{"_id":"59dbc4924f1c1b7a548b6815","slug":"for-the-first-time-the-whole-family-reached-to-meet-ram-rahim-in-jail","type":"story","status":"publish","title_hn":"पहली बार जेल में राम रहीम से मिलने पहुंचे पूरा परिवार, डेरे का लिया हालचाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पहली बार जेल में राम रहीम से मिलने पहुंचे पूरा परिवार, डेरे का लिया हालचाल
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक (हरियाणा)
Updated Tue, 10 Oct 2017 09:27 AM IST
विज्ञापन
Ram Rahim
- फोटो : File Photo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सुनारिया जेल में बंद दो साध्वियों से दुष्कर्म के दोषी गुरमीत राम रहीम सोमवार को पूरा परिवार एक साथ देखकर गदगद हो गया। 20 से 25 मिनट तक मां नसीबकौर, बेटे जस्मीत, बेटी अमरप्रीत और दामाद जस्मीत ने गुरमीत राम रहीम से मुलाकात की।
पूरा परिवार ढाई बजे सुनारिया जेल पहुंचा और सवा 4 बजे रवाना हुआ। इसके चलते सुनारिया जेल के आसपास पुलिस अलर्ट रही। किसी अन्य को मुलाकात कक्ष की तरफ नहीं जाने दिया गया। वहीं सामान्य बंदियों से उनके परिजनों की दो बजे तक ही मुलाकात करवाई गई। सुरक्षा की दृष्टि से गुरमीत राम रहीम के परिवार को ढाई बजे बुलाया गया था, ताकि कोई दिक्कत न हो जाए।
सूत्रों का कहना है कि गुरमीत राम रहीम एक साथ पूरे परिवार को देखकर गदगद हो गया। उसने खुलकर परिजनों से डेरे की व्यवस्था के बारे में बातचीत की। बताया जाता है कि डेरे की गद्दी किसको सौंपी जाए, इस बारे में परिवार राम रहीम से उनकी राय लेने आया था, लेकिन आधिकारिक तौर पर कोई बोलने के लिए तैयार नहीं है। जेल प्रशासन से लेकर पुलिस व जिला प्रशासन के अधिकारी राम रहीम का व्यक्तिगत मामला बता कर चुप्पी साधे हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
पूरा परिवार ढाई बजे सुनारिया जेल पहुंचा और सवा 4 बजे रवाना हुआ। इसके चलते सुनारिया जेल के आसपास पुलिस अलर्ट रही। किसी अन्य को मुलाकात कक्ष की तरफ नहीं जाने दिया गया। वहीं सामान्य बंदियों से उनके परिजनों की दो बजे तक ही मुलाकात करवाई गई। सुरक्षा की दृष्टि से गुरमीत राम रहीम के परिवार को ढाई बजे बुलाया गया था, ताकि कोई दिक्कत न हो जाए।
विज्ञापन
सूत्रों का कहना है कि गुरमीत राम रहीम एक साथ पूरे परिवार को देखकर गदगद हो गया। उसने खुलकर परिजनों से डेरे की व्यवस्था के बारे में बातचीत की। बताया जाता है कि डेरे की गद्दी किसको सौंपी जाए, इस बारे में परिवार राम रहीम से उनकी राय लेने आया था, लेकिन आधिकारिक तौर पर कोई बोलने के लिए तैयार नहीं है। जेल प्रशासन से लेकर पुलिस व जिला प्रशासन के अधिकारी राम रहीम का व्यक्तिगत मामला बता कर चुप्पी साधे हुए हैं।
विज्ञापन