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'आज की राजनीति में ईमानदारी एक अभिशाप है'

Tue, 28 Jul 2015 02:30 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, यमुनानगर
ब्यूरो/अमर उजाला, यमुनानगर Updated Tue, 28 Jul 2015 02:30 PM IST
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honesty is a curse in indian politics, anil vij tweeted

आज की राजनीति में ईमानदारी के रास्ते पर चलना एक अभिशाप है। यह कहना है हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज का। उन्होंने यह बात अपने ट्वीटर पर कही और उनका यह कथन राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया है।

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बता दें कि पिछले कई दिनों ने मंत्री विज और सरकार के बीच जासूसी कराए जाने को लेकर तनातनी चल रही है। हालांकि मसूरी से लौटने के बाद विज मामले को लेकर थोड़े ठंडे नजर आए, लेकिन अपने इस ट्वीट के जरिए उन्होंने दिल का दर्द बयां किया।

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कोई नंबरबाज भी करा सकता है जासूसी

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तीन दिन पहले तक अपनी जासूसी को लेकर तल्ख तेवर दिखाने वाले स्वास्थ्य मंत्री हिल स्टेशन मसूरी से लौटने के बाद ठंडे नजर जाए। यमुनानगर रुके स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि उनकी जासूसी करवाने वाला कोई नंबरबाज अधिकारी भी हो सकता है। विज ने कहा कि इस इस मामले में उन्होंने कभी नहीं कहा कि सरकार उनकी जासूसी करवा रही है।

विज भाजपा नेता राकेश त्यागी के घर पर पत्रकारों से बात कर रहे थे। स्वास्थ्य मंत्री ने कांग्रेस को भटकती आत्मा करार देते हुए कहा कि आजादी के बाद देश और प्रदेश का कोई विकास नहीं हो पाया है। कांग्रेस शासन में देश की स्थिति वैसी ही रही, जैसी आजादी से पहले थी।

उधर, पूर्व मुख्य संसदीय सचिव और हरियाणा कांग्रेस के प्रवक्ता रणसिंह मान ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा है कि अंतर्कलह में फंसी खट्टर सरकार विकास और सुशासन के मामले में 9 महीने के शासन में दो कदम भी नहीं चली है।

विज को मीडिया के पास नहीं जाना चाहिए था

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स्वास्थ्य मंत्री विज की जासूसी के मामले में कृषि मंत्री ओपी धनखड़ ने कहा है कि विज ओवर सेंसिटिव हो गए थे। उन्हें किसी पर संदेह हुआ था तो उन्हें मुख्यमंत्री से बातचीत करनी चाहिए। सीधा मीडिया के पास नहीं जाना चाहिए था। इंटेलीजेंस बहुत जरूरी होती है। वह दो तरह की होती है निगेटिव और पॉजीटिव।

हजारों लोग कार्यालय में आते हैं, जिन्हें हम नहीं जानते है। ऐसे में इंटेलीजेंस का ही काम होता है उन पर नजर रखना। एचएयू में सोमवार को एक निजी चैनल के कार्यक्रम में छात्रों के सवालों के जवाब देते हुए कृषि मंत्री धनखड़ ने यह शब्द कहे। एचएयू के एग्रीकल्चर विभाग के ऑडिटोरियम में कार्यक्रम आयोजित किया गया था।

भ्रष्टाचार के सवाल पर बोलते हुए कृषि मंत्री ने कहा कि इसे खत्म करने के लिए सिस्टम में बदलाव लाने की जरूरत है। जरूरत है कि हम इस सिस्टम को किस तरह से हैंडल करे। चक दे इंडिया की तरह ही भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए अधिकारियों को एक टीम की तरह काम करना होगा। उन्होंने कहा कि जहां कभी कुछ गलत हो मुझे व्हाट्स एप करें।

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विज की जासूसी मामले में नहीं सौंपी रिपोर्ट

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हरियाणा में मंत्रियों की जासूसी के मामले की रिपोर्ट पुलिस के गले की फांस बन गई है। पुलिस को यह साबित करने में पसीना आ रहा है कि सीआईडी कर्मचारी स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज के कमरे के बाहर जासूसी करने नहीं गया था।सोमवार देर शाम तक इस मामले की रिपोर्ट संबंधित जांच अधिकारी ने नहीं सौंपी है।

हालांकि, अभी तक इस मामले से जुड़े सभी प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी दर्ज नहीं हुए हैं, लेकिन पुलिस पर दबाव है कि वह एक-दो दिन के भीतर ही अपनी रिपोर्ट पेश करे। उधर, सोमवार को स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज मसूरी से अंबाला पहुंच चुके हैं। मंगलवार को उनके सचिवालय में आने के बाद इस मामले में कुछ खुलासा हो सकता है।

अनिल विज ने इस संदर्भ में शुक्रवार का आरोप लगाया था कि उनकी जासूसी हो रही है। इसके बाद से ही हरियाणा पुलिस प्रकरण की जांच कर रही है। मामले में मीडिया कर्मियों से लेकर विज के स्टाफ तक से पूछताछ हो चुकी है, लेकिन अभी तक कोई निष्कर्ष निकल कर सामने नहीं आया है।

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