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अब पंजाब पर ISI की नजर, पूरे षड्यंत्र को लेकर हुए कई चौंकाने वाले खुलासे

Fri, 16 Nov 2018 11:31 AM IST
सुरिंदर पाल, अमर उजाला, जालंधर (पंजाब)
सुरिंदर पाल, अमर उजाला, जालंधर (पंजाब) Updated Fri, 16 Nov 2018 11:31 AM IST
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ISI want to infiltrate from punjab border
सांकेतिक तस्वीर

पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी की नजर अब पंजाब बार्डर पर है। आईएसआई ने पंजाब की सीमा में सेंध लगाने की जिम्मेदारी भी पंजाब के आतंकी गुट बब्बर खालसा और खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स को सौंपी है। आईबी के आला अधिकारियों के मुताबिक, यह कदम आईएसआई का नया पैंतरा है। जम्मू-कश्मीर के साथ लगती अंतरराष्ट्रीय सीमा पर तनाव बना हुआ है। 

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दोनों तरफ से गोलीबारी आम बात हो चुकी है। अब मौसम भी ठंड और बर्फबारी का आ चुका है। इस कारण आईएसआई को जम्मू कश्मीर से अपने आतंकवादियों की घुसपैठ करवाना मुश्किल हो गया है। अब उसने पंजाब की सीमा, जो जम्मू-कश्मीर या दूसरी तरफ पाकिस्तान के दरियाई इलाकों के साथ या नजदीक पड़ती है, के रास्ते घुसपैठ करवाने की योजना बनाई है।  
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आईबी के सूत्रों के मुताबिक, बारिश के बाद पाकिस्तान रावी सहित उज्ज दरिया, जलालिया और तरनाह दरियाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने की कोशिश में है। दरअसल, पाकिस्तान के मुकाबले भारतीय इलाका लगभग 6-7 फुट ढलान पर होने के कारण दरियाओं में बहते पानी का दबाव और बहाव भारतीय इलाके की तरफ बना रहता है।

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ISI want to infiltrate from punjab border
सांकेतिक तस्वीर

 इस कारण आतंकवादियों को बिना हाथ-पैर मारे पानी के रास्ते घुसपैठ करना आसान हो जाता है। पाकिस्तान पहले भी दो संगीन वारदात के लिए पंजाब बार्डर का इस्तेमाल कर चुका है, जिसमें पठानकोट एयरबेस और दीनानगर थाने में हुआ आतंकी हमला शामिल है। 

अब पाकिस्तान को पंजाब की सीमा फिर से सेफ नजर आने लगी है। सूत्रों के मुताबिक पंजाब में आतंकवादियों की घुसपैठ करवाने की जिम्मेदारी आईएसआई ने पाकिस्तान में शरण लिए खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स के चीफ रंजीत सिंह नीटा और बब्बर खालसा को सौंपी है। नीटा और बब्बर खालसा का वधावा सिंह पंजाब की सीमा से पूरी तरह से परिचित हैं। 

जालंधर के सीटी इंस्टीट्यूट के विद्यार्थियों से बरामद हथियारों की खेप भी इसी रास्ते से पंजाब में दाखिल करवाई गई थी, जिसको आगे जम्मू-कश्मीर के आतंकवादियों तक पहुंचाया जाना था। रंजीत सिंह नीटा 1991 में पाकिस्तान चला गया था। इसके बाद वह नहीं लौटा। हालांकि समय-समय पर वह घुसपैठ करवाने तथा नशीले पदार्थ पंजाब की सीमा के रास्ते भेजने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता आया है।

आईबी के मुताबिक, नीटा कई बार भारत-पाकिस्तान सीमा पर पाकिस्तानी रेंजर के साथ देखा गया है। अब आईएसआई के आदेश पर नीटा ने कश्मीर में आतंकवादियों को भेजने के लिए पंजाब के रास्ते घुसपैठ करवाने की कोशिश के अधीन सीमावर्ती इलाकों का पूरा खाका तैयार किया है। वहीं बब्बर खालसा के वधावा सिंह का पंजाब में अपना बड़ा नेटवर्क है। 

आईएसआई ने ही अंसार गजवा तुल हिंद और जैश ए मोहम्मद का टाईअप खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स व बब्बर खालसा के साथ करवाया है जिससे पंजाब सीमा के जरिए घुसपैठ की आशंका बढ़ चुकी है। 

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