Haryana Assembly: जींद में छात्राओं से छेड़छाड़ मामले पर दुष्यंत-गीता भुक्कल के बीच बहस, आरोपों पर बढ़ी तनातनी
मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने विधायक नीरज शर्मा के शब्दों पर आपत्ति जताई। दरअसल एनआईटी फरीदाबाद के विधायक नीरज शर्मा ने फरीदाबाद नगर निगम से जुड़ा सवाल पूछा। यूएलबी मंत्री कमल गुप्ता ने जवाब दिया। इसके बाद नीरज शर्मा ने कहा कि मेरे इलाके की जनता परेशान है। मैं दो गज कफन का कपड़ा बनवा कर लाया हूं।
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हरियाणा विधानसभा के शीतकालीन सत्र का पहला दिन काफी हंगामेदार रहा। जींद के उचाना के एक गांव में छात्राओं से छेड़छाड़ के आरोपी प्रिंसिपल को बचाने के आरोप पर उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला और पूर्व शिक्षा मंत्री व कांग्रेस विधायक गीता भुक्कल के बीच तीखी बहस हुई। बेटियों की सुरक्षा को लेकर शुरू हुआ विवाद दो नेताओं के बीच आपसी टकराव में बदल गया। बाद में उच्च न्यायालय के न्यायाधीश से आरोपों की जांच कराने पर सहमति बनी।
झज्जर से कांग्रेस विधायक गीता भुक्कल ने शुक्रवार को शून्यकाल में स्कूलों में बेटियों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया। उन्होंने उचाना के एक सरकारी स्कूल में छात्राओं से छेड़खानी को लेकर सरकार पर हमला बोला। इस पर डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने आरोप लगाया कि 2005 और 2011 में भी आरोपी प्रिंसिपल के खिलाफ शिकायत आई थी।
साल 2011 में एफआईआर के बजाय गीता भुक्कल के झज्जर स्थित आवास पर पंचायत करके समझौता कर दिया गया था। इस आरोप पर गीता भुक्कल भड़क गईं और उनकी दुष्यंत व शिक्षा मंत्री कंवरपाल के साथ बहस शुरू हो गई। विधानसभा अध्यक्ष के हस्तक्षेप के बाद बहस शांत हुई।
लंच के बाद गीता भुक्कल ने जब सोशल मीडिया पर खुद पर आरोप देखे तो गुस्से में आ गईं और सदन में आकर कहा कि उप मुख्यमंत्री ने उनके खिलाफ सदन के बाहर जाकर अनाप-शनाप बयान दिए हैं। इस पर दुष्यंत ने कहा कि उन्होंने बाहर नहीं बल्कि सदन के अंदर बयान दिया है और वह अपने बयान पर कायम हैं।
आरोपों से तिलमिलाई गीता भुक्कल वेल में पहुंच गईं और उप मुख्यमंत्री को चेतावनी दे डाली। बीबी बतरा, जगबीर मलिक, शमशेर गोगी व अन्य कांग्रेस विधायक भी गीता भुक्कल के समर्थन में आ गए। गीता ने दुष्यंत को आरोप के समर्थन में सबूत पेश करने को कहा। इस पर दुष्यंत ने कहा कि पंचायत में जो लोग शामिल थे, उन्होंने इसकी जानकारी दी है। दुष्यंत ने यह भी आरोप लगाया कि पंचायत के एक महीने बाद ही आरोपी प्रिंसिपल को उसी स्कूल में तैनाती कर दी गई थी।
हंगामा बढ़ता देख मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि सदन के अंदर छींटकशी ठीक नहीं है। इस मामले में वरिष्ठ पुलिस अधिकारी या शिक्षा विभाग से जांच करवा सकते हैं। बाद में सभी इस पर सहमत हुए कि इसकी जांच करवाई जाए। विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता इस संबंध में पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के न्यायाधीश से जांच करवाने के लिए पत्र लिखेंगे। इसी मामले में 18 दिसंबर को सदन में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव भी रखा गया है।
2005 से 2023 तक की होगी जांच
विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता ने कहा कि न्यायिक जांच के दौरान 2005, 2011 से लेकर 2023 तक आरोपी प्रिंसिपल के व्यवहार की जांच की जाएगी। साथ ही इस अवधि के दौरान कहां-कहां डीडीआर व एफआईआर हुई और किसके कहने से डीडीआर रद्द की गई, यह भी पता लगाया जाएगा। इसके अलावा आरोपी कब-कब वह निलंबित रहा और कब उसे बहाली के बाद कहां तैनाती दी गई।
सबूत दें चौटाला, मैं डरने वाली नहीं: भुक्कल
गीता भुक्कल ने आरोपों का खंडन करते हुए सदन में कहा कि दुष्यंत चौटाला अपने आरोपों के समर्थन में सबूत दें, नहीं तो वह कानूनी कार्रवाई करेंगी। उन्होंने कहा कि कसम खाती हूं न तो मैं शिक्षक को जानती हूं और न ही कभी ऐसा काम कर सकती हूं। यह बहुत ही घटिया साजिश है। वह डरने और दबने वाली नहीं हैं। ऐसे आरोप लगाने से पहले शर्म आनी चाहिए। दुष्यंत चौटाला ने अपने आरोपों में जिस वर्ष का उल्लेख किया है उस समय वह मंत्री नहीं, केवल विधायक थी। इस मामले में मैं शपथ पत्र दूंगी।
स्पीकर बोले- आप धमकी नहीं दे सकतीं
गीता भुक्कल ने कहा कि दुष्यंत चौटाला इसके लिए माफी मांगें नहीं तो वह सदन नहीं चलने देंगी। वह बार-बार उप मुख्यमंत्री को चेतावनी दे रही थीं और पूछ थीं कि आपने किस आधार पर मेरा नाम लिया। इस पर विधानसभा अध्यक्ष ने उनको टोका और कहा कि आपको जो भी करना है, विधानसभा के बाहर करना लेकिन सदन में आप ऐसे धमकी नहीं दे सकतीं।
जहरीली शराब पर काम रोको प्रस्ताव स्वीकार नहीं, विपक्ष का वॉकआउट
विधानसभा सत्र के दौरान कांग्रेस ने जहरीली शराब के मुद्दे पर चर्चा के लिए काम रोको प्रस्ताव दिया था, मगर यह स्वीकार नहीं किया गया। विधानसभा अध्यक्ष ने इसे ध्यानाकर्षण प्रस्ताव में बदल दिया। इससे कांग्रेस विधायक गुस्से में आ गए और उनकी अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता से जमकर बहस हुई।
अध्यक्ष ने कहा कि उन्होंने परंपरा का पालन किया है। पहले भी ऐसा होता रहा है। इससे गुस्साए कांग्रेस विधायक सदन से वॉकआउट कर गए। जहरीली शराब के मुद्दे पर ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पर बहस अब 18 दिसंबर को होगी। कांग्रेस विधायक बीबी बतरा व वरुण चौधरी ने कहा कि यह गंभीर मुद्दा है। इसलिए हम काम रोको प्रस्ताव लाए थे।
काम रोको व ध्यानाकर्षण प्रस्ताव में अंतर
किसी मुद्दे पर काम रोको प्रस्ताव लाने पर सदन के सभी काम को रोक कर चर्चा की जाती है। इस चर्चा में सदन में बैठा कोई भी सदस्य हिस्सा ले सकता है। ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के दौरान जो सदस्य यह प्रस्ताव लेकर आते हैं, सिर्फ वही बहस में हिस्सा ले सकते हैं।
तीन विधेयक सदन में पेश
सरकार ने सत्र के पहले दिन तीन विधेयक सदन पटल पर रखे। इनमें हरियाणा बकाया देय व्यवस्थापन (संशोधन) विधेयक 2023, हरियाणा पिछड़े वर्ग (सेवाओं तथा शैक्षणिक संस्थाओं में दाखिले में आरक्षण) संशोधन विधेयक 2023 और हरियाणा निजी विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक 2023 शामिल हैं।
रेवाड़ी में जल्द बनेगा एम्स
मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि रेवाड़ी में केंद्र सरकार की ओर से एम्स जल्द स्थापित किया जाएगा। हरियाणा सरकार केंद्र सरकार के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य को आगे बढ़ा रही है। एम्स के लिए चिन्हित जमीन फॉरेस्ट विभाग की थी और बाद में कोरोना की वजह से प्रोजेक्ट में प्रक्रिया कुछ लंबी हुई। अब सरकार ने जमीन खरीद कर केंद्र सरकार को हैंडओवर कर दी है। जल्द ही टेंडर की प्रक्रिया शुरू कर कार्य शुरू हो जाएगा।
विधायक नीरज शर्मा के शब्दों पर जताई आपत्ति
इस दौरान मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने विधायक नीरज शर्मा के शब्दों पर आपत्ति जताई। दरअसल एनआईटी फरीदाबाद के विधायक नीरज शर्मा ने फरीदाबाद नगर निगम से जुड़ा सवाल पूछा। यूएलबी मंत्री कमल गुप्ता ने जवाब दिया। इसके बाद नीरज शर्मा ने कहा कि मेरे इलाके की जनता परेशान है। मैं दो गज कफन का कपड़ा बनवा कर लाया हूं। जिस पर सीएम ने कहा कि यह आपत्तिजनक विषय है।
नगर निगम के मामले पर मुख्यमंत्री ने कहा कि डिपार्टमेंट से फाइल फाइनेंस के पास जाएगी। फिर फाइल मुख्यमंत्री के पास आएगी। हरियाणा सरकार ऑडिट का काम करेगी। अनुदान दिया जाएगा और हम रिव्यू भी करेंगे।
इस दौरान नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा और यूएलबी मंत्री कमल गुप्ता के बीच नोंकझोंक हुई। हुड्डा ने कहा कि सीधा जवाब दो हां या ना। इसके बाद कांग्रेस विधायक शीशपाल कहारवाल ने सवाल किया कि क्षतिग्रस्त मकानों का भी मुआवजा दिया जाए। डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने जवाब दिया कि तथ्यों पर रिपोर्ट दें, हम जांच करवाएंगे।
जींद विधायक कृष्ण लाल मिड्ढा ने जींद में हैफेड राइस मिल लगाने के बारे में सवाल पूछा। इस पर मंत्री डॉ. बनवारी लाल ने जवाब दिया कि जींद में 31 प्राइवेट राइस मिल हैं। विधानसभा में प्रश्न काल खत्म हो गया।