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भाजपाध्यक्ष बराला ने माना, आंदोलन की आड़ में हुए दंगे
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़।
Updated Tue, 29 Mar 2016 03:26 PM IST
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भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला
- फोटो : file
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‘हरियाणा में जाट आरक्षण आंदोलन अलग हुआ और दंगे अलग। यह कहा जा सकता है कि आंदोलन की आड़ में दंगे हुए।’ यह बात भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला ने सोमवार को हरियाणा विधानसभा की प्रेस गैलरी में पत्रकारों को संबोधित करते हुए कही। बराला रविवार को मोरनी में हुई प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में पारित किए गए प्रस्तावों की जानकारी दे रहे थे।
उन्होंने बताया कि कार्यसमिति की बैठक में विभिन्न कार्यक्रमों की रूपरेखा तय किए जाने के साथ ही एक राजनीतिक प्रस्ताव भी पारित किया गया। उन्होंने बताया कि आरक्षण आंदोलन की आड़ में राजनीतिक संरक्षण प्राप्त लोगों ने प्रदेश का सौहार्दपूर्ण माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने बड़ी कुशलता से प्रदेश में उपजे हालात को संभाला है। उन्होंने कहा कि कार्यसमिति की बैठक में एसवाईएल पर चर्चा हुई और पार्टी ने सरकार से आग्रह किया है कि इस मामले पर पूरी मजबूती से आगे बढ़ा जाए। हरियाणा को एसवाईएल का पानी मिलना ही चाहिए।
बराला ने बताया कि बैठक में ग्राम और बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं को जोड़ने के लिए कई कार्यक्रमों के आयोजन का भी फैसला लिया गया। उन्होंने बताया कि 6 अप्रैल को भाजपा के स्थापना दिवस पर हर बूथ पर बैठक बुलाई जाएगी और बैठक में पार्टी का ध्वज भी फहराया जाएगा। इसके बाद 14 अप्रैल को बाबा साहिब भीमराव अंबेडकर की 125वीं जयंती से 24 अप्रैल पंचायती राज दिवस तक लगातार कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। 14 अप्रैल को ही यमुनानगर में बाबा साहिब की जयंती पर मुख्यमंत्री और अन्य नेता भी हिस्सा लेंगे।
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14, 15 व 16 अप्रैल को प्रत्येक गांव में सामाजिक समरसता के कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। 17 से 20 अप्रैल तक पंचायत स्तर पर किसान सभाएं आयोजित कर किसानों को पार्टी की विकासशील नीतियों और फसल बीमा योजना की जानकारी दी जाएगी।
21 से 24 अप्रैल तक प्रभातफेरियों, स्वच्छता अभियान जैसे कार्यक्रम चलाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि 24 मई को केंद्र में भाजपा सरकार के दो साल पूरे होने पर केंद्र व प्रदेश की उपलब्धियों पर कार्यक्रमों का आयोजन होगा। इसके बाद 26 जून को श्यामा प्रसाद मुखर्जी की बलिदान दिवस से लेकर 6 जुलाई को श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती तक राष्टीय एकात्मकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
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उन्होंने बताया कि कार्यसमिति की बैठक में विभिन्न कार्यक्रमों की रूपरेखा तय किए जाने के साथ ही एक राजनीतिक प्रस्ताव भी पारित किया गया। उन्होंने बताया कि आरक्षण आंदोलन की आड़ में राजनीतिक संरक्षण प्राप्त लोगों ने प्रदेश का सौहार्दपूर्ण माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने बड़ी कुशलता से प्रदेश में उपजे हालात को संभाला है। उन्होंने कहा कि कार्यसमिति की बैठक में एसवाईएल पर चर्चा हुई और पार्टी ने सरकार से आग्रह किया है कि इस मामले पर पूरी मजबूती से आगे बढ़ा जाए। हरियाणा को एसवाईएल का पानी मिलना ही चाहिए।
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बराला ने बताया कि बैठक में ग्राम और बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं को जोड़ने के लिए कई कार्यक्रमों के आयोजन का भी फैसला लिया गया। उन्होंने बताया कि 6 अप्रैल को भाजपा के स्थापना दिवस पर हर बूथ पर बैठक बुलाई जाएगी और बैठक में पार्टी का ध्वज भी फहराया जाएगा। इसके बाद 14 अप्रैल को बाबा साहिब भीमराव अंबेडकर की 125वीं जयंती से 24 अप्रैल पंचायती राज दिवस तक लगातार कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। 14 अप्रैल को ही यमुनानगर में बाबा साहिब की जयंती पर मुख्यमंत्री और अन्य नेता भी हिस्सा लेंगे।
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14, 15 व 16 अप्रैल को प्रत्येक गांव में सामाजिक समरसता के कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। 17 से 20 अप्रैल तक पंचायत स्तर पर किसान सभाएं आयोजित कर किसानों को पार्टी की विकासशील नीतियों और फसल बीमा योजना की जानकारी दी जाएगी।
21 से 24 अप्रैल तक प्रभातफेरियों, स्वच्छता अभियान जैसे कार्यक्रम चलाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि 24 मई को केंद्र में भाजपा सरकार के दो साल पूरे होने पर केंद्र व प्रदेश की उपलब्धियों पर कार्यक्रमों का आयोजन होगा। इसके बाद 26 जून को श्यामा प्रसाद मुखर्जी की बलिदान दिवस से लेकर 6 जुलाई को श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती तक राष्टीय एकात्मकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।