अब हार्ट के इलाज खर्च में होगी कमी, सस्ता हो सकता है स्टेंट का मूल्य
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हृदय की धमनियों में लगने वाले स्टेंट के मूल्य और कम हो सकते हैं। नेशनल फार्मा प्राइसिंग अथॉरिटी (एनपीपीए) ने इसकी कीमतों पर लगाम कसने की कवायद शुरू कर दी है। इसके तहत स्टेंट की मैक्सिम रिटेल प्राइस (एमआरपी) में कटौती की जा सकती है।
मौजूदा समय में स्टेंट की एमआरपी 80 हजार से एक लाख 80 हजार रुपये है। डिस्काउंट देकर भी स्टेंट को मनमाने ढंग से बेचा जाता है। कोई कंपनी 30 हजार में बेचती है तो कोई 40 हजार में।
सूत्रों के अनुसार सरकार स्टेंट की एमआरपी 25 से 30 हजार के बीच फिक्स करने जा रही है। पीजीआई की अमृत फार्मेसी में स्टेंट की कीमत 22500 रुपये है। सूत्रों के अनुसार एमआरपी कम होने से अमृत फार्मेसी में बिकने वाले स्टेंट की कीमत में भी दो से तीन हजार रुपये की कमी हो सकती है।
कई सालों से चल रही थी मांग
यह भी बताया गया है कि स्टेंट बनाने वाली कंपनियों, स्टेंट इंपोर्र्र्टस, उद्योग संगठन और कार्डियोलाजिस्ट की मीटिंग बुलाई गई है। मीटिंग में सभी कंपनियों व स्टेंट इंपोर्ट्रस से उनके मूल्यों की लिस्ट मांगी जाएगी। उसके बाद स्टेंट की कीमतों को कम करने पर विचार किया जाएगा।
कई सालों से चल रही थी मांग
स्टेंट के मूल्य कम करने के लिए पिछले कई सालों से मांग चल रही थी। प्राइवेट हो या सरकारी अस्पताल में मनमाने ढंग से स्टेंट बेचे जा रहे थे। दो स्टेंट लगाने पर मरीज से लाख से सवा लाख रुपये वसूल लिए जाते थे।
कई संगठनों ने सरकार से इसे ड्रग प्राइस कंट्रोल आर्डर में शामिल करने की मांग चल रही थी। आखिरकार दबाव काम आया और सरकार ने इसे ड्रग प्राइस कंट्रोल आर्डर के शेड्यूल-1 में शामिल कर लिया है। अब एनपीपीए 60 दिन के भीतर इसका एमआरपी कम कर देगा।