फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   haryana assembly election ticket, polticial theory

'अपनों' की टिकट के लिए लॉबिंग में जुटे दिग्गज

Tue, 09 Sep 2014 12:39 PM IST
प्रवीण पाण्डेय/अमर उजाला,चंडीगढ़
प्रवीण पाण्डेय/अमर उजाला,चंडीगढ़ Updated Tue, 09 Sep 2014 12:39 PM IST
विज्ञापन
haryana assembly election ticket, polticial theory

विधानसभा चुनाव में टिकट के लिए सभी दलों में जोर आजमाइश शुरू हो चुकी है। चहेतों और रिश्तेदारों को लिए दिग्गजों ने लॉबिंग शुरू कर दी है। नेताओं की लॉबिंग और दलबदलुओं को तरजीह से स्थानीय नेताओं में निराशा है।

विज्ञापन


हर दल में दावेदारों की संख्या ज्यादा होने से उम्मीदवारों को चयन में पार्टी हाईकमान को खासी माथापच्ची करनी पड़ रही है। हालांकि इनेलो ने 73 सीटों पर प्रत्याशियों का ऐलान कर बाजी मार ली है, जबकि भाजपा की पहली सूची मंगलवार को आने की संभावना है। कांग्रेस में दावेदारों के नाम शार्टलिस्ट करने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। हजकां वेट एंड वाच की रणनीति अपना रही है। छोटे दलों की नजर असंतुष्टों पर टिकीं हैं। 
विज्ञापन

नेताओं के रिश्तेदारों को टिकट मिलने की संभावना

haryana assembly election ticket, polticial theory

परिवारवाद की राजनीति के आरोप से जूझती कांग्रेस में इस बार भी कुछ नेताओं के रिश्तेदारों को टिकट मिलने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है। लेकिन भाजपा में रिश्तेदारी टिकट का पैमाना बनेगी या नहीं, इस बात पर अभी संशय है। कांग्रेस से 1212 लोगों ने विभिन्न हलकों के लिए दावा ठोंक रखा है, जबकि भाजपा ने पैनल में 200 से अधिक नाम शामिल किए हैं। हरियाणा में इंडियन नेशनल लोकदल और हजकां क्षेत्रीय दल हैं।

इनेलो अपने अधिकतर टिकट घोषित कर चुकी है। हजकां टिकटों को लेकर अभी पत्ते नहीं खोल रही है, लेकिन भाजपा में प्रधानमंत्री मोदी का मूड यह स्पष्ट करेगा कि चुनाव में कितने रिश्तेदारों को टिकट मिलेगी। मंत्रियों द्वारा रिश्तेदारों को अपने कार्यालय में शामिल किए जाने को लेकर मोदी की पहले भी आपत्ति रही है।

अब इस विधानसभा चुनाव में हरियाणा में टिकट वितरण का क्या फार्मूला होगा इसका खुलासा कभी भी हो जाएगा। हरियाणा भाजपा के जीते हुए कई सांसद भी अपने रिश्तेदारों के लिए टिकट की पैरवी कर रहे हैं। जिसमें कुछ अपने राजनीतिक वारिस पुत्र या पुत्री को आगे बढ़ाना चाह रहे हैं जबकि कुछ नेता अपने करीबी रिश्तेदारों के लिए पैरवी कर रहे हैं। हालांकि कांग्रेस के टिकट के लिए फूलचंद मुलाना और कैप्टन अजय यादव अपने अपने बेटे की पैरवी कर रहे हैं।

बीरेंद्र की लंबी लिस्ट

haryana assembly election ticket, polticial theory

कांग्रेस छोड़ कर भाजपा का दामन थाम चुके बिरेंद्र सिंह के करीबियों की टिकट की लिस्ट लंबी है। पार्टी निश्चित तौर पर बिरेंद्र के करीबियों को टिकट देगी, लेकिन कितने लोगों को टिकट मिलेगी इस पर संशय है।

राव इंद्रजीत बेटी को लड़वाने के इच्छुक:
राव इंद्रजीत भी अपने करीबी लोगों की लिस्ट दे चुके हैं। राव अपनी बेटी आरती यादव को भी टिकट चुनाव लड़वाने के इच्छुक हैं।

कृष्णपाल गुर्जर के कितने नाम होंगे सलेक्ट:
मोदी के करीबी कृष्णपाल गुर्जर के कितने नाम टिकट वितरण में शामिल होंगे, इसका खुलासा जल्द होगा। फिलहाल वे अपने पुत्र देवेंद्र सिंह को तिगांव से चुनाव लड़वाने के इच्छुक हैं।

विज्ञापन

महेंद्र प्रताप के बेटे की बारी

haryana assembly election ticket, polticial theory

कांग्रेस सरकार में मंत्री महेंद्र प्रताप सिंह अपने बेटे को चुनाव लड़वाने की घोषणा कर चुके हैं। वे चाह रहे हैं कि उनके बेटे विजय प्रताप को बड़खल सीट से लड़ने का मौका मिले।

बंतो कटारिया के लिए जुगत लगा रहे रतनलाल:
भाजपा के मौजूदा सांसद अपने रिश्तेदारो के लिए पैरवी कर रहे हैं। जिसमें अंबाला के सांसद रतनलाल कटारिया अपनी पत्नी बंतो कटारिया को भी चुनाव लड़वाना चाहते हैं। उनकी यह इच्छा भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व कितनी मानेगा यह देखने की बात होगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed