राहुल से मिले हरियाणा कांग्रेस के नेता: नई टीम को दी एकजुटता की नसीहत, कुलदीप बिश्नोई को अभी नहीं मिला समय
प्रदेशाध्यक्ष का पद न मिलने से विधायक कुलदीप बिश्नोई नाराज चल रहे हैं। उन्होंने प्रदेश प्रभारी विवेक बंसल से मुलाकात के लिए राहुल से मिलने का समय मांगा था, जो अभी तक नहीं मिला है। कुलदीप पार्टी कार्यक्रमों से पूरी तरह दूरी बनाए हुए हैं।
विस्तार
हरियाणा कांग्रेस की नई टीम को पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी ने एकजुटता की नसीहत दी है। मंगलवार को नवनियुक्त प्रदेशाध्यक्ष उदयभान, कार्यकारी अध्यक्ष श्रुति चौधरी, रामकिशन गुर्जर, जितेंद्र भारद्वाज व सुरेश गुप्ता से उन्होंने नई दिल्ली में अपने आवास पर मुलाकात की। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र हुड्डा और प्रदेश प्रभारी विवेक बंसल भी इस दौरान मौजूद रहे।
राहुल ने पूरी टीम के साथ प्रदेश के वर्तमान राजनीतिक हालात पर चर्चा कर मजबूती से जनता की आवाज उठाने और जनहित के मुद्दों पर संघर्ष करने का मंत्र दिया। नवनियुक्त पदाधिकारियों के साथ राहुल की यह पहली बैठक थी। उन्होंने सभी को कहा कि एकजुट होकर पार्टी हित में काम करें। हुड्डा ने आश्वस्त किया कि सभी मिलजुलकर पार्टी हित में काम करेंगे। कार्यकर्ताओं में नए रक्त का संचार हुआ है। प्रदेश प्रभारी विवेक बंसल ने बताया कि नवनियुक्त पदाधिकारियों ने राहुल गांधी को अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन पूरी निष्ठा के साथ करने का भरोसा दिलाया।
आने वाले समय में हरियाणा कांग्रेस तेजी से आगे बढ़ती नजर आएगी। उदयभान और नवनियुक्त कार्यकारी अध्यक्षों ने राहुल गांधी का नियुक्ति के लिए आभार जताया। उदयभान ने कहा कि अगले तीन महीने में संगठन का बनाना और उसे मजबूती देना प्राथमिकता रहेगी। 29 मई को फतेहाबाद में होने वाले विपक्ष आपके समक्ष कार्यक्रम को लेकर तैयारियां जोरों पर हैं। बदलाव को लेकर जनता में भारी उत्साह है। लोगों के उत्साह का अंदाजा उसी दिन हो गया था, जब भूपेंद्र सिंह हुड्डा के साथ वह दिल्ली से चंडीगढ़ पदभार ग्रहण करने पहुंचे थे।
हुड्डा ने बताया कि चिंतन शिविर में उन्होंने अपनी रिपोर्ट पार्टी हाईकमान को सौंप दी है। इसमें किसानों को एमएसपी की गारंटी, सी2 फार्मूले पर एमएसपी, किसानों को कर्ज से मुक्ति, मुफ्त बिजली और मनरेगा में न्यूनतम मजदूरी लागू करने जैसी सिफारिशें की गई हैं। पार्टी ने इसे अपने संकल्प पत्र में भी शामिल कर लिया है। याद रहे कि कांग्रेस में सभी धड़े एकजुट नहीं हैं। कुमारी सैलजा, रणदीप सुरजेवाला और कैप्टन अजय यादव की अपनी अलग राह है। सुरजेवाला व यादव ने उदयभान के ताजपोशी कार्यक्रम से भी दूरी बनाए रखी थी। राहुल ने कुछ माह पहले प्रदेश के सभी दिग्गज कांग्रेसियों को बुलाकर एकजुट होने का सुझाव दिया था लेकिन उसके बाद गुटबाजी और बढ़ी थी।
कुलदीप बिश्नोई को अभी नहीं मिला समय
प्रदेशाध्यक्ष का पद न मिलने से विधायक कुलदीप बिश्नोई नाराज चल रहे हैं। उन्होंने प्रदेश प्रभारी विवेक बंसल से मुलाकात के लिए राहुल से मिलने का समय मांगा था, जो अभी तक नहीं मिला है। कुलदीप पार्टी कार्यक्रमों से पूरी तरह दूरी बनाए हुए हैं। सीडब्ल्यूसी के विशेष आमंत्रित सदस्य होने के बावजूद वह उदयपुर चिंतन शिविर में शामिल नहीं हुए। उनकी नाराजगी बढ़ती जा रही है। जल्द कोई बड़ा ओहदा या आश्वासन न मिलने पर वह कोई भी निर्णय ले सकते हैं। जिस तरह से पंजाब कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने पार्टी को अलविदा कहा है, उसी तरह कुलदीप भी उचित मान-सम्मान न मिलने पर नया विकल्प तलाश सकते हैं।