{"_id":"003fd0781e99571cf5931d5eaff87192","slug":"robbers-in-mohali","type":"story","status":"publish","title_hn":"चोरों ने मचाया आतंक, 5 गाड़ियों के शीशे तोड़े","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
चोरों ने मचाया आतंक, 5 गाड़ियों के शीशे तोड़े
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली
Updated Sat, 08 Mar 2014 11:50 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फेज-छह स्थित सरकारी अस्पताल में इमरजेंसी के बाहर पार्किंग में वीरवार रात चोरों ने जमकर आंतक मचाया। चोरों ने पांच गाड़ियों के शीशे तोड़ दिए।
साथ ही स्टीरियों समेत कीमती सामान चोरी करके ले गए। यह गाड़ियां अस्पताल की नर्स, पुलिस वाले व अस्पताल में भरती मरीजों के साथ आए लोगों की है। जानकारी के मुताबिक, घटना देर रात की है।
उस समय अस्पताल के बाहर कोई भी नहीं था। इसी चीज का फायदा चोरों ने उठाया। चोरों ने सारी गाड़ियों के शीशे तोड़े। गाड़ियों से स्टीरियों से लेकर अन्य सामान ले गए। दो लोगों ने पुलिस को शिकायत दर्ज करवाई है।
चौकी इंचार्ज अवतार सिंह ने बताया एक कार मनप्रीत कौर नाम की नर्स थी। जिसकी अस्पताल में नाइट ड्यूटी थी। जबकि एक ऑटो होमगार्ड गुरमेल सिंह का था। जिसकी चोरी स्टेपनी उड़ाकर ले गए। वहीं, एक गाड़ी सोहनलाल की है।
विज्ञापन
वह पंजाब सचिवालय में ड्राइवर है। जबकि दो गाड़ियां मरीजों के साथ आए लोगों की थी। वहीं, वहां पर धरने पर चल रही आशा वर्कर ने कहा कि उन्होंने रात को शीशे टूटने की आवाज सुनी थी।
विज्ञापन
साथ ही स्टीरियों समेत कीमती सामान चोरी करके ले गए। यह गाड़ियां अस्पताल की नर्स, पुलिस वाले व अस्पताल में भरती मरीजों के साथ आए लोगों की है। जानकारी के मुताबिक, घटना देर रात की है।
उस समय अस्पताल के बाहर कोई भी नहीं था। इसी चीज का फायदा चोरों ने उठाया। चोरों ने सारी गाड़ियों के शीशे तोड़े। गाड़ियों से स्टीरियों से लेकर अन्य सामान ले गए। दो लोगों ने पुलिस को शिकायत दर्ज करवाई है।
विज्ञापन
चौकी इंचार्ज अवतार सिंह ने बताया एक कार मनप्रीत कौर नाम की नर्स थी। जिसकी अस्पताल में नाइट ड्यूटी थी। जबकि एक ऑटो होमगार्ड गुरमेल सिंह का था। जिसकी चोरी स्टेपनी उड़ाकर ले गए। वहीं, एक गाड़ी सोहनलाल की है।
विज्ञापन
वह पंजाब सचिवालय में ड्राइवर है। जबकि दो गाड़ियां मरीजों के साथ आए लोगों की थी। वहीं, वहां पर धरने पर चल रही आशा वर्कर ने कहा कि उन्होंने रात को शीशे टूटने की आवाज सुनी थी।