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कोरोना संकट में ड्यूटी दे रहे शिक्षकों और लैब सहायकों को मानदेय देने से इनकार, आदेश जारी
Sat, 20 Jun 2020 11:30 AM IST
खुशबू गोयल
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Sat, 20 Jun 2020 11:30 AM IST
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सांकेतिक तस्वीर
हरियाणा में कोरोना संकट के दौरान ड्यूटी निभा रहे कंप्यूटर शिक्षकों और लैब सहायकों को जून का मानदेय नहीं मिलेगा। सेकेंडरी शिक्षा निदेशालय ने शुक्रवार को इस संबंध में आदेश जारी किया। 4400 कंप्यूटर शिक्षकों व लैब सहायकों में से अधिकांश कोरोना संकट के दौरान जून में भी सरकार के निर्देशानुसार डयूटी दे रहे हैं।
19 जून को निदेशालय ने यह आदेश जारी किया है कि इन कर्मचारियों को जून का मानदेय नहीं दिया जाएगा। ये कर्मचारी इस महीने की हाजिरी न लगाएं, न ही उनसे किसी प्रकार का काम लें। जबकि, शिक्षक और सहायक स्कूलों, विभिन्न कार्यालयों व बतौर बीएलओ 19 दिन तक ड्यूटी निभा चुके हैं। इनका अनुबंध इसी 30 जून को खत्म होना है।
बीते वर्षों में ग्रीष्मकालीन अवकाश के कारण इन्हें मानदेय नहीं दिया जाता था, लेकिन इस बार कोरोना के कारण गर्मियों की छुट्टियां नहीं हुईं। लैब सहायक संघ के राज्य प्रधान सुरेंद्र प्योंत ने निदेशालय के आदेशों को तुगलकी फरमान बताया है। उन्होंने कहा कि कई लैब सहायक कोरोना योद्धा के तौर पर भी तैनात हैं।
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अगर मानदेय नहीं देना था तो मई के अंतिम सप्ताह में आदेश जारी करते, 19 जून को हाजिरी न लगाने व काम न लेने का पत्र जारी करना अनुचित है।
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19 जून को निदेशालय ने यह आदेश जारी किया है कि इन कर्मचारियों को जून का मानदेय नहीं दिया जाएगा। ये कर्मचारी इस महीने की हाजिरी न लगाएं, न ही उनसे किसी प्रकार का काम लें। जबकि, शिक्षक और सहायक स्कूलों, विभिन्न कार्यालयों व बतौर बीएलओ 19 दिन तक ड्यूटी निभा चुके हैं। इनका अनुबंध इसी 30 जून को खत्म होना है।
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बीते वर्षों में ग्रीष्मकालीन अवकाश के कारण इन्हें मानदेय नहीं दिया जाता था, लेकिन इस बार कोरोना के कारण गर्मियों की छुट्टियां नहीं हुईं। लैब सहायक संघ के राज्य प्रधान सुरेंद्र प्योंत ने निदेशालय के आदेशों को तुगलकी फरमान बताया है। उन्होंने कहा कि कई लैब सहायक कोरोना योद्धा के तौर पर भी तैनात हैं।
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अगर मानदेय नहीं देना था तो मई के अंतिम सप्ताह में आदेश जारी करते, 19 जून को हाजिरी न लगाने व काम न लेने का पत्र जारी करना अनुचित है।