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Zirakpur Encounter: गैंगस्टरों का गढ़ बन रहा जीरकपुर, वारदात के बाद यहां से भागना और छिपना आसान

Mon, 18 Jul 2022 07:10 AM IST
ajay kumar संवाद न्यूज एजेंसी, मोहाली/जीरकपुर (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, मोहाली/जीरकपुर (पंजाब) Published by: ajay kumar Updated Mon, 18 Jul 2022 07:10 AM IST
सार

दिसंबर 2018 में पीरमुछल्ला की त्रिशला प्लस सिटी सोसायटी के सामने तीन मंजिला फ्लैट में कुख्यात गैंगस्टर अंकित भादू अपने साथियों के साथ यहां रहता था। सूचना मिलने के बाद एंटी गैंगस्टर विभाग के अधिकारियों ने गैंगस्टर अंकित भादू को घेरकर मुठभेड़ में मार गिराया था।

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Zirakpur Encounter: Zirakpur becoming a stronghold of gangsters
मुठभेड़ स्थल पर मौजूद पुलिस। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

मोहाली का जीरकपुर गैंगस्टरों के लिए सबसे पसंदीदा जगह बन गया है। इसके पीछे की वजह है जीरकपुर शहर को दूसरे राज्यों से जोड़ती सीमाएं। आलम यह है कि आपराधिक गतिविधियों से जुड़े लोग अक्सर वारदात को अंजाम देने के बाद यहां घर किराए पर लेकर आराम से रहते हैं। इसके साथ ही जब कभी किसी वारदात को अंजाम देने जाना होता है तो यहां से दूसरे राज्य जाना भी आसान है।

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जानकारी के मुताबिक, जीरकपुर शहर की आबादी चार लाख से अधिक है और शहर का एक हिस्सा मोहाली, दूसरा हिस्सा चंडीगढ़ और तीसरा हिस्सा पंचकूला की सीमाओं से लगा हुआ है। खास बात यह है कि सबसे ज्यादा आबादी पंचकूला सीमाओं से लगने वाले क्षेत्र बलटाना, पीरमुछल्ला और ढकोली में रहती है। जबकि इन क्षेत्रों में रहने वाले लोगों का ज्यादातर संपर्क भी पंचकूला के सेक्टर-19, 21/22 व 20 से रहता है। 
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घनी आबादी वाले जीरकपुर शहर में हजारों की संख्या में फ्लैट बने हुए हैं, जिनमें रहने वालों से ज्यादा फ्लैट खाली पड़े हैं। दूसरी ओर, गैंगस्टर अक्सर ऐसे फ्लैटों को लेते हैं, जो पंचकूला की सीमाओं से लगते क्षेत्र पीरमुछल्ला में पड़ते हैं।

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फ्लैटों में रहती है अधिकतर आबादी
जीरकपुर में ज्यादातर आबादी फ्लैटों में रहती है और फ्लैटों में रहने वाले लोगों का संपर्क एक दूसरे के साथ कम होता है। मल्टीनेशनल कंपनियों में काम करने वाले लोग देर रात ऑफिसों से घर आते हैं और अपने घरों के अलावा दूसरे घरों में कौन रहता है, इसका किसी को पता नहीं होता। दूसरी ओर, आपराधिक गतिविधियों से जुड़े लोग ऐसी जगहों पर अपना ठिकाना बनाते हैं, ताकि पुलिस इनके पास पहुंच न सकें। 

सोसायटियों में वेरिफिकेशन बढ़ाई तो होटल को बनाया ठिकाना
29 मई को पंजाब सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद सूबे के अंदर पुलिस द्वारा सर्च अभियान चलाया जा रहा है। जिला मोहाली के अंदर बीते एक से डेढ़ महीने के दौरान पुलिस अधिकारियों की अलग-अलग टीमों ने सर्च अभियान चलाकर सात हजार से अधिक लोगों के घरों की चेकिंग की। जबकि इन घरों की चेकिंग में सैकड़ों की संख्या में संदिग्ध लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई और इनके जरिए मिलने वाली जानकारियों से कई अपराधियों को पुलिस ने पकड़कर हवालात में किया। दूसरी ओर, पुलिस द्वारा सोसायटियों में चलाए जाने वाले सर्च अभियानों को देखकर अब गैंगस्टरों ने अपने ठिकानों को बदलकर होटलों में शिफ्ट कर लिया है। जबकि सर्च अभियान के दौरान पुलिस केवल सोसायटियों में ही कार्रवाई करके चली जाती है और जिले में हजारों की संख्या में अवैध होटल चल रहे हैं।

पीरमुछल्ला में अंकित भादू का हुआ था एनकाउंटर 
दिसंबर 2018 में पीरमुछल्ला की त्रिशला प्लस सिटी सोसायटी के सामने तीन मंजिला फ्लैट में कुख्यात गैंगस्टर अंकित भादू अपने साथियों के साथ यहां रहता था। जिसकी सूचना मिलने के बाद एंटी गैंगस्टर विभाग के अधिकारियों ने गैंगस्टर अंकित भादू की घेराबंदी करके मार गिराया था। हालांकि गैंगस्टर अंकित भादू के बाकी साथियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया, जो अभी जेल में है। पीरमुछल्ला के अलावा वीआईपी रोड की पेंटा होम्स में गैंगस्टरों को पुलिस पकड़ चुकी है।

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