{"_id":"5d1b96d28ebc3e3cd810e564","slug":"justice-anupendra-grewal-separated-himself-from-hearing-on-pawan-insas-s-petition","type":"story","status":"publish","title_hn":"राम रहीम के करीबी पवन इंसा की याचिका पर सुनवाई से जस्टिस अनुपेंद्र ग्रेवाल ने किया खुद को अलग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
राम रहीम के करीबी पवन इंसा की याचिका पर सुनवाई से जस्टिस अनुपेंद्र ग्रेवाल ने किया खुद को अलग
Wed, 03 Jul 2019 01:13 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Wed, 03 Jul 2019 01:13 AM IST
विज्ञापन
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
- फोटो : File Photo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के जस्टिस अनुपेंद्र ग्रेवाल ने डेरामुखी के करीबी पवन इंसा की याचिका पर सुनवाई से खुद को अलग कर कर लिया है।
विज्ञापन
इसके साथ ही मामले की सुनवाई के लिए नई बेंच का निर्धारण करने के लिए केस को चीफ जस्टिस को रेफर कर दिया है। पवन ने पंचकूला में दर्ज एफआईआर में मनी लॉंड्रिंग पक्ष की जांच ईडी से करवाने के आदेशों को चुनौती दी है।
विज्ञापन
पवन इंसा ने एडवोकेट जसदेव मेंहदीरत्ता के माध्यम से याचिका दाखिल करते हुए बताया कि 25 अगस्त 2017 को पंचकूला की सीबीआई अदालत ने डेरामुखी को साध्वी यौन शोषण मामले में दोषी करार दिया था।
विज्ञापन
इसके बाद पंचकूला में हुए दंगों की साजिश रचने के आरोप में याची पर पंचकूला पुलिस ने सेक्टर-5 पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज की थी।
पवन इंसा पर आरोप है कि इन दंगों की साजिश उसने रची थी। अब इस एफआईआर में मनी लॉंड्रिंग के पक्ष की जांच के लिए ईडी को सौंप दिया है।
ऐसा इसलिए किया गया है ताकि ईडी पता लगा सके कि इन दंगों के लिए पैसा कहां से जुटाया गया था। इसी मामले में ईडी को अब पवन इंसा के बयान दर्ज करने हैं। इसी को पवन इंसा ने हाईकोर्ट में चुनौती दी है।