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हरियाणा मंत्रिमंडल का विस्तार जल्द, मंथन शुरू

ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Mon, 06 Apr 2015 03:56 PM IST
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haryana ministery expandation by manohar lal khattar

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बंगलूरू में भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक के बाद हरियाणा में मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चा तेज हो गई है। माना जा रहा है कि इसके लिए पार्टी प्रदेश प्रभारी अनिल जैन और मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के बीच अगले सप्ताह बैठक हो सकती है।
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उधर, कार्यकारिणी में भाग लेकर लौटे हरियाणा भाजपा के नेताओं ने मंत्रिमंडल में नए चेहरों के लिए मंथन शुरू कर दिया है। यह भी उम्मीद जताई गई है कि खट्टर कैबिनेट का विस्तार इसी माह हो सकता है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल की कैबिनेट में फिलहाल चार मंत्रियों के स्थान भरे जाने बाकी हैं।


आलाकमान से हरी झंडी मिलने के बाद प्रदेश में चार और मंत्रियों के साथ ही सरकार चुनिंदा विधायकों को एडजेस्ट करने के उद्देश्य से कुछ मुख्य संसदीय सचिव भी बनाने पर विचार कर सकती है।

आठ अप्रैल को केंद्रीय मंत्रिमंडल के संभावित विस्तार को देखते हुए कयास लगाए जा रहे हैं कि उसके तुरंत बाद हरियाणा मंत्रिमंडल का विस्तार कर दिया जाएगा।

सूत्रों के अनुसार, खट्टर मंत्रिमंडल के विस्तार के दौरान पंजाबी, सिख, दलित और वैश्य समाज से मंत्रियों को तरजीह मिल सकती है। इसके साथ ही मौजूदा विधानसभा अध्यक्ष कंवरपाल गुर्जर को भी मंत्री बनाए जाने की चर्चा है।

हालांकि विधानसभा में सरकार अभी उपाध्यक्ष का पद भी नहीं भर सकी है और अध्यक्ष पद खाली हो जाने के बाद उसे इन दो पदों के लिए भी फैसला लेना होगा।

कंवरपाल गुर्जर ने बीते माह विधानसभा के बजट सत्र का जिस सरलता और सत्ता पक्ष व विपक्ष के बीच तालमेल बनाते हुए संचालन किया, उससे उनकी दक्षता को हर किसी ने सराहा है।

प्रदेश में काफी समय तक जारी गुरुद्वारा विवाद को देखते हुए माना जा रहा है कि मंत्रिमंडल विस्तार में भाजपा सिख विधायक बख्शीश सिंह को मंत्री बना सकती है। जबकि मंत्री पद से वंचित विधायकों को सीपीएस में एडजेस्ट किया जा सकता है। प्रदेश प्रभारी अनिल जैन भी बीते दिनों सीपीएस बनाए जाने की संभावना जता चुके हैं।

कुछ जिलों में मिल सकता है प्रतिनिधित्व
सूत्रों का कहना है कि खट्टर मंत्रिमंडल में इस बार प्रदेश के उन जिलों के विधायकों को शामिल किया जा सकता है, जिन्हें मंत्रिमंडल गठन के समय स्थान नहीं मिल सका था। ऐसा होने पर रोहतक, फरीदाबाद और करनाल जिले को मंत्रिमंडल में प्रतिनिधित्व मिलना तय है।

रोहतक से विधायक मनीष ग्रोवर हैं। जबकि फरीदाबाद से विधायक विपुल गोयल और असंध के विधायक बख्शीश सिंह के नामों पर पार्टी विचार कर सकती है। इनके अलावा नारायणगढ़ से विधायक नायब सैनी, भिवानी से घनश्याम सर्राफ,  इसराना से कृष्ण पंवार और नीलोखेड़ी से भगवान दास कबीरपंथी के नाम भी चर्चा में आ गए हैं।

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