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रोपड़ में आग, गुरु ग्रंथ साहिब के 4 बीड़ जलकर राख

Thu, 05 May 2016 04:25 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़।
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़। Updated Thu, 05 May 2016 04:25 PM IST
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बीड़ की राख को गोइंदवाल साहिब लेकर आ गए - फोटो : amarujala
रोपड़ जिले के गांव मगरोड़ के गुरुद्वारा साहिब में बुधवार देर रात श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के चार स्वरूप अग्निभेंट हो गए। घटना का कारण गुरुद्वारा साहिब के पंखे में से हुआ शार्ट सर्किट बताया जा रहा है। गुरुद्वारा साहिब की चौकीदारी करने वाला व्यक्ति बीमार होने के कारण छुट्टी पर था। इस कारण घटना की जानकारी गांव वासियों को सुबह मिली। गांव वासी महिंदर सिंह ने बताया कि वीरवार सुबह तीन बजे जब वह गुरुद्वारा साहिब में पाठ करने गया तो गुरुद्वारा साहिब के अंदर से धुआं निकल रहा था।
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यहां पर श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के पावन स्वरूप रखे हुए थे वहां आग सुलग रही थी। उन्होंने बताया कि इसके बाद उन्होंने शोर मचाया ओर गांव वासियों को इकट्ठा किया। ग्रामीणों ने घटना की जानकारी गुरुद्वारा श्री भट्ठा साहिब के मैनेजर जसबीर सिंह घुंगराणी सिखां को दी। मैनेजर ने इस घटना की जानकारी तख्त श्री केसगढ़ साहिब के जत्थेदार ज्ञानी मल्ल सिंह को दी। इसके बाद जत्थेदार मल्ल सिंह, एसजीपीसी मेंबर अजमेर सिंह खेड़ा, मैनेजर जसबीर सिंह व एसजीपीसी के अन्य मुलाजिम गांव मगरोड़ गुरुद्वारा साहिब में पहुंच गए।
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जत्थेदार ज्ञानी मल्ल सिंह ने घटना वाले स्थान का दौरा किया और घटना के तथ्यों की जांच की। जत्थेदार मल्ल सिंह ने बताया कि घटना के पश्चाताप के लिए 10 मई को गुरुद्वारा साहिब मगरोड़ में श्री अखंड पाठ साहिब शुरू करवाए जाएंगे। 12 मई को भोग डाले जाएंगे। जत्थेदार ज्ञानी मल्ल सिंह ने अग्निभेंट हुए चार गुरु ग्रंथ साहिब जी के स्वरूपों को अंतिम रस्मों के लिए गोइंदवाल साहिब भिजवाया।
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प्रबंधन न होने पर होगी सख्ती तख्त श्री केसगढ़ साहिब के जत्थेदार ज्ञानी मल्ल सिंह ने कहा कि यदि ऐसी घटनाएं होती रहीं तो गुरुद्वारा साहिब की प्रबंधक कमेटियों, प्रबंधकों या ग्रंथी सिंहों को दोषी ठहराने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं को भविष्य में रोकने के लिए पुख्ता प्रबंध न किए गए तो प्रबंधकों व गुरुद्वारा कमेटियों पर आने वाले दिनों में सख्ती बरती जाएगी।
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