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Haryana: पुरानी पेंशन बहाली व ठेका कर्मियों के हक में राष्ट्रव्यापी आंदोलन, दिल्ली में होगा राष्ट्रीय सम्मेलन
Tue, 29 Nov 2022 10:14 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Tue, 29 Nov 2022 10:14 PM IST
सार
फेडरेशन के प्रधान सुभाष लांबा ने बताया कि सम्मेलन की सफलता के लिए आल इंडिया स्टेट गवर्नमेंट इम्पलाइज फेडरेशन व कन्फेडरेशन ऑफ सेंट्रल गवर्नमेंट एम्पलाइज एंड वर्कर्स के वरिष्ठ पदाधिकारी सभी राज्यों का दौरा कर पदाधिकारियों को सम्मेलन के लिए आमंत्रित कर रहे हैं। केंद्र एवं अधिकतर राज्य सरकारें कर्मचारियों की मांगों की अनदेखी कर नवउदारीकरण की नीतियों को तेजी से लागू कर रही हैं।
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : Amar Ujala Digital
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विस्तार
पुरानी पेंशन बहाली और आउटसोर्स ठेका कर्मियों के नियमितीकरण समेत तमाम मांगों को लेकर केंद्र एवं राज्य सरकार के कर्मचारी राष्ट्रव्यापी आंदोलन शुरू करेंगे। आल इंडिया स्टेट गवर्नमेंट इम्पलाइज फेडरेशन कर्मचारियों को लामबंद करने में जुटी हुई है। आंदोलन की घोषणा के लिए आठ दिसंबर को तालकटोरा स्टेडियम नई दिल्ली में राष्ट्रीय सम्मेलन बुलाया गया है।
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फेडरेशन के प्रधान सुभाष लांबा ने बताया कि सम्मेलन की सफलता के लिए आल इंडिया स्टेट गवर्नमेंट इम्पलाइज फेडरेशन व कन्फेडरेशन ऑफ सेंट्रल गवर्नमेंट एम्पलाइज एंड वर्कर्स के वरिष्ठ पदाधिकारी सभी राज्यों का दौरा कर पदाधिकारियों को सम्मेलन के लिए आमंत्रित कर रहे हैं। केंद्र एवं अधिकतर राज्य सरकारें कर्मचारियों की मांगों की अनदेखी कर नवउदारीकरण की नीतियों को तेजी से लागू कर रही हैं।
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राष्ट्रीय आंदोलन की प्रमुख मांगों में पेंशन फंड रेगुलेटरी डवलमेंट एक्ट (पीएफआरडीए) रद्द कर जनवरी 2004 से सेवा में आए कर्मचारियों को पुरानी पेंशन स्कीम में शामिल करना, ठेका प्रथा समाप्त कर सभी दैनिक वेतनभोगी, आउटसोर्स, अनुबंध व तदर्थ कर्मचारियों का नियमितीकरण, पक्का होने तक समान काम-समान वेतन व सेवा सुरक्षा, केंद्र एवं राज्य सरकारों में खालीपड़े करीब 60 लाख पदों को पक्की भर्ती से भरना, नेशनल मुद्रीकरण पाइपलाइन पर रोक, आठवें वेतन आयोग का गठन, कर्मचारियों एवं पेंशनर्स को 18 महीने के बकाया डीए का भुगतान, एक्सग्रेसिया रोजगार स्कीम में लगाई गई शर्तों को हटाकर मृतक कर्मचारियों के आश्रितों को नौकरी देना शामिल है।
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