नकली दूध और घी बनाकर बेचते थे, पुलिस ने रेड मार दबोचा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पुलिस व सेहत विभाग की टीम छापामारी कर बुढलाडा की हरीगढ़ बस्ती में नकली दूध और घी तैयार करने वाली एक फैक्ट्री पकड़ी है। इस दौरान भारी मात्रा में नकली दूध और घी तैयार करने वाले पदार्थ, मशीन और अन्य सामान बरामद किया गया।
गौर हो कि करीब एक साल पूर्व सेहत विभाग की संसदीय सचिव डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने शिकायत मिलने पर बुढलाडा में ही इसी फैक्ट्री के मालिक के भाई से नकली दूध की फैक्ट्री पकड़ी थी, जिसका अदालत में अभी भी केस चल रहा है।
शहरी पुलिस को बुढलाडा की हरीगढ़ बस्ती में नकली दूध और घी तैयार करन का पता चला था। थाना बुढलाडा शहरी प्रमुख सरबजीत सिंह चीमा, सहायक थानेदार यादविन्दर सिंह, कौर सिंह, जिला सेहत अफसर डॉ. मोहन सिंह, फूड सेफ्टी अफसर चरनजीत सिंह की टीम ने हरीगढ़ बस्ती में नरेश कुमार नीटा पुत्र हरबंस लाल के घर छापामारी कर वहां से नकली दूध और घी तैयार करने वाली फैक्ट्री पकड़ी।
मौके पर 4 टीन रिफायंड, 6 किलो सूखा दूध, 35 किलो ग्लूकोज, बर्तन, मिलावटी सामान, मोटर बरामद हुए। जिला सेहत अफसर डॉ. मोहन सिंह ने बताया कि नरेश अपने रिश्तेदारों के साथ मिलकर लंबे समय से नकली दूध और घी बेचने का कारोबार कर रहा था। पुलिस ने नरेश के खिलाफ मामला दर्ज कर सारा सामान अपने कब्जा में ले लिया है।
लेकिन नरेश कुमार फरार हो गया। जिला सेहत अफसर डॉ. मोहन सिंह ने कहा सभी सामान के सैंपल ले लिए हैं, रिपोर्ट आने के बाद अगली कार्रवाई की जाएगी।
सॉस फैक्टरी से लिए सैंपल फेल, नष्ट किया सामान
उध्ार पटियाला में सेहत विभाग की टीम ने मथुरा कालोनी स्थित एक सॉस की फैक्टरी से लिए गए सैंपल फेल होने पर मंगलवार को फैक्टरी में मौजूद खाद्य सामग्री नष्ट कर दी।
सिविल सर्जन डॉ. राजीव भल्ला ने बताया कि जिला सेहत अधिकारी कम डेजीगटेनेटेड अफसर (फूड सेफ्टी) डा. राजपाल की ओर से बनाई गई टीम ने करीब तीन माह पहले एक गुप्त सूचना के आधार पर मथुरा कालोनी के एक घर में चलाई जा रही अव्वल फूड प्रोडक्ट ब्रांड नाम की एक सॉस फैक्टरी पर छापामारी की थी।
सूचना थी कि इस फैक्टरी में मिलावटी शरबत, चटनी, जलजीरा आदि बनाया जा रहा है। टीम ने रेड के दौरान फैक्टरी से सैंपल भरकर चंडीगढ़ लैब जांच के लिए भेजे थे। सैंपलों की रिपोर्ट आने तक सारे सामान को विभाग ने सील कर दिया था।
इन सभी सैंपलों की रिपोर्ट फेल रही है। इसपर कार्रवाई करते हुए एडीसी पटियाला ने संबंधित फर्म मालिक पर डेढ़ लाख का जुर्माना लगाया है। साथ ही सेहत विभाग को सील किया गया सामान नष्ट करने के आदेश दिए गए थे।
मंगलवार को सेहत विभाग की टीम ने शाही गुलाब की 140 बोतलें, जलजीरे की पांच बोतलें, वेजिटेबल चटनी की 300 बोतलें, सोया चटनी की पांच बोतलें, हरी मिर्च चटनी की 204 बोतलें, लाल मिर्च चटनी की 140 बोतलें नष्ट कीं।