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हरियाणा: बारिश, ओलावृष्टि से खराब फसलों का किसानों को मिलेगा 561 करोड़ मुआवजा
Sat, 05 Feb 2022 01:35 AM IST
भूपेंद्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Sat, 05 Feb 2022 01:35 AM IST
सार
मंडलायुक्तों के रिपोर्ट भेजने के बाद सरकार ने राशि मंजूर की। सीएम मनोहर लाल ने कहा कि किसानों को वितरण शुरू कर दिया गया है। हर परिस्थिति में साथ खड़े हैं।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : iStock
विस्तार
हरियाणा में भारी बारिश, जलभराव, ओलावृष्टि व कीटों के हमले से खराब हुई फसलों के नुकसान का किसानों को 561.11 करोड़ रुपये मुआवजा मिलेगा। सरकार ने राशि स्वीकृत कर किसानों को वितरण शुरू कर दिया है। मंडलायुक्तों के फसल खराबा रिपोर्ट भेजने के बाद राशि मंजूर की गई है। कपास, मूंग, धान, बाजरा व गन्ना को हुए नुकसान के आकलन के लिए सभी मंडलायुक्तों, डीसी को विशेष गिरदावरी के आदेश 2021 में दिए गए थे।
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किसानों को मुआवजा देने के लिए हिसार जिले को 172.32 करोड़ रुपये, भिवानी को 127.02 करोड़ रुपये, फतेहाबाद को 95.29 करोड़ रुपये, सिरसा को 72.86 करोड़ रुपये, चरखी दादरी को 45.24 करोड़ रुपये, झज्जर को 24.51 करोड़ रुपये, सोनीपत को 12.26 करोड़ रुपये, रोहतक को 10.45 करोड़ रुपये, पलवल को 58.28 लाख रुपये, नूंह को 52.05 लाख रुपये, करनाल जिले को 3.78 लाख रुपये और गुरुग्राम को 10 हजार रुपये की राशि मिली है।
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मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि किसान का बेटा होने के नाते वह किसानों का दुख-दर्द समझते हैं। किसानों को आर्थिक दृष्टि से मजबूत बनाने के लिए कई योजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं। 14 फसलों की खरीद एमएसपी पर करने वाला हरियाणा एकमात्र राज्य है। बेमौसम बारिश और अन्य कारणों से कई बार फसल खराब होने से किसानों को नुकसान उठाना पड़ता है।
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किसानों को उचित मुआवजा देने के लिए हाल ही में फसल मुआवजा राशि को 12,000 रुपये प्रति एकड़ से बढ़ाकर 15,000 रुपये किया था। फसल बीमा योजना के अलावा किसानों को जोखिम मुक्त बनाने के लिए भावांतर भरपाई योजना से लेकर मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजनाएं चलाई जा रही हैं। सरकार सदैव किसानों के साथ खड़ी है और आर्थिक तौर पर किसानों को किसी प्रकार की कठिनाई नहीं आने दी जाएगी।