विधानसभा में भिड़े मजीठिया और सिद्धू, पूर्व सीएम ने कहा- नवजोत सिद्धू पर देशद्रोह का केस दर्ज हो
बजट सत्र के दौरान सोमवार को एक बार फिर निकायमंत्री नवजोत सिद्धू और शिअद महासचिव बिक्रम मजीठिया भिड़ गए। माहौल इतना गर्मा गया कि कि स्पीकर को सदन की कार्यवाही स्थगित कर शिअद-भाजपा विधायकों को नेम्ड कर बाहर भेजना पड़ा। प्रश्नकाल शुरू होते ही काली पट्टियां बांध कर पहुंचे शिअद-भाजपा विधायकों ने सिद्धू के खिलाफ बोलना शुरू किया। स्पीकर ने शांत कराया।
जैसे ही वित्तमंत्री मनप्रीत बादल ने बजट पढ़ना शुरू किया। वे उनकी कुर्सी के पास आकर नारेबाजी करने लगे। मनप्रीत के ठीक बगल में ही सिद्धू बैठते हैं। विपक्षी पुलवामा हमले के बाद सिद्धू के बयान को लेकर कार्रवाई की मांग कर रहे थे। उन्होंने पाक सेना प्रमुख और वहां की गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान गोपाल चावला के साथ सिद्धू की तस्वीरें लहराते हुए नारेबाजी शुरू कर दी।
सिद्धू ने भी खड़े होकर आक्रामक अंदाज में जवाबी हमला करना शुरू कर दिया। इस दौरान सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह चुपचाप बैठे रहे। कुछ देर में हालात बेहद खराब हो गए, हाथापाई की नौबत आ गई। बार-बार कहने पर भी जब अकाली-भाजपा विधायक शांत नहीं हुए तो स्पीकर ने उन्हें नेम करके बाहर जाने को कहा और सदन की कार्यवाही बीस मिनट के लिए स्थगित कर दी। विपक्षी जब नारेबाजी करते हुए जा रहे थे तो सिद्धू उनके पीछे जाते नजर आए। कुछ कांग्रेस विधायकों ने उन्हें रोका।
अकालियों ने फूंकी सिद्धू की फोटो
सत्र शुरू होने से पहले अकाली-भाजपा विधायकों ने पाक सेना प्रमुख के साथ नवजोत सिद्धू की फोटो जलाई। बिक्रम मजीठिया ने कहा कि हम इस मामले में कांग्रेस और पंजाब सरकार का स्टैंड जानना चाहते हैं। क्या वे पाक पीएम इमरान खान और सेना प्रमुख की निंदा करते हैं। सदन में सर्वसम्मति से पुलवामा पर प्रस्ताव पास करने के बाद सिद्धू कह रहे हैं कि पाकिस्तान को या किसी व्यक्ति को दोष नहीं दे सकते।
सिद्धू को कैबिनेट से निकाला जाना चाहिए। सदन से निकाले जाने के बाद मजीठिया ने कहा कि वह पाकिस्तान को आतंकी देश घोषित करने का प्रस्ताव पेश करना चाहते थे, पर उन्हें इजाजत नहीं दी गई। हम केंद्र से मांग करना चाहते थे कि पाक को आतंकी देश घोषित कर भारत में दहशत फैलाने के लिए इस पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही सिद्धू द्वारा पाक का बचाव कर देश के शहीदों के अपमान करने के लिए उनकी निंदा करना चाहते थे। परमिंदर ढींडसा ने इसके लिए स्पीकर से समय मांगा था। उन्होंने आश्वासन भी दिया था कि बोलने देंगे। पर एक कांग्रेस विधायक को प्रस्ताव पढ़ने दिया गया, हमें नहीं।
सिद्धू पर देशद्रोह का केस दर्ज हो : बादल
पूर्व सीएम प्रकाश सिंह बादल ने मांग है कि नवजोत सिद्धू के खिलाफ राष्ट्रद्रोह का परचा दर्ज किया जाना चाहिए। वह पुलवामा आतंकी हमले के बाद पाक और उसकी खुफिया एजेंसी को क्लीन चिट दे रहे हैं। सिद्धू ने यह कह कर कि आतंकी हमले के लिए पाकिस्तान को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता, देश विरोधी हरकत की है।
जबकि हमले की जिम्मेदारी लेने वाले आतंकी संगठन जैसे-मोहम्मद को पाक सरकार की हिमायत हासिल है। बादल ने राहुल गांधी से मांग की कि सिद्धू को कैबिनेट से निकाला जाए। उन्होंने कहा कि कितनी हैरानी की बात है कि राहुल ने हमले की निंदा की है। जबकि उनका ही एक मंत्री इस दहशतगर्दी के बाद पाक का बचाव कर रहा है।