चंडीगढ़ अग्निकांड: सेक्टर 17 की 19 बिल्डिंग खतरनाक
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यूटी प्रशासन ने सेक्टर-17 में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इंफॉरमेशन टेक्नोलॉजी (नाइलिट) की बिल्डिंग (एससीओ 115-116) के आसपास के 19 एससीओ को असुरक्षित घोषित कर दिया है।
इसके अलावा यहां एक सप्ताह के लिए धारा-144 लगा दी है। यूटी के कार्यवाहक उपायुक्त विवेक प्रताप सिंह के अनुसार नाइलिट बिल्डिंग गिरने के बाद इसके आसपास की इमारतें कमजोर हो गई हैं।
सेक्टर-17 पुलिस थाने के प्रभारी की सिफारिश पर प्रशासन ने एससीओ नंबर 4 से 9 और एससीओ नंबर 115 से 127 तक को असुरक्षित घोषित किया है।
गिराई जा सकती हैं ये इमारतें
अब असुरक्षित घोषित किए गए इन इमारतों के 150 मीटर के दायरे में आम आदमी के प्रवेश पर रोक रहेगी। इससे यहां मौजूद कई कार्यालय और दुकानें एक सप्ताह के लिए बंद रहेंगी।
यह आदेश 9 से 15 जून को रात 12 बजे तक प्रभावी होगा। तकनीकी विशेषज्ञों की राय पर प्रशासन आसपास की इमारतों को खाली कराने के बाद इसे खुद भी गिरा सकता है।
इन इमारतों में पंजाब सरकार के कुछ कार्यालय के अलावा बैंक और कुछ निजी कंपनियों के कार्यालय भी है। एक इमारत में सिटको का कार्यालय है। सोमवार को ये सभी कार्यालय बंद रहे।
साथ की इमारत की नींव भी कमजोर
चंडीगढ़ के सेक्टर-17 के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (एनआईईएलआईटी) की इमारत में लगी आग सोमवार शाम तक भी नहीं बुझ पाई।
अब मुश्किल ये है कि यदि यहां से मलबा हटाया गया तो साथ की इमारत भी ढह सकती है। इस भीषण आग ने साथ की इमारत की नींव भी कमजोर कर दी है और इसका सरिया भी पिघलने लगा है।
सोमवार को पूरा दिन मलबा ठंडा करने में ही बीत गया। प्रशासन ने विशेषज्ञों की सलाह के बाद यहां से मलबा न हटाने के आदेश दिए हैं। प्रशासन ने स्ट्रक्चर डिजाइन एक्सपर्ट डॉ.आईसी सयाल को मौके पर बुलाया।