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जुल्फिकार मामले में एक पीड़ित बयान से मुकरा

Sat, 06 Feb 2016 09:00 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Sat, 06 Feb 2016 09:00 PM IST
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zulfikar case, court hearing, chandigarh

एनजीओ ‘थिएटर एज’ के डायरेक्टर जुल्फिकार खान के खिलाफ बच्चों से कुकर्म मामले में शनिवार से ट्रायल शुरू हो गया। पहले दिन शिकायतकर्ता कंवरपाल के बयान दर्ज किए गए। उसने आरोपी के खिलाफ कोर्ट में खुलकर बयान दिए। कंवरपाल के शनिवार को दर्ज कराए गए बयान पांचों केस में माने जाएंगे। वहीं बचाव पक्ष ने एक नाबालिग के बयान करवाए। उसकी गवाही चाइल्ड विटनेस कोर्ट रूम में रिकार्ड की गई। उसे केस में पीड़ित बनाया गया है।

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नाबालिग ने कोर्ट को बताया कि जुल्फिकार ने कभी उससे कुकर्म नहीं किया और न ही उस अश्लील फोटो में वह है, जिसे बतौर सबूत पुलिस ने पेश किया है। साथ ही उसने पुलिस को किसी तरह के कोई बयान दिए जाने से भी इंकार कर दिया। उसने कहा कि वह जुल्फिकार के सेक्टर-25 स्थित आफिस में केवल बच्चों को पढ़ाने जाता था। रात में वहां रुकने के कोर्ट के सवाल पर पहले उसने इससे इंकार कर दिया।
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हालांकि बाद में उसने कबूल किया कि वह रात में भी वहां रुकता था। वहीं नाबालिग को गवाही के बाद कोर्ट ने होस्टाइल घोषित कर दिया। वहीं कंवरपाल के क्रास एग्जामिनेशन के लिए 19 फरवरी की तारीख तय की है। इससे पहले पुलिस ने जुल्फिकार के खिलाफ अप्राकृतिक यौन शोषण, अश्लील कृत्य, धमकाने व पोक्सो एक्ट की धारा 8 व 15 के तहत 5 चालान पेश किए थे। चालान में जुल्फिकार के अश्लील कृत्यों की तस्वीरें बतौर सबूत पेश की गईं हैं।
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बच्चों के कुकर्म मामले में जुल्फिकार की मुश्किल केस के ट्रायल के पहले ही दिन बढ़ गई हैं। शनिवार को सबसे पहले शिकायतकर्ता कंवरपाल की गवाही हुई।

उसने कोर्ट में दिए बयान में कहा कि उसने 1990 से जुल्फिकार के साथ काम करना शुरू किया था। उस वक्त वह उसके साथ प्ले आदि करता था। इसके बाद 1992 में जुल्फिकार ने ‘थियेटर एज’ के नाम से संस्था बनाई।

कंवरपाल के अनुसार 2001 तक उसने संस्था के नाम पर आने वाले पैसे से सेक्टर-25 स्थित मकान और सिटी के आसपास के एरिया में कई चल-अचल संपत्ति खरीदीं। 2013 में उसने जुल्फिकार को एक बच्चे के साथ आपत्तिजनक हालत में देखा। उसने इसका विरोध किया और पुलिस से शिकायत करने की बात कही तो जुल्फिकार ने उसे धमकाकर शांत करवाते हुए कहा कि वह उसका कुछ नहीं बिगाड़ सकता, क्योंकि उसके पास उसके खिलाफ कोई सबूत नहीं है। इसके बाद कंवरपाल एक सप्ताह तक उसके आफिस नहीं गया।

बाद में कंवरपाल को पता चला कि जुल्फिकार और भी कई बच्चों के साथ गलत काम करता है। इस पर उसने उसके साथ काम करना छोड़ दिया।

कंवरपाल ने बयान में कहा कि 2015 में एक बच्चे ने उसे जुल्फिकार की कुछ अश्लील फोटो दिखाई, जिसमें वह बच्चों के साथ गलत काम करता हुआ दिख रहा था। इस पर उसने फोटो हासिल की और फिर पुलिस को शिकायत दी।

यह है मामला
पिछले साल जुलाई में चाइल्ड राइट कमीशन की शिकायत पर सेक्टर-11 थाना पुलिस ने जुल्फिकार खान को गिरफ्तार किया था। मामले का खुलासा उस समय हुआ, जब पीड़ित बच्चों के परिजनों ने हेल्पलाइन पर शिकायत दी। इसके बाद चाइल्ड राइट कमीशन के पास और भी बच्चों की शिकायतें आईं।


कमीशन में थियेटर एज ग्रुप के कुछ बच्चों ने उनसे वर्ष 2002 से यौन शोषण करने की बात कही। शिकायत के अनुसार जुल्फिकार उनसे कई वर्षों से कुकर्म कर रहा था और उस वक्त वह नाबालिग भी थे।

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