारिश के बजाय 427 एमएम बारिश दर्ज हुई है। जानकारों का कहना है कि मानसून की विदाई से पहले यदि बारिश नहीं हुई तो इस बार का मानसून पांच साल में सबसे सूखा कहलाएगा। हालांकि अगले कुछ दिन तक बारिश की ज्यादा उम्मीद नहीं है। अगले एक हफ्ते तक शुष्क मानसून जैसी स्थिति बनी रहने की उम्मीद है।
क्यों कम हुई मानसून में बारिश
चंडीगढ़ मौसम विभाग के निदेशक मनमोहन सिंह ने बताया कि इस बार जुलाई का महीना काफी सूखा रहा है। कई दिन बिना बारिश के गुजर गए। जुलाई में मात्र 128.6 एमएम बारिश रिकॉर्ड हुई है, जो पांच साल में जुलाई के महीनों की सबसे कम रही है। उनका कहना है कि इस बार निम्न दबाव का जो क्षेत्र बने थे, वे ज्यादा सक्रिय नहीं रहे। उनकी पहुंच मध्य भारत तक रही। इस वजह से मध्यप्रदेश व छत्तीसगढ़ में अच्छी बारिश रिकार्ड हुई है। उत्तर व पश्चिम भारत में इसका प्रभाव कम देखने को मिला है। हालांकि मनमोहन सिंह का यह भी कहना है कि हरियाणा के कुछ जिलों में अच्छी बारिश भी देखने को मिली है। फतेहाबाद में 72 फीसदी, झज्जर में 78 फीसदी, कैथल में 63 फीसदी ज्यादा बारिश हुई है।
आगे कैसा रहेगा मौसम
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अब आगे मौसम शुष्क रहेगा। हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। तेज बारिश की उम्मीद अब कम है। अगले दो से तीन दिन बाद सामान्य से तीन से चार डिग्री ज्यादा तापमान दर्ज किए जा सकते हैं, लेकिन 40 डिग्री से ज्यादा तापमान नहीं बढ़ेगा।
रात के तापमान में ज्यादा बढ़ोतरी नहीं होगी। नमी बढ़ सकती है। अगले तीन दिन अधिकतम तापमान 34 से 33 डिग्री और न्यूनतम तापमान 24 से 25 डिग्री के बीच रिकॉर्ड किया जा सकता है। मंगलवार को अधिकतम तापमान 32.9 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया, जो सामान्य से एक डिग्री कम रहा, जबकि न्यूनतम तापमान 24.8 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया, जो सामान्य से एक डिग्री ज्यादा रहा।