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जाट आरक्षण: 11 महीने बाद फिर से धरना शुरु, 10 जिलों में धारा 144

Sun, 29 Jan 2017 04:18 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा)
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा) Updated Sun, 29 Jan 2017 04:18 PM IST
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jaat reservation protest will start today in haryana
जाटों का प्रदेश भर में धरना आज से - फोटो : अमर उजाला
शासन-प्रशासन की अपील और खापों के एक गुट की बेरुखी को दरकिनार कर अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति ने आज से प्रदेश भर में धरना शुरु कर दिया है। धरने में गुरुग्राम, मेवात व पंचकूला को शामिल नहीं किया गया है। पिछले आंदोलन में फजीहत झेल चुकी सरकार भी इस बार आंदोलन से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क है।
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रोहतक, झज्जर, सोनीपत, जींद, हिसार समेत 10 जिलों में धारा 144 लागू कर दी गई है। संवेदनशील जिलों में पुलिस के साथ अर्ध सैनिक बलों ने मोर्चा संभाल लिया है। मुनक नहर, रेलवे और बस स्टेशनों पर कड़ी चौकसी रखी जा रही है। शहरों में जगह-जगह नाकाबंदी कर दी गई है। शनिवार को सुरक्षा बलों ने कई जगह फ्लैग मार्च कर जनता में सुरक्षा के प्रति विश्वास जगाने की कोशिश की। प्रशासन ने कानून हाथ में लेने वालों, सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वालों पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है।
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हरियाणा में अध्यादेश लाकर जाट जाति को पिछड़ा वर्ग की सूची में शामिल करने और उसके बाद विधानसभा के सत्र में बिल लाकर हरियाणा के जाटों को आरक्षण देने, पिछले आंदोलन के दौरान दर्ज मुकदमों को रद्द करने, गिरफ्तार युवाओं को रिहा करने, आंदोलन में मारे गए युवकों के परिजनों को नौकरी-मुआवजा देने आदि मांगों को लेकर अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के अध्यक्ष यशपाल मलिक के आह्वान पर सोमवार को धरनों की तैयारी पूरी कर ली गई हैं। कुछ जिलों में धरनास्थल पर सहमति बन गई है तो कैथल, पानीपत, हिसार समेत कई जिलों में इसको लेकर प्रशासन और जाट आरक्षण संघर्ष समिति आमने-सामने हैं। 
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मुनक नहर, सार्वजनिक स्थानों पर कड़ी सुरक्षा

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Jat Reservation Protest - फोटो : अमर उजाला
इधर, रोहतक शहर के सेक्टर 6 में जाट जागृति सेना का धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। जबकि जसिया में अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के बैनर तले रविवार से धरना शुरू किया जाएगा। जसिया में पूरा दिन धरने की तैयारियां चलती रही। बारिश की वजह से प्रस्तावित धरना स्थल पर पानी भरने से जमीन गीली हो गई तो दूसरी जगह पर धरना दिया जाएगा।

आधा किमी दूर सड़क के दोनों ओर फोर्स का टेंट लगाया जाएगा। जिले में धारा 144 लागू करने के साथ शहर में करीब 17 जगहों पर नाकेबंदी करके हथियारबंद पुलिस कर्मियों की तैनाती कर दी गई है। एक कंपनी कमांडो, दो कंपनी आरएएफ, 12 कंपनी पुलिस और 2 कंपनी होमगार्ड की तैनात की गई है। शनिवार को रोहतक, पानीपत, झज्जर, सोनीपत, जींद, हिसार, फतेहाबाद, कैथल, कुरुक्षेत्र समेत तमाम जगह फोर्स ने फ्लैग मार्च किया। सभी जिलों में प्रशासन ने ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त कर दिए हैं। सरकारी कर्मचारियों की छुट्टियां पहले ही रद्द की जा चुकी हैं।
 
मुनक नहर, सार्वजनिक स्थानों पर कड़ी सुरक्षा
करनाल, सोनीपत में मुनक नहर की सुरक्षा में अर्धसैनिक बल तैनात है। आरएएफ लगातार नहर पर नजर बनाए हुए है। सभी जिलों में रेलवे स्टेशन और बस अड्डे पर भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है। जेलों के इर्द-गिर्द भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है।

सेना भी तैयार, सरकार के इशारे का इंतजार

jaat reservation protest will start today in haryana
आरक्षण के लिए जाटों ने भरी हुंकार - फोटो : अमर उजाला
सेना भी तैयार, सरकार के इशारे का इंतजार
अंबाला। जाट आरक्षण आंदोलन के पिछले अनुभव के चलते अंबाला में सेना भी अपनी तरफ से तैयार है। सेना के सूत्रों के अनुसार हर जिले की रिपोर्ट तैयार की जा रही है। वैसे तो इस बार हालात सामान्य रहने की उम्मीद है लेकिन यदि जरूरत पड़ने पर सरकार का इशारा होता है तो सेना भी मोर्चा संभालने के लिए तैयार है।

कहां-कहां धारा 144
सिरसा, झज्जर, रोहतक, फतेहाबाद, जींद, हिसार, सोनीपत, अंबाला, कैथल, कुरुक्षेत्र

इन जिलों में होगा धरना
रोहतक, झज्जर, सोनीपत, भिवानी, चरखीदादरी, रेवाड़ी, सिरसा, फतेहाबाद, जींद, हिसार, पानीपत, करनाल, कुरुक्षेत्र, अंबाला, कैथल
(यमुनानगर में धरना 31 से, नारनौल में अभी कार्यक्रम तय नहीं)

सरकार वादा करने के बाद मांगें नहीं मान रही : यशपाल
जाट आरक्षण को लेकर प्रदेश सरकार की ओर से मांगें न माने जाने पर अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति रविवार से अनिश्चितकालीन धरने पर रहेगी। सरकार वादा करने के बाद भी उनकी मांगें नहीं मान रही है। इस कारण ये कदम उठाया जा रहा है। जो लोग आंदोलन को खत्म करने या समझौते को लेकर सरकार से बातचीत कर रहे हैं, वह सरकार के एजेंट हैं और आंदोलन को सफल नहीं होने देना चाहते हैं।- यशपाल मलिक, अध्यक्ष अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति।
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