Haryana Flood: सिरसा के मीरपुर में टूटा घग्गर नदी का तटबंध, आठ गांवों के करीब पहुंचा बाढ़ का पानी
घग्गर नदी का तटबंध टूटने के कारण स्थिति लगातार खराब हो रही है। इसके चलते अब अधिकारी भी दिनरात गांवों का निरीक्षण कर स्थिति जांच रहे है। ताकि रिहायशी एरिया में पानी न पहुंच सके।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हरियाणा के सिरसा जिले में चार दिन बाद भी घग्गर नदी का पानी बढ़ता जा रहा है। रविवार को गांव मीरपुर में दो जगह घग्गर का तटबंध टूट चुका है। वहीं गांव बुढ़ाभाणा में भी घग्गर नदी के तटबंध पर दरार आ गई। हालांकि किसानों ने समय पर इसे बंद कर दिया लेकिन मीरपुर क्षेत्र में घग्गर नदी के बीच में स्थित फसल अब जलमग्न हो रही है। इससे किसानों को काफी नुकसान हुआ है। वहीं दूसरी तरफ गांव पनिहारी और मुसाहिबवाला में घग्गर के तटबंध टूटने से आठ गांवों के करीब बाढ़ का पानी पहुंच चुका है। इन गांवों से अब लोग सामान निकालकर पलायन को मजबूर है।
अब इन गांवों के खेतों में जलस्तर बढ़कर आठ फुट तक पहुंच गया है। गांव की फीरनी से केवल तीन फुट ही पानी नीचे रह गया है। पानी का स्तर बढ़ने के कारण अब पनिहारी, बुर्जकर्मगढ़, फरवाई खुर्द, फरवाई कलां, नेजाडेला खुर्द और झोपड़ा गांव तक पानी पहुंच चुका है। घग्गर नदी का जलस्तर अब भी 50 हजार क्यूसेक के करीब है। गांव नेजाडेला कलां में भी बीते दिन तटबंध टूट गया था।
अधिकारी रात 12 बजे तक गांवों का करते रहे निरीक्षण
घग्गर नदी का तटबंध टूटने के कारण स्थिति लगातार खराब हो रही है। इसके चलते अब अधिकारी भी दिनरात गांवों का निरीक्षण कर स्थिति जांच रहे है। ताकि रिहायशी एरिया में पानी न पहुंच सके। शनिवार रात साढ़े 12 बजे तक उपायुक्त पार्थ गुप्ता, पुलिस अधीक्षक उदय सिंह मीणा ने पनिहारी, बुर्जकर्मगढ़, बुढाभाणा समेत अन्य गांवों का निरीक्षण किया। वहीं उन्होंने अधिकारियों को बांध मजबूत करने का निर्देश दिया।
ओटू हेड से पानी की निकासी कम
ओटू हेड से पानी की निकासी कम होने के कारण अब स्थिति लगातार खराब हो रही है। यही वजह है कि घग्गर नदी के तटबंध टूट रहे हैं। अधिकारी पहले घग्गर नदी की स्थिति को लेकर बड़े -बड़े दावे कर रहे थे लेकिन अब बांध टूटने के कारण अधिकारियों की भी चिंता बढ़ गई है। गांवों की फीरनियों पर अब किसान मिट्टी के बैग लगाकर गांव में पानी आने से रोक रहे हैं। हालांकि अभी तक जिले के किसी भी गांव में जलभराव की सूचना नहीं है।
नारनौल में झमाझम बारिश
उधर, नारनौल जिले और आसपास के क्षेत्र में सुबह चार बजे से बारिश जारी हैं। बारिश के चलते लोगों को गर्मी और उमस से राहत मिली हैं जबकि मुख्य मार्ग और गलियों में पानी जमा हो गया। शनिवार को भी दिन में कई बार रुक-रुककर बूंदाबांदी हुई थी और शाम को काले बादल छा गए थे लेकिन तेज बारिश नहीं हुई थी। रविवार को जब लोगों की आंख खुली तो बरसात का दौर जारी था। सुबह चार बजे शुरू हुई बरसात समाचार लिखे जाने तक जारी थी। लगातार बारिश के चलते महावीर चौक, सैन चौक, बस स्टैंड, बस स्टैंड के सामने मार्किट, रेस्ट हाउस रोड, रेलवे रोड पर पानी जमा हो गया है।