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चंडीगढ़: सुसाइड नोट छोड़कर सिपाही चार दिन से लापता, चिंता में डूबा परिवार, पत्नी ने पुलिस को दी शिकायत
Sat, 03 Jul 2021 02:45 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Sat, 03 Jul 2021 02:45 AM IST
सार
नोट में लापता कांस्टेबल ने लिखा कि वह कर्ज से परेशान होकर यह कदम उठा रहा है। परिवार की इसमें कोई गलती नहीं है। उसने नोट में पैसे लेने के बाद चेक बाउंस का केस करने वालों को अपनी मौत का जिम्मेदार बताया। अब पुलिस पूरे मामले की जांच में गहनता से जुट गई है।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
विस्तार
चंडीगढ़ पुलिस के पीसीआर विंग में तैनात एक 52 वर्षीय कांस्टेबल सुसाइड नोट लिखकर चार दिन से लापता है। सेक्टर 26 पुलिस लाइन स्थित पीसीआर दफ्तर में उसके हाथ का लिखा नोट मिला है। नोट में सिपाही ने कर्ज से परेशान होकर आत्महत्या करने की बात लिखी है। ऐसे में अब परिवार चिंता में डूबा है।
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सिपाही की पत्नी ने बताया कि 29 जून की सुबह करीब साढ़े 10 बजे उसके पति घर से पंचकूला गए थे। उसके बाद से लौटे ही नहीं। गुरुवार को उन्हें फोन आया कि पीसीआर दफ्तर में उनके हाथ का लिखा नोट मिला है। इस दौरान उनका एक दो बार फोन भी आया, लेकिन वह कुछ बोलने को तैयार नहीं हैं। उनकी आखिरी बार बेटी से बात हुई। बाद में फोन बंद हो गया। वहीं, पुलिस का कहना है कि सिपाही पहले भी ऐसी हरकतें करता रहा है। जांच जारी है।
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क्या लिखा है सिपाही ने
यह सुसाइड नोट अपने पूरे होश हवास में लिख रहा हूं। मैं कर्ज से परेशान होकर यह कदम उठा रहा हूं। पिछले छह साल से परेशान हूं और घरवाले भी। मेरे परिवार की इसमें कोई गलती नहीं है। मैंने अपना सब कुछ बेचकर इन सभी के पैसे लौटा दिए हैं। लेकिन कुछ आदमियों ने मेरे चेक नहीं लौटाए और मुझे ब्लैकमेल कर रहे हैं।
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मैंने ईमानदारी से अपना घर जमीन, गहने, गाड़ी, सब बेचकर पैसे दिए हैं। मेरे बच्चों के सिर पर छत भी नहीं है। मेरी मौत के जिम्मेदार ये लोग हैं, जो पैसा लेकर मेरे खिलाफ चेक बाउंस का केस कर रहे हैं। परिवार से माफी चाहता हूं। मेरे जाने के बाद मेरे पोते को दस लाख रुपये उसकी शिक्षा के लिए देना।