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Chandigarh News: सात साल से मजदूर भवन पर सिर्फ चर्चा, जमीन तक चिह्नित नहीं हो पाई

Wed, 01 May 2024 06:00 AM IST
Chandigarh Bureau चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Wed, 01 May 2024 06:00 AM IST
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For seven years only discussion on Mazdoor Bhawan, land could not even be marked.
चंडीगढ़। देशभर में बुधवार को मजदूर दिवस मनाया जाएगा। शहर के कई हिस्सों में मजदूरों के सम्मान में कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे लेकिन पिछले सात साल से यूटी प्रशासन चंडीगढ़ में बनने वाले मजदूर भवन के लिए जमीन तक चिह्नित नहीं कर पाया है। वर्ष 2017 में पहली बार मजदूरों के लिए एक भवन बनाने की चर्चा हुई थी। तब से हरियाणा विधानसभा, लद्दाख भवन, ईडी को दफ्तर खोलने के लिए जमीन मिल गई है लेकिन मजदूर इंतजार में बैठे रह गए।
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शहर में एक लाख से ज्यादा मजदूर हैं, जो विकास में अहम भूमिका रखते हैं। इनके लिए सांसद से लेकर पूर्व सांसद और प्रशासक भी मजदूर भवन बनाने पर सहमति जता चुके हैं लेकिन प्रशासन के अधिकारी अब तक एक योजना तक नहीं बना पाए हैं। सांसद किरण खेर ने वर्ष 2017 में मजदूर भवन के निर्माण के लिए तत्कालीन प्रशासक के सलाहकार परिमल राय को पत्र लिखा था। वे 2017 में सेक्टर-44 के लेबर चौक पर हुए लोहड़ी सेलिब्रेशन के कार्यक्रम में पहुंची थीं, जहां मजदूरों ने उनके सामने मजदूर भवन की मांग रखी थी। इसके बाद पूर्व सांसद सत्यपाल जैन ने फरवरी 2021 को यूटी प्रशासक की सलाहकार परिषद की बैठक में मजदूर भवन बनाने बनाने का सुझाव रखा था। उन्होंने कहा था कि चंडीगढ़ में लगभग एक लाख मजदूर रहते हैं, लेकिन उनके लिए एक भी मजदूर भवन नहीं बनाया गया है, जहां वे अपने समारोह और विवाह आदि के कार्यक्रमों का आयोजन कर सकें। भवन में कुछ कमरे, बड़ा हॉल, कैंटीन आदि की सुविधा भी होनी चाहिए। हालांकि, अब प्रशासन के अधिकारी इस प्रस्ताव को ही भूल चुके हैं। लेबर विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि अब इस मामले को वह नहीं देख रहे हैं।
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लेबर चौक और लेबर कॉलोनी नंबर-5 के पास भवन बनाने का जैन ने दिया था सुझाव
सत्यपाल जैन सलाहकार परिषद की समाज कल्याण समिति के अध्यक्ष भी हैं। उन्होंने सुझाव दिया था कि लेबर चौक और लेबर कॉलोनी नंबर-5 के पास कुछ जमीन खाली है, जिसका उपयोग मजदूर व श्रम भवन की स्थापना के लिए किया जा सकता है। इस पर प्रशासन की तरफ से कहा गया था कि मामला नगर निगम और श्रम विभाग से संबंधित है। 26 अप्रैल 2021 नगर निगम की तरफ से बताया गया कि सेक्टर-26 में ट्रांसपोर्ट एरिया के पास एक लेबर हॉस्टल है। उस हॉस्टल की जिम्मेदारी किसके पास है, यह पता लगाने में ही साल निकल गया। हालांकि, उसकी हालत बहुत खराब थी, उसे भी ढहा दिया गया।
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