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हाईकोर्ट ने तय की व्यापारियों की कन्वर्जन फीस
ब्यूरो/अमर उजाला,चंडीगढ़
Updated Sat, 01 Feb 2014 01:17 PM IST
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चंडीगढ़ में औद्योगिक साइटों के कामर्शियल गतिविधियों में उपयोग में लाने के लिए कन्वर्जन फीस 29 हजार 713 रुपये प्रति स्क्वायर फुट ही होगी।
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने व्यापारियों को झटका देते हुए चंडीगढ़ प्रशासन की उस एलपीए को स्वीकार कर लिया है जो सिंगल बेंच के आदेशों के खिलाफ दाखिल हुई थी।
जस्टिस एसके मित्तल एवं जस्टिस अमोल रत्न सिंह पर आधारित खंडपीठ ने मामले पर फैसला सुनाया है। हाईकोर्ट ने चंडीगढ़ प्रशासन की अपील को स्वीकार करते हुए अन्य याचिकाओं को रद्द कर दिया।
चंडीगढ़ प्रशासन ने सिंगल बेंच के 7 अप्रैल 2011 को जारी आदेशों को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। सिंगल बेंच ने अपने आदेशों में कहा था कि नोटिफिकेशन जारी होने के तीन सालों को कैलकुलेट करना जरूरी है, जिससे एक्सटेंशन पीरियड दिया जा सके।
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सिंगल बेंच ने कहा था कि कनवर्जन फीस तीन सालों के बीच होने वाले ऑक्शन की अवधि के जरिए कैलकुलेट की जानी जरूरी है।
सिंगल बेंच ने उन याचिकाओं पर अपने आदेश जारी किए थे जिसमें चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा अतिरिक्त कनवर्जन फीस वसूलने के निर्देश जारी करने को चुनौती दी थी।
यह है मामला :
चंडीगढ़ प्रशासन ने इंडस्ट्रियल एरिया के फेस 1 और फेस 11 में 2005 की स्कीम के तहत कनवर्जन फीस 20 हजार रुपये से बढ़ाकर 29713 रुपये निर्धारित की थी।
चंडीगढ़ प्रशासन के इस फैसले को औद्योगिक एरिया में कामर्शियल गतिविधियों शुरू करने वाले व्यापारियों ने चुनौती दी थी। सिंगल बेंच ने इस मामले में व्यापारियों के हित में फैसला सुनाया था, जिसे बाद में चंडीगढ़ प्रशासन ने एलपीए के जरिए हाईकोर्ट में चुनौती दी थी।
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पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने व्यापारियों को झटका देते हुए चंडीगढ़ प्रशासन की उस एलपीए को स्वीकार कर लिया है जो सिंगल बेंच के आदेशों के खिलाफ दाखिल हुई थी।
जस्टिस एसके मित्तल एवं जस्टिस अमोल रत्न सिंह पर आधारित खंडपीठ ने मामले पर फैसला सुनाया है। हाईकोर्ट ने चंडीगढ़ प्रशासन की अपील को स्वीकार करते हुए अन्य याचिकाओं को रद्द कर दिया।
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चंडीगढ़ प्रशासन ने सिंगल बेंच के 7 अप्रैल 2011 को जारी आदेशों को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी। सिंगल बेंच ने अपने आदेशों में कहा था कि नोटिफिकेशन जारी होने के तीन सालों को कैलकुलेट करना जरूरी है, जिससे एक्सटेंशन पीरियड दिया जा सके।
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सिंगल बेंच ने कहा था कि कनवर्जन फीस तीन सालों के बीच होने वाले ऑक्शन की अवधि के जरिए कैलकुलेट की जानी जरूरी है।
सिंगल बेंच ने उन याचिकाओं पर अपने आदेश जारी किए थे जिसमें चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा अतिरिक्त कनवर्जन फीस वसूलने के निर्देश जारी करने को चुनौती दी थी।
यह है मामला :
चंडीगढ़ प्रशासन ने इंडस्ट्रियल एरिया के फेस 1 और फेस 11 में 2005 की स्कीम के तहत कनवर्जन फीस 20 हजार रुपये से बढ़ाकर 29713 रुपये निर्धारित की थी।
चंडीगढ़ प्रशासन के इस फैसले को औद्योगिक एरिया में कामर्शियल गतिविधियों शुरू करने वाले व्यापारियों ने चुनौती दी थी। सिंगल बेंच ने इस मामले में व्यापारियों के हित में फैसला सुनाया था, जिसे बाद में चंडीगढ़ प्रशासन ने एलपीए के जरिए हाईकोर्ट में चुनौती दी थी।