पेट्रोल पंप मालिक से 9 लाख की लूट, 6 अहम बातें
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बैंक में कैश जमा कराने आए पेट्रोल पंप मालिक को गोली मारकर 9 लाख 80 हजार रुपये लूट लिए गए। यह वारदात पंचकूला के सेक्टर-8 मार्किट की पार्किंग में सोमवार को सुबह करीब दस बजे हुई। लुटेरों की संख्या चार थी। वे एक सफेद स्विफ्ट कार में सवार थे। घायल पेट्रोल पंप मालिक 64 वर्षीय राजकुमार गुप्ता को सेक्टर-6 के जनरल अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
वारदात के बाद पंचकूला पुलिस के अलावा चंडीगढ़ पुलिस और फॉरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची। सेक्टर-20 स्थित नटराज फिलिंग स्टेशन के मालिक राजकुमार गुप्ता सुबह करीब 10 बजे सेक्टर-17 स्थित अपने निवास से सेक्टर आठ स्थित एसबीआई में कैश जमा कराने पहुंचे।
पार्किंग में कार खड़ी कर जैसे ही उन्होंने कैश से भरा बैग निकाला दो युवक उनके सामने खड़े हो गए और बैग सौंपने को कहा। मना करने पर छीनने की कौशिश की। गुप्ता ने विरोध किया तो एक युवक ने 3 गोलियां चला दीं।
इनमें से एक गुप्ता के हाथ पर लगी। इसके बाद वे बैग छीन कर पहले से ही वहां स्टार्ट खड़ी एक अन्य स्विफ्ट कार में बैठ कर फरार हो गए। इस कार में दो और युवक बैठे हुए थे।
सीसीटीवी में कैद न हो सकी वारदात
गोली लगने के बाद गुप्ता के हाथ से काफी देर तक खून निकलता रहा। उन्हें जख्मी हालत में अस्पताल पहुंचाया गया। घटनास्थल से पुलिस को गोलियों के तीन खोल भी मिले हैं।
सेक्टर आठ की इस मार्केट में चार बैंकों की शाखाएं और कई एटीएम भी हैं। इसके बावजूद किसी भी शाखा के सीसीटीवी कैमरे में यह वारदात कैद नहीं हो सकी। सोमवार होने से मार्केट की अधिकतर दुकानें बंद थी।
पंप मालिक के पास था दो दिन का कैश
एसबीआई कर्मियों ने बताया कि अक्सर राजकुमार गुप्ता बैंक में रुपये जमा कराने आते थे। जख्मी गुप्ता के अनुसार रविवार को बैंक की छुट्टी की वजह से सोमवार को वह दो दिन का कैश जमा कराने आते हैं। आज भी ऐसा ही था।
वारदात से पहले की थी रेकी
पुलिस के मुताबिक, वारदात को अंजाम देने से पहले आरोपियों ने रेकी की होगी। पुलिस जांच कर रही है कि पेट्रोल पंप पर तैनात कर्मी की गुप्ता से कभी बहस तो नहीं हुई या हाल ही किसी कर्मी ने नौकरी तो नहीं छोड़ी।
सब तमाशा देखते रहे
लुटेरों और बुजुर्ग में दो-तीन मिनट तक खींचतान चलती रही, लेकिन मौके पर मौजूद लोगों में से कोई बचाव के लिए आगे नहीं आया। पंप मालिक की बेटी मल्लिका ने कहा कि पार्किंग की एग्जिट पर कोई कार खड़ी होती या किसी ने उन्हें रोकने की कोशिश की होती तो वारदात नहीं होती। लोग तमाशबीन बने रहे, किसी ने बुजुर्ग को बचाने की कोशिश नहीं की। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, गोलियां चलने के कारण कोई आरोपियों के नजदीक नहीं गया।
कार की चपेट में आने से बची महिला
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि वारदात को अंजाम देने के बाद कार में आरोपी सेक्टर-8/17 की डिवाइडिंग रोड की तरफ फरार हो गए। कार की रफ्तार इतनी ज्यादा थी कि एक महिला भी इसकी चपेट में आने से बाल-बाल बच गई। आरोपियों के जीरकपुर की तरफ जाने की आशंका भी जताई जा रही है।
पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। अभी तक आरोपियों का सुराग नहीं मिला है। छानबीन जारी है।
-प्रमोद कुमार, एसीपी क्राइम