{"_id":"6599b39e48f199ea4b072d75","slug":"ganga-of-yoga-will-flow-in-pgi-experts-from-all-over-the-world-will-churn-chandigarh-news-c-16-sml1026-322917-2024-01-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chandigarh News: पीजीआई में बहेगी योग की गंगा, विश्वभर के विशेषज्ञ करेंगे मंथन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chandigarh News: पीजीआई में बहेगी योग की गंगा, विश्वभर के विशेषज्ञ करेंगे मंथन
विज्ञापन
चंडीगढ़। पीजीआई में 8 से 10 जनवरी तक लगातार तीन दिन योग की गंगा बहेगी। इसमें सिर्फ देश के ही नहीं विदेश के भी जाने-माने आधुनिक चिकित्सा पद्धति के विशेषज्ञ योग के समावेश पर मंथन करेंगे। पहले दिन 8 जनवरी को सम्मेलन का उद्घाटन प्रधानमंत्री के योग गुरु पद्मश्री पुरस्कार विजेता और स्वामी विवेकानंद योग अनुसंधान संस्थान बेंगलूरू के कुलाधिपति डॉ. एचआर नागेंद्र करेंगे। इसके बाद आयोजन सचिव डॉ. प्रमोद अवती के मार्गदर्शन में दो दिवसीय विशेषज्ञ बैठक होगी। सम्मेलन के आयोजक अध्यक्ष पीजीआई के योग केंद्र के संचालक डॉ. अक्षय आनंद और डॉ. कृष्ण कुमार सोनी हैं। डॉ. अक्षय आनंद ने बताया कि पहले दिन जनता के लिए सत्र आयोजित किया जाएगा। इसमें योग के प्रभाव पर मुख्य अतिथि जानकारी देंगे। वहीं, सवाल-जवाब सत्र भी हाेंगे। इसके साथ ही विशेषज्ञ बैठक 9 और 10 जनवरी को यूटी गेस्ट हाउस में आयोजित की जाएगी। जहां योग क्षेत्र के राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ और अधिकारी योग के लाभों, योग प्रोटोकॉलीकरण, योग कार्यान्वयन, योग की गुणवत्ता बनाए रखने और शैक्षिक ढांचे पर चर्चा करेंगे। इसमें आधुनिक चिकित्सा पद्धति और योग के चरणबद्ध समावेश पर विचार-विमर्श होगा। बैठक से निकले नए विचार केंद्र सरकार को भी सौंपे जाएंगे जिससे उसे चिकित्सा सेवा में प्रभावी किया जा सके।
योग और आधुनिक चिकित्सा का अद्भुत संयोग
डॉ. अक्षय ने बताया कि उद्घाटन के दिन संगीतमय योग प्रदर्शन होगा। इस अवसर पर योग केंद्र की पुस्तिका, जर्नल इंटीग्रेटिव मेडिसिन केस रिपोर्ट्स (JIMCR) का विशेष अंक पुस्तक लॉन्च करेगी। इस पुस्तक के माध्यम से एक आम आदमी को योग, अध्यात्म और शारीरिक चेतना और इन सभी गूढ़ रहस्यों को आसानी से पहचानने का मौका मिलेगा। कार्यक्रम में सीसीआरवाईएन के निदेशक डॉ. राघवेंद्र राव और आईआईटी जोधपुर से डॉ. मिताली मुखर्जी, राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय से डॉ. संजीब पात्रा और डॉ. काशीनाथ मेत्री, एनआईएमएचएएनएस से डॉ. हेमंत भार्गव और एम्स से डॉ. रीमा दादा न्यूरोलॉजिकल, कार्डियोवैस्कुलर और नींद के साथ-साथ जीवनशैली से संबंधित बीमारियों सहित स्वास्थ्य के विभिन्न पहलुओं के प्रबंधन में योग की भूमिका के बारे में जानकारी देंगे।
अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ भी होंगे शामिल
इंटरनेशनल एसोसिएशन ऑफ योगा थेरेपिस्ट्स (आईएवाईटी) की कार्यकारी निदेशक एलिसा वोस्ट्रेल, अध्यक्ष मौली मैकमैनस और उपाध्यक्ष डॉ. सुसान स्टीगर टेब युवा शोधकर्ताओं और योग को रोगियों के लिए एक चिकित्सा के रूप में, विशेषकर कैंसर के लिए चिकित्सकों को प्रभाव के अलावा आईएवाईटी के कामकाज और महत्व से अवगत कराएंगे। यूमैस मेडिकल स्कूल और एमआईटी के डॉ. रिच फ्लेचर भी इस कार्यक्रम में शामिल होंगे।
विज्ञापन
इस सम्मेलन में विश्वभर के विशेषज्ञ विचार-विमर्श करेंगे, जिसके परिणामस्वरूप योग को स्वास्थ्य देखभाल में शामिल करने के लिए नई सिफारिशें सामने आएंगी। यह कार्यक्रम कई मायनों में विश्व में नए आयाम के साथ ही कीर्तिमान स्थापित करेगा। -प्रो. विवेक लाल, निदेशक पीजीआई
विज्ञापन
योग और आधुनिक चिकित्सा का अद्भुत संयोग
डॉ. अक्षय ने बताया कि उद्घाटन के दिन संगीतमय योग प्रदर्शन होगा। इस अवसर पर योग केंद्र की पुस्तिका, जर्नल इंटीग्रेटिव मेडिसिन केस रिपोर्ट्स (JIMCR) का विशेष अंक पुस्तक लॉन्च करेगी। इस पुस्तक के माध्यम से एक आम आदमी को योग, अध्यात्म और शारीरिक चेतना और इन सभी गूढ़ रहस्यों को आसानी से पहचानने का मौका मिलेगा। कार्यक्रम में सीसीआरवाईएन के निदेशक डॉ. राघवेंद्र राव और आईआईटी जोधपुर से डॉ. मिताली मुखर्जी, राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय से डॉ. संजीब पात्रा और डॉ. काशीनाथ मेत्री, एनआईएमएचएएनएस से डॉ. हेमंत भार्गव और एम्स से डॉ. रीमा दादा न्यूरोलॉजिकल, कार्डियोवैस्कुलर और नींद के साथ-साथ जीवनशैली से संबंधित बीमारियों सहित स्वास्थ्य के विभिन्न पहलुओं के प्रबंधन में योग की भूमिका के बारे में जानकारी देंगे।
विज्ञापन
अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ भी होंगे शामिल
इंटरनेशनल एसोसिएशन ऑफ योगा थेरेपिस्ट्स (आईएवाईटी) की कार्यकारी निदेशक एलिसा वोस्ट्रेल, अध्यक्ष मौली मैकमैनस और उपाध्यक्ष डॉ. सुसान स्टीगर टेब युवा शोधकर्ताओं और योग को रोगियों के लिए एक चिकित्सा के रूप में, विशेषकर कैंसर के लिए चिकित्सकों को प्रभाव के अलावा आईएवाईटी के कामकाज और महत्व से अवगत कराएंगे। यूमैस मेडिकल स्कूल और एमआईटी के डॉ. रिच फ्लेचर भी इस कार्यक्रम में शामिल होंगे।
विज्ञापन
इस सम्मेलन में विश्वभर के विशेषज्ञ विचार-विमर्श करेंगे, जिसके परिणामस्वरूप योग को स्वास्थ्य देखभाल में शामिल करने के लिए नई सिफारिशें सामने आएंगी। यह कार्यक्रम कई मायनों में विश्व में नए आयाम के साथ ही कीर्तिमान स्थापित करेगा। -प्रो. विवेक लाल, निदेशक पीजीआई