फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Independence march on 31 October against Imran's government

इमरान सरकार के खिलाफ 31 अक्तूबर को आजादी मार्च 

Mon, 21 Oct 2019 03:43 AM IST
दुष्यंत शर्मा अशोक नीर, अमृतसर
अशोक नीर, अमृतसर Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Mon, 21 Oct 2019 03:43 AM IST
विज्ञापन
Independence march on 31 October against Imran's government
पाक पीएम इमरान खान (फाइल फोटो) - फोटो : ANI

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान को अब अपने घर में ही नई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। इमरान खान को मिल रही इन चुनौतियों का प्रभाव श्री गुरु नानक देव के 550वें प्रकाश पर्व पर पाकिस्तान आने वाली नानक नाम लेवा संगत पर पड़ सकता है। 

विज्ञापन


पाकिस्तान की एक पार्टी जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम के नेता मौलाना फजलुर्रहमान ने इमरान सरकार को सत्ता से हटाने के लिए 31 अक्तूबर को इस्लामाबाद तक ‘आजादी मार्च’ निकालने का ऐलान किया था। 
विज्ञापन


पाकिस्तान के अलग-अलग सिख संगठनों ने मौलाना फजलुर्रहमान से इस आजादी मार्च को स्थगित करने की अपील की है। इसी दिन से दुनिया भर से सिख तीर्थ यात्री श्री गुरु नानक देव के 550वें प्रकाश पर्व के लिए पाकिस्तान में प्रवेश करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


पाकिस्तान गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष भाई सतवंत सिंह, पूर्व अध्यक्ष भाई बिशन सिंह सहित खालिस्तानी गोपाल चावला ने मौलाना फजलुर्रहमान से कहा है कि 550वें प्रकाश पर्व के समागमों में हिस्सा लेने के लिए सिख तीर्थ यात्री 31 अक्तूबर से पाकिस्तान आना शुरू हो जाएंगे। 

इन पाकिस्तानी सिख नेताओं के अनुसार भारत-पाकिस्तान अगले सप्ताह करतारपुर कॉरिडोर समझौते पर हस्ताक्षर करेंगे। कनाडा, यूरोप, अमेरिका, ब्रिटेन विशेषकर भारत से आने वाले सिख तीर्थयात्रियों ने जेयूआई-एफ द्वारा निकाले जा रहे आजादी मार्च को लेकर अपनी सुरक्षा पर चिंता जताई थी। 

पाकिस्तानी सिखों ने फजल को अपना आंदोलन स्थगित करने को कहा है ताकि प्रकाश पर्व पर गुरुद्वारा करतारपुर साहिब व गुरुद्वारा ननकाना साहिब में माथा टेकने के लिए आने वाले श्रद्धालु शांतिपूर्वक अपने धार्मिक अकीदा कर सकें। 

कोई भी राजनीतिक अराजकता देश में कानून और व्यवस्था की स्थिति को प्रभावित करेगी। पाकिस्तानी सिख नेताओं ने फजल से कहा कि सरकार का विरोध करना सभी का मौलिक अधिकार है लेकिन सिखों के धार्मिक समागमों के मद्देनजर, फजल को सरकार के विरोध का कार्यक्रम स्थगित कर देना चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर विदेश से सिख राजनीतिक अराजकता के कारण पाकिस्तान आने से इनकार कर देंगे तो इससे पाकिस्तान का ही नुकसान होगा।  

ईटीपीबी ने गुरुद्वारा मल्ल साहिब का करवाया जीर्णोद्धार
इसी बीच पाकिस्तान अकाफ बोर्ड (ईटीपीबी) ने श्री ननकाना साहिब के नजदीक स्थित गुरुद्वारा श्री मल्ल जी साहिब का जीर्णोद्धार पूरा करवाया है। ननकाना साहिब की घनी आबादी के बीचों-बीच स्थित इस ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब के कार सेवा का काम बीते 9 माह से चल रहा था। श्री गुरु नानक देव के जीवन प्रसंग के साथ जुड़े इस गुरुद्वारा साहिब का निर्माण महाराजा रंजीत सिंह के शासन काल में हुआ था। 

1932 में जब एसजीपीसी का गठन हुआ था, तब इस गुरुद्वारा साहिब के मुख्य भवन की कार सेवा की गई थी। देश विभाजन के बाद इस गुरुद्वारा को संगत के लिए खोलने के कई बार प्रयास किए गए। 2015 में ईटीपीबी ने इस गुरुद्वारा साहिब को दर्शनों के लिए खोल दिया था। अब 550वें प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में इस गुरुद्वारा साहिब के प्रांगण में संगमरमर की सेवा की गई है। 


गुरुद्वारा साहिब के प्रवेश द्वार और परिक्रमा में संगमरमर की बड़ी-बड़ी रंगोली बनाई गई हैं। प्रकाश पर्व पर श्री ननकाना साहिब के दर्शनों के लिए जाने वाले श्रद्धालु इस ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब के दर्शन भी कर सकेंगे। इस गुरुद्वारा साहिब के मुख्य भवन की वास्तुकला के साथ कोई भी छेड़छाड़ नहीं की गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed