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हरियाणा शिक्षा मंत्री ने दी बड़ी राहत, बोले- फीस देने में असमर्थ अभिभावक किस्तों में जमा कराएं
Tue, 26 May 2020 10:21 AM IST
खुशबू गोयल
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Tue, 26 May 2020 10:21 AM IST
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हरियाणा के शिक्षा मंत्री कंवर पाल ने कहा है कि सरकार विद्यार्थियों के अभिभावकों के हितों को ध्यान में रखकर ही कदम उठा रही है। किसी के साथ भेदभाव नहीं होने दिया जाएगा। कोविड-19 के प्रसार को रोकने के लिए पूरे देश में लॉकडाउन के कारण राज्य के सभी स्कूलों को भी बंद करना पड़ा। विद्यार्थियों की शिक्षा को जारी रखने के लिए सरकार ने ऑनलाइन पढ़ाई शुरू की है।
बदली आर्थिक परिस्थितियों को देखते सरकार ने निजी स्कूलों को फीस में बढ़ोतरी न करने, पाठ्यपुस्तकें व वर्दी में बदलाव न करने के निर्देश दिए हैं। यही नहीं अभिभावकों के फीस को लेकर चिंता जताने पर सरकार ने निजी स्कूलों को बिल्डिंग फंड, रखरखाव फंड, प्रवेश शुल्क, कंप्यूटर, ट्रांसपोर्ट फीस आदि न लेकर मासिक आधार पर मात्र ट्यूशन फीस लेने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने कहा कि अगर कोई अभिभावक वर्तमान में फीस देने में असमर्थ है तो वह स्कूल प्रशासन को लिखित रूप में किस्तों में फीस देने का अनुरोध कर सकता है। सरकारी व निजी स्कूलों को अपने कार्यालय खोलने की अनुमति दे दी है ताकि एडमिशन, पाठ्यपुस्तक वितरण इत्यादि आवश्यक कार्य निपटा सकें।
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बदली आर्थिक परिस्थितियों को देखते सरकार ने निजी स्कूलों को फीस में बढ़ोतरी न करने, पाठ्यपुस्तकें व वर्दी में बदलाव न करने के निर्देश दिए हैं। यही नहीं अभिभावकों के फीस को लेकर चिंता जताने पर सरकार ने निजी स्कूलों को बिल्डिंग फंड, रखरखाव फंड, प्रवेश शुल्क, कंप्यूटर, ट्रांसपोर्ट फीस आदि न लेकर मासिक आधार पर मात्र ट्यूशन फीस लेने के निर्देश दिए हैं।
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उन्होंने कहा कि अगर कोई अभिभावक वर्तमान में फीस देने में असमर्थ है तो वह स्कूल प्रशासन को लिखित रूप में किस्तों में फीस देने का अनुरोध कर सकता है। सरकारी व निजी स्कूलों को अपने कार्यालय खोलने की अनुमति दे दी है ताकि एडमिशन, पाठ्यपुस्तक वितरण इत्यादि आवश्यक कार्य निपटा सकें।
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